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Mandi News: बैसाखी पर रिवालसर झील में लगाई आस्था की डुबकी
Sun, 14 Apr 2024 12:27 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, मंडी
संवाद न्यूज एजेंसी, मंडी
Updated Sun, 14 Apr 2024 12:27 AM IST
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रिवालसर की पवित्र झील में बैसाखी पर्व के पावन अवसर पर आस्था की डुबकी लगाते श्रद्धालु संवाद
रिवालसर (मेला)। बैसाखी पर्व के अवसर पर सैकड़ों श्रद्धालुओं ने रिवालसर की पवित्र झील में आस्था की डुबकी लगाई। झील में स्नान को लेकर प्रातः काल से ही झील परिसर में दूर-दूर से आए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी और बड़े श्रद्धाभाव के साथ स्नान किया। तत्पश्चात यहां के प्राचीन शिव मंदिर, राधा कृष्ण और बाबा धजाधारी मंदिर और झील किनारे बने पवित्र घाट पर पूजा-अर्चना कर शीश नवाया।
हिंदू श्रद्धालुओं की मानें तो बैसाखी पर्व पर रिवालसर पवित्र झील में स्नान करने का महत्व हरिद्वार स्थित हर की पौड़ी गंगा नदी में किए गए शाही स्नान के बराबर माना गया है। वहीं, दिनभर ऐतिहासिक गुरुद्वारा साहिब में सिख श्रद्धालुओं के आने-जाने का तांता लगा रहा। मेले के दौरान बाबा धजाधारी मंदिर परिसर तथा गुरुद्वारा साहिब में श्रद्धालुओं के लिए लंगर व्यवस्था का विशेष प्रबंध किया गया है।
उधर, मेले के दूसरे दिन मेला ग्राउंड में लोगों की काफी भीड़ उमड़ी। मेले के दौरान दिनभर सांस्कृतिक कार्यक्रमों का दौर चलता रहा। इस बार मेले में तीन सांस्कृतिक संध्याओं का आयोजन किया गया है। इसमें प्रदेश के नामी कलाकार दर्शकों में अपनी प्रतिभा दिखाएंगे। मेले के अंतिम दिन 16 अप्रैल को विशाल दंगल का आयोजन होगा।
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हिंदू श्रद्धालुओं की मानें तो बैसाखी पर्व पर रिवालसर पवित्र झील में स्नान करने का महत्व हरिद्वार स्थित हर की पौड़ी गंगा नदी में किए गए शाही स्नान के बराबर माना गया है। वहीं, दिनभर ऐतिहासिक गुरुद्वारा साहिब में सिख श्रद्धालुओं के आने-जाने का तांता लगा रहा। मेले के दौरान बाबा धजाधारी मंदिर परिसर तथा गुरुद्वारा साहिब में श्रद्धालुओं के लिए लंगर व्यवस्था का विशेष प्रबंध किया गया है।
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उधर, मेले के दूसरे दिन मेला ग्राउंड में लोगों की काफी भीड़ उमड़ी। मेले के दौरान दिनभर सांस्कृतिक कार्यक्रमों का दौर चलता रहा। इस बार मेले में तीन सांस्कृतिक संध्याओं का आयोजन किया गया है। इसमें प्रदेश के नामी कलाकार दर्शकों में अपनी प्रतिभा दिखाएंगे। मेले के अंतिम दिन 16 अप्रैल को विशाल दंगल का आयोजन होगा।
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