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Kullu News: घायलों की जान बचाने देवदूत बनकर पहुंची सेना
Wed, 18 Jun 2025 10:53 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुल्लू
संवाद न्यूज एजेंसी, कुल्लू
Updated Wed, 18 Jun 2025 10:53 PM IST
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रोहतांग दर्रे के पास ग्रांफू के समीप एक दर्दनाक सड़क हादसे में घायल पर्यटकों का उपचार करते भारत
ग्रांफू के पास दुर्घटनाग्रस्त हो गया था वाहन, घायलों की मदद के लिए पहुंची सेना
संवाद न्यूज एजेंसी
केलांग (लाहौल-स्पीति)। रोहतांग दर्रा के पास सड़क हादसे में घायल हुए पर्यटकों के लिए भारतीय सेना देवदूत बनकर आई। हादसे की सूचना मिलते ही कोकसर स्थित भारतीय सेना के शिविर से मेडिकल टीम और बचाव दल मौके पर रवाना हो गया।
भारतीय सेना और ग्रेफ ने तत्परता दिखाते हुए कई सैलानियों को मौत के मुंह में जाने से रोक लिया। ग्रांफू के समीप बीते दिनों हुए सड़क हादसे में दो यात्रियों की जान चली गई है।
कर्नल पंकज अग्रवाल ने कहा कि हादसे की सूचना मिलते ही कोकसर स्थित भारतीय सेना के शिविर से मेडिकल टीम और बचाव दल मौके पर रवाना हो गया था। सेना के अस्थायी अस्पताल में एक ऐसी घायल महिला को लाया गया था, जिसकी नब्ज भी नहीं चल रही थी। इसे सेना के चिकित्सा अधिकारियों ने तुरंत सीपीआर (कार्डियो पल्मोनरी रेसुसिटेशन) देकर बचा लिया।
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रेस्क्यू अभियान में स्थानीय पुलिस, ग्रामीणों और सेना की संयुक्त टीम ने घायलों को प्राथमिक उपचार देकर स्थिर किया और समय रहते अस्पताल पहुंचाया। सेना के कोकसर स्थित अस्थायी अस्पताल में सभी गंभीर घायलों को तुरंत चिकित्सा सुविधा दी गई, जिससे उनकी स्थिति में तेजी से सुधार हुआ। यह घटना बताती है कि सीमा क्षेत्रों में तैनात भारतीय सेना न केवल सुरक्षा, बल्कि आपदा प्रबंधन और मानवीय सहायता में भी अहम भूमिका निभा रही है। स्थानीय लोगों और प्रशासन ने सेना और ग्रेफ के सहयोग की सराहना की है। पूर्व विधायक एवं भाजपा नेता रवि ठाकुर ने इस पूरे रेस्क्यू अभियान की प्रशंसा करते हुए कहा कि अगर सेना का त्वरित सहयोग न होता तो नुकसान अधिक हो सकता था।
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संवाद न्यूज एजेंसी
केलांग (लाहौल-स्पीति)। रोहतांग दर्रा के पास सड़क हादसे में घायल हुए पर्यटकों के लिए भारतीय सेना देवदूत बनकर आई। हादसे की सूचना मिलते ही कोकसर स्थित भारतीय सेना के शिविर से मेडिकल टीम और बचाव दल मौके पर रवाना हो गया।
भारतीय सेना और ग्रेफ ने तत्परता दिखाते हुए कई सैलानियों को मौत के मुंह में जाने से रोक लिया। ग्रांफू के समीप बीते दिनों हुए सड़क हादसे में दो यात्रियों की जान चली गई है।
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कर्नल पंकज अग्रवाल ने कहा कि हादसे की सूचना मिलते ही कोकसर स्थित भारतीय सेना के शिविर से मेडिकल टीम और बचाव दल मौके पर रवाना हो गया था। सेना के अस्थायी अस्पताल में एक ऐसी घायल महिला को लाया गया था, जिसकी नब्ज भी नहीं चल रही थी। इसे सेना के चिकित्सा अधिकारियों ने तुरंत सीपीआर (कार्डियो पल्मोनरी रेसुसिटेशन) देकर बचा लिया।
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रेस्क्यू अभियान में स्थानीय पुलिस, ग्रामीणों और सेना की संयुक्त टीम ने घायलों को प्राथमिक उपचार देकर स्थिर किया और समय रहते अस्पताल पहुंचाया। सेना के कोकसर स्थित अस्थायी अस्पताल में सभी गंभीर घायलों को तुरंत चिकित्सा सुविधा दी गई, जिससे उनकी स्थिति में तेजी से सुधार हुआ। यह घटना बताती है कि सीमा क्षेत्रों में तैनात भारतीय सेना न केवल सुरक्षा, बल्कि आपदा प्रबंधन और मानवीय सहायता में भी अहम भूमिका निभा रही है। स्थानीय लोगों और प्रशासन ने सेना और ग्रेफ के सहयोग की सराहना की है। पूर्व विधायक एवं भाजपा नेता रवि ठाकुर ने इस पूरे रेस्क्यू अभियान की प्रशंसा करते हुए कहा कि अगर सेना का त्वरित सहयोग न होता तो नुकसान अधिक हो सकता था।