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Mandi News: सुंदरनगर में सालाना 75 हजार लीटर वाइन का होगा उत्पादन
Wed, 23 Oct 2024 07:59 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, मंडी
संवाद न्यूज एजेंसी, मंडी
Updated Wed, 23 Oct 2024 07:59 AM IST
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सुंदरनगर के जड़ोल स्थित एचपीएमसी द्वारा निर्मित वाइन प्लांट। स्रोत - विभाग
सुंदरनगर (मंडी)। वाइन के शौकीनों के लिए राहत व खुशी भरी खबर है। सुंदरनगर के जड़ोल स्थित एचपीएमसी के फ्रूट प्रोसेसिंग प्लांट में आज विकास का नया अध्याय लिखा जाएगा। यहां पर करीब 10 करोड़ की लागत से स्थापित किया गया वाइन प्लांट बुधवार यानी आज विधिवत रूप से शुरु हो जाएगा। वाइन प्लांट के शुरू होने से देश के अनेक राज्यों में एचपीएमसी अपने उत्पाद को वाइन के शौकीनों तक पहुंचाएगा।
अभी तक जड़ोल प्लांट में करीब 25 हजार लीटर ही वाइन सालभर में तैयार हो पाती थी, लेकिन अब नया प्लांट स्थापित होने से एचपीएमसी यहां पर सालाना 75 हजार लीटर वाइन का उत्पादन कर सकेगी। मांग बढ़ने पर इस प्लांट की क्षमता को आने वाले समय में और बढ़ाने के लिए भी व्यवस्था की गई है। पहले वाइन के कम क्षमता में उत्पादन होने से इसकी बिक्री केवल प्रदेश में हो पा रही थी।
मनाली की ओर आने वाले पर्यटक जिन्हें एचपीएमसी द्वारा वाइन बनाने की जानकारी थी, वह वापसी पर यहां से जूस के साथ-साथ वाइन भी खरीद कर ले जाते रहे हैं। मगर दोबारा लंबे समय तक चक्कर न लगने से वह इसका लगातार स्वाद चखने से महरूम हो जाते थे। मगर अब क्षमता बढ़ाने के साथ ही एचपीएमसी देश के अन्य राज्यों में भी अपने उत्पाद को पहुंचाने के लिए मार्किट ढूंढेगी।
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इसके पहले चरण में पड़ोसी राज्यों में वाइन की बिक्री शुरू करने के लिए कार्य किया जाएगा। वाइन की बिक्री बढ़ने से एचपीएमसी को भी अच्छा राजस्व प्राप्त होगा। अब तक अधिकतर लोग एचपीएमसी को केवल जूस बनाने के कार्य को लेकर ही जानते रहें हैं, लेकिन अब नई मार्केटिंग स्ट्रेटजी के साथ लोग यहां पर बनाई जाने वाली वाइन के बारे में भी और अधिक जान सकेंगे।
10 तरह के फ्लेवर में बनाई जाएगी फ्रूट से वाइन
एटपीएमसी अपने जड़ोल स्थित वाइन प्लांट में 10 फ्लेवर में फ्रूट से वाइन बना कर इसके शौकिनों तक पहुंचायेगी। एचपीएमसी यहां पर रोडो वाइन, रेड वाइन, प्लम वाइन, मैंगो वाइन, ऑरेंज वाइन, स्ट्रॉबेरी वाइन, कीवी वाइन, एपल सीडर तथा एपरीकाटे वाइन का उत्पादन करेगी। एचपीएमसी द्वारा तैयार की जाने वाली वाइन अंतरराष्ट्रीय गुणवत्ता को ध्यान में रखकर बनाई जाएगी। प्लांट में वाइन की बाटलिंग लाइन के लिए मशीनरी विशेष रूप से इटली से मंगाई गई है, जबकि अन्य मशीनरी भारत में ही निर्मित है।
एचपीएमसी के जड़ोल स्थित फ्रूट प्रोसेसिंग प्लांट परिसर में वाइन प्लांट बनकर तैयार हो गया है। करीब 10 करोड़ की लागत से बने प्लांट का शुभारंभ बुधवार को राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी सुबह 11:00 बजे करेंगे। प्लांट के शुभारंभ को लेकर तैयारियां पूरी कर ली गई है।
-सुनील कुमार, प्रबंधक, एचपीएमसी प्लांट जड़ोल, सुंदरनगर
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अभी तक जड़ोल प्लांट में करीब 25 हजार लीटर ही वाइन सालभर में तैयार हो पाती थी, लेकिन अब नया प्लांट स्थापित होने से एचपीएमसी यहां पर सालाना 75 हजार लीटर वाइन का उत्पादन कर सकेगी। मांग बढ़ने पर इस प्लांट की क्षमता को आने वाले समय में और बढ़ाने के लिए भी व्यवस्था की गई है। पहले वाइन के कम क्षमता में उत्पादन होने से इसकी बिक्री केवल प्रदेश में हो पा रही थी।
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मनाली की ओर आने वाले पर्यटक जिन्हें एचपीएमसी द्वारा वाइन बनाने की जानकारी थी, वह वापसी पर यहां से जूस के साथ-साथ वाइन भी खरीद कर ले जाते रहे हैं। मगर दोबारा लंबे समय तक चक्कर न लगने से वह इसका लगातार स्वाद चखने से महरूम हो जाते थे। मगर अब क्षमता बढ़ाने के साथ ही एचपीएमसी देश के अन्य राज्यों में भी अपने उत्पाद को पहुंचाने के लिए मार्किट ढूंढेगी।
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इसके पहले चरण में पड़ोसी राज्यों में वाइन की बिक्री शुरू करने के लिए कार्य किया जाएगा। वाइन की बिक्री बढ़ने से एचपीएमसी को भी अच्छा राजस्व प्राप्त होगा। अब तक अधिकतर लोग एचपीएमसी को केवल जूस बनाने के कार्य को लेकर ही जानते रहें हैं, लेकिन अब नई मार्केटिंग स्ट्रेटजी के साथ लोग यहां पर बनाई जाने वाली वाइन के बारे में भी और अधिक जान सकेंगे।
10 तरह के फ्लेवर में बनाई जाएगी फ्रूट से वाइन
एटपीएमसी अपने जड़ोल स्थित वाइन प्लांट में 10 फ्लेवर में फ्रूट से वाइन बना कर इसके शौकिनों तक पहुंचायेगी। एचपीएमसी यहां पर रोडो वाइन, रेड वाइन, प्लम वाइन, मैंगो वाइन, ऑरेंज वाइन, स्ट्रॉबेरी वाइन, कीवी वाइन, एपल सीडर तथा एपरीकाटे वाइन का उत्पादन करेगी। एचपीएमसी द्वारा तैयार की जाने वाली वाइन अंतरराष्ट्रीय गुणवत्ता को ध्यान में रखकर बनाई जाएगी। प्लांट में वाइन की बाटलिंग लाइन के लिए मशीनरी विशेष रूप से इटली से मंगाई गई है, जबकि अन्य मशीनरी भारत में ही निर्मित है।
एचपीएमसी के जड़ोल स्थित फ्रूट प्रोसेसिंग प्लांट परिसर में वाइन प्लांट बनकर तैयार हो गया है। करीब 10 करोड़ की लागत से बने प्लांट का शुभारंभ बुधवार को राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी सुबह 11:00 बजे करेंगे। प्लांट के शुभारंभ को लेकर तैयारियां पूरी कर ली गई है।
-सुनील कुमार, प्रबंधक, एचपीएमसी प्लांट जड़ोल, सुंदरनगर