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Mandi News: नेरचौक नहीं जा रहीं वोल्वो बसें, डडौर और नागचला चौक में उतारे जा रहे यात्री
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वोल्वो बस फा ईल फोटो
नेरचौक (मंडी)। हिमाचल पथ परिवहन निगम और निजी वोल्वो बसों काे नेरचौक बाजार से न गुजारते हुए फोरलेन से ही रवाना होने पर बल्ह घाटी सहित ऊपरी रिवालसर और सरकाघाट क्षेत्रों के लोगों में भारी रोष है। रोजाना 100 से अधिक वोल्वों बसें दिल्ली से मनाली की तरफ या अन्य स्थानों के लिए आती-जाती हैं। इन बसों से नेरचौक के बजाय डडौर और नागचला चौक में ही यात्री उतारे जा रहे हैं।एजूकेशन, मेडिकल और ऑटोमोबाइल हब में तब्दील हुई बल्ह घाटी के मुख्य बाजार नेरचौक में रोजाना हजारों लोगों का आवागमन रहता है, लेकिन वोल्वो बसों के चालक-परिचालक बसों को नेरचौक बाजार के बजाय फोरलेन से ही दौड़ा रहे हैं। रात के समय सवारियों को डडौर चौक और नागचला चौक पर उतार दिया जा रहा है। रात को वहां न तो कोई टैक्सी मिलती है और न ही यातायात की अन्य तरह की सुविधा रहती है। ऐसे में लोगों को मीलों पैदल चल कर नेरचौक बाजार पहुंचना पड़ रहा है।
इंजीनियर साहिल ठाकुर ने बताया कि उनका अक्सर चंडीगढ़ और दिल्ली आवागमन रहता है। दो दिन पूर्व उन्होंने रात के समय दिल्ली से नेरचौक के लिए वाल्वो बस में नेरचौक तक टिकट बुक करवाई थी, लेकिन आधी रात चालक परिचलाक ने बस को नेरचौक न ले जाते हुए उन्हें नागचला से पीछे ही उतार दिया। अंधेरे में करीब एक घंटा इंतजार करने के बाद भी जब यातायात की सुविधा नहीं मिली तो उन्हें पैदल ही नेरचौक पहुंचना पड़ा। वहीं, भोपाल पढ़ रही शिवांशी ठाकुर ने बताया कि वह जब भी घर आती है तो वोल्वो बस वाले उसे नेरचौक बाजार न छोड़ फोरलेन पर ही उतार देते हैं। इससे उन्हें हर बार भारी परेशानी झेलनी पड़ती है। फोरलेन बनने से पहले सब ठीक था, लेकिन निर्माण कार्य पूरा होने के बाद से वोल्वो बसों वाले सवारियों के साथ मनमानी करने लगे हैं।
स्थानीय निवासी मनोज, राकेश, जसविंद्रपाल, लाल सिंह, योगराज, कृष्ण, राकेश, गंगाराम आदि का कहना है कि नेरचौक बाजार में वोल्वो बसों को ले जाने में कोई दिक्कत नहीं है। यह मुख्य कस्बा है और यहां से हजारों लोगों का आना जाना है। ऐसे में परिवहन निगम इस तरफ ध्यान दे।
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इस संबंध में हिमाचल पथ परिवहन निगम कुल्लू के क्षेत्रीय प्रबंधक केडी नारंग ने बताया कि अधिकांश वोल्वो बसें जाम में फंसी रहती है। इसीलिए यह निर्णय लिया है कि जहां-जहां फोरलेन हैं, सवारियों को वहीं उतारा जाएगा। वोल्वो बसें जाम न फंसें इसके चलते उन्हें बाजारों में नहीं ले जाया जाता। जहां-जहां फोरलेन बने हैं, वहां के परिवहन निगम डिपो की ओर से यह फैसला लिया है।
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इंजीनियर साहिल ठाकुर ने बताया कि उनका अक्सर चंडीगढ़ और दिल्ली आवागमन रहता है। दो दिन पूर्व उन्होंने रात के समय दिल्ली से नेरचौक के लिए वाल्वो बस में नेरचौक तक टिकट बुक करवाई थी, लेकिन आधी रात चालक परिचलाक ने बस को नेरचौक न ले जाते हुए उन्हें नागचला से पीछे ही उतार दिया। अंधेरे में करीब एक घंटा इंतजार करने के बाद भी जब यातायात की सुविधा नहीं मिली तो उन्हें पैदल ही नेरचौक पहुंचना पड़ा। वहीं, भोपाल पढ़ रही शिवांशी ठाकुर ने बताया कि वह जब भी घर आती है तो वोल्वो बस वाले उसे नेरचौक बाजार न छोड़ फोरलेन पर ही उतार देते हैं। इससे उन्हें हर बार भारी परेशानी झेलनी पड़ती है। फोरलेन बनने से पहले सब ठीक था, लेकिन निर्माण कार्य पूरा होने के बाद से वोल्वो बसों वाले सवारियों के साथ मनमानी करने लगे हैं।
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स्थानीय निवासी मनोज, राकेश, जसविंद्रपाल, लाल सिंह, योगराज, कृष्ण, राकेश, गंगाराम आदि का कहना है कि नेरचौक बाजार में वोल्वो बसों को ले जाने में कोई दिक्कत नहीं है। यह मुख्य कस्बा है और यहां से हजारों लोगों का आना जाना है। ऐसे में परिवहन निगम इस तरफ ध्यान दे।
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इस संबंध में हिमाचल पथ परिवहन निगम कुल्लू के क्षेत्रीय प्रबंधक केडी नारंग ने बताया कि अधिकांश वोल्वो बसें जाम में फंसी रहती है। इसीलिए यह निर्णय लिया है कि जहां-जहां फोरलेन हैं, सवारियों को वहीं उतारा जाएगा। वोल्वो बसें जाम न फंसें इसके चलते उन्हें बाजारों में नहीं ले जाया जाता। जहां-जहां फोरलेन बने हैं, वहां के परिवहन निगम डिपो की ओर से यह फैसला लिया है।

वोल्वो बस फा ईल फोटो