फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Mandi News ›   cheap flour stoped, people in trouble

अब जिले की आधी से ज्यादा आबादी को खरीदना होगा महंगा आटा

Thu, 08 Dec 2016 06:40 PM IST
मंडी
मंडी Updated Thu, 08 Dec 2016 06:40 PM IST
विज्ञापन
cheap flour stoped, people in trouble
flour - फोटो : FILE PHOTO

मंडी। सरकार के पहली जनवरी से एपीएल परिवारों को सस्ता आटा न देने के फैसले से मंडी जिला के 182376 परिवारों के लगभग 681288 सदस्य प्रभावित होंगे। नए साल से उपरोक्त परिवारों को बाजार से महंगे दामों पर आटा खरीदना होगा। केंद्र सरकार की ओर से गेहूं की आपूर्ति बंद होने के कारण प्रदेश सरकार ने एपीएल परिवारों को सस्ता आटा मुहैया करवाने से हाथ पीछे कर लिए हैं।

विज्ञापन


अभी तक केंद्र सरकार प्रदेश को गेहूं देता था और प्रदेश सरकार गेहूं का आटा तैयार कर डिपुओं के माध्यम से एपीएल परिवारों को मात्र साढ़े आठ रुपये किलो देता था। मंडी जिला में 182376 परिवारों को प्रति परिवार 13 किलो सस्ता आटा दिया जाता है। लेकिन, अब प्रदेश सरकार ने सस्ता आटा न देने की घोषणा की है। जिससे जिला की आधी से ज्यादा आबादी को परिवार का संचालन करने के लिए महंगे दामों पर दुकानों से आटा खरीदना पड़ेगा। हालांकि अब प्रदेश सरकार आटे के जगह चावल देने की योजना बना रही है।
विज्ञापन

कोट्स
जिला के पंडोह क्षेत्र की गृहिणी दयावंती देवी ने कहा कि आटा न देने के फैसले से रसोई के बजट में वृद्धि होगी। प्रदेश सरकार को इस फैसले को लागू करने से पहले कुछ और व्यवस्था करनी चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन

कोट्स
तुंगल क्षेत्र की शकुंतला देवी ने कहा कि आटे के स्थान पर चावल की बजाए प्रदेश सरकार को गेहूं देना चाहिए। जिससे लोगों को कुछ राहत होगी।
कोट्स
डैहर की रीता देवी ने कहा कि अब उन्हें महंगे दाम पर आटा खरीदना पड़ेगा। प्रदेश सरकार चावल देने की बात कर रही है। लेकिन फिर भी उन्हें आटा दुकान से खरीदना पड़ेगा क्योंकि उनके घर में दो समय के भोजन में चावल कम बनने हैं।


कोट्स
मंडी शहर की सुनीता कश्यप ने कहा कि एपीएल परिवारों को आटा न देने के फैसला बिल्कुल सही नहीं है। सरकार को इस समस्या से निजात दिलाने के लिए जल्द हल निकालना चाहिए, ताकि एपीएल परिवारों को राहत मिल सके।
कोट्स
उधर, खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक मिलाप चंद शांडिल ने कहा कि प्रदेश सरकार से जो भी निर्देश मिलेंगे राशन की आपूर्ति उसी अनुसार डिपुओं को जारी की जाएगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed