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मतदाताओं की खमोशी ने असंमजस में डाले उम्मीदवार
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कुल्लू/खराहल। मतदाताओं की खामोशी जिले के चारों विस क्षेत्रों में सभी उम्मीदवारों पर भारी पड़ रही है। हां में हां और न में न मिलाकर बात कर रहे मतदाता न केवल अब अबुझ पहेली बन रहे हैं, बल्कि इससे हाथ जोड़ कर चले उम्मीदवारों की नींद हराम कर दी है । ऐसे में जिले के चार विस क्षेत्रों में चुनाव लड़ रहे 27 उम्म्ीदवारों की धुकधुकी बढ़ गई है।
कुल्लू विस क्षेत्र में भाजपा और कांग्रेस के बीच मुकाबला होने की संभावना है, लेकिन इस बार आजाद प्रत्याशी राम सिंह और आप के चुनावी दंगल में कूदने से नेशनल पार्टियों की मुश्किल बढ़ गई है। कुल्लू जिले में 3,30,423 मतदाता अपने मत का प्रयोग कर प्रत्याशी को चुनेंगे। चुनाव में जिले का इतिहास गवाही देता है कि क्षेत्र में नेता कितना ही ऊंचे कद वाला क्यों न हो, यहां ताज भी जनता पहनाती है और छीनती भी है।
कुल्लू विस क्षेत्र में पूर्व मंत्री कुंजलाल ठाकुर और पूर्व मंत्री राजकृष्ण गौड़ को भी हार का सामना करना पड़ा है। बंजार विस क्षेत्र में पूर्व मंत्री सत्यप्रकाश और पूर्व मंत्री खीमी राम और स्व. कर्ण सिंह ने भी हार का स्वाद चखा है। मनाली विधानसभा में भुनेश्वर गौड़ और हरि चंद शर्मा भी चुनाव में पराजित हुए हैं। आनी में पूर्व विधायक ईश्वर दास को भी लोगों ने विस चुनाव में शिकस्त दी है। प्रदेश के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर, पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल और शांता कुमार और स्व. वीरभद्र सिंह को भी विस चुनाव में लोगों ने हार का मजा चखाया है। बहरहाल कुल्लू ,मनाली, बंजार और आनी में बागी दोनों दलों के प्रत्याशियों के लिए गले की फांस बने हैं। ये प्रत्याशी दोनों दल के वोट बैंक पर कितनी सेंधमारी करते हैं, इस पर सबकी नजर रहेगी।
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कुल्लू विस क्षेत्र में भाजपा और कांग्रेस के बीच मुकाबला होने की संभावना है, लेकिन इस बार आजाद प्रत्याशी राम सिंह और आप के चुनावी दंगल में कूदने से नेशनल पार्टियों की मुश्किल बढ़ गई है। कुल्लू जिले में 3,30,423 मतदाता अपने मत का प्रयोग कर प्रत्याशी को चुनेंगे। चुनाव में जिले का इतिहास गवाही देता है कि क्षेत्र में नेता कितना ही ऊंचे कद वाला क्यों न हो, यहां ताज भी जनता पहनाती है और छीनती भी है।
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कुल्लू विस क्षेत्र में पूर्व मंत्री कुंजलाल ठाकुर और पूर्व मंत्री राजकृष्ण गौड़ को भी हार का सामना करना पड़ा है। बंजार विस क्षेत्र में पूर्व मंत्री सत्यप्रकाश और पूर्व मंत्री खीमी राम और स्व. कर्ण सिंह ने भी हार का स्वाद चखा है। मनाली विधानसभा में भुनेश्वर गौड़ और हरि चंद शर्मा भी चुनाव में पराजित हुए हैं। आनी में पूर्व विधायक ईश्वर दास को भी लोगों ने विस चुनाव में शिकस्त दी है। प्रदेश के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर, पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल और शांता कुमार और स्व. वीरभद्र सिंह को भी विस चुनाव में लोगों ने हार का मजा चखाया है। बहरहाल कुल्लू ,मनाली, बंजार और आनी में बागी दोनों दलों के प्रत्याशियों के लिए गले की फांस बने हैं। ये प्रत्याशी दोनों दल के वोट बैंक पर कितनी सेंधमारी करते हैं, इस पर सबकी नजर रहेगी।
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