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Kangra News: भवारना में फर्जी कृषक प्रमाण पत्र के साथ रजिस्ट्री की जांच शुरू
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जल्द आएगी रिपोर्ट, दोषी के खिलाफ होगी कार्रवाई
संवाद न्यूज एजेंसी
पालमपुर (कांगड़ा)। भवारना उप तहसील के अंतर्गत विशेष समुदाय के एक बाहरी व्यक्ति की जाली कृषक प्रमाण पत्र के सहारे हुए जमीन की रजिस्ट्री के मामले में जिला प्रशासन ने अपनी कार्रवाई शुरू कर दी है। जिला उपायुक्त इसकी जांच कर रहे हैं। इस मामले में जिला प्रशासन लैंड रिफार्म एंड टेनेंसी एक्ट की धारा 118 के तहत कार्रवाई कर रहा है। इसकी जल्द रिपोर्ट आने की संभावना है। भवारना में एक विशेष समुदाय के व्यक्ति के नाम पर फर्जी कृषक प्रमाण बना था।
इस प्रमाण पत्र में दूसरे व्यक्ति के नाम पर पिता का नाम प्रयोग किया था। रजिस्ट्री करवाने वाले विशेष समुदाय के व्यक्ति के पिता और चौकी खलेठ में रहने वाले इसी समुदाय के व्यक्ति का एक नाम होने पर यह फर्जी कृषक प्रमाण पत्र बनाया गया था। यह प्रमाण पत्र पटवारी ने बनाया था। इसका पता चलते ही अमर उजाला में मामला उठते ही पालमपुर प्रशासन ने इस जमीन की रजिस्ट्री रद्द कर लैंड रिफार्म एंड टेनेंसी एक्ट की धारा 118 के तहत मामला बना कर जिला उपायुक्त को भेज दिया गया था। इस पर अब जिला उपायुक्त इस पर कार्यवाही कर रहे हैं। मामले में पालमपुर प्रशासन ने कृषक प्रमाण पत्र बनाने वाले पटवारी को भी कारण बताओ नोटिस भेजा है जबकि मामले में जमीन की रजिस्ट्री अपने नाम करने वाले दानिश के खिलाफ तहसीलदार पालमपुर ने पुलिस में एफआईआर दर्ज करवा दी है। शुक्रवार को नगरोटा बगवां में एक पटवारी के जाली कृषक प्रमाण पत्र बनाने की एवज में रिश्वत लेते पकड़े जाने पर के बाद अब यह मामला पालमपुर में भी गरमा गया है। इसका कारण यह है कि इस रजिस्ट्री में भी फर्जी कृषक प्रमाण पत्र बनाया गया है, जिसका आंच अब पटवारी पर भी आ सकती है। इसे लेकर भी सवाल उठने लगे हैं।
मामला कार्यालय में आया है। इसकी समीक्षा कर रिपोर्ट ली जा रही है। नियमानुसार इस पर कार्रवाई होगी। मामले में दोषी पाए जाने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा।-- हेमराज बैरवा, उपायुक्त कांगड़ा।
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संवाद न्यूज एजेंसी
पालमपुर (कांगड़ा)। भवारना उप तहसील के अंतर्गत विशेष समुदाय के एक बाहरी व्यक्ति की जाली कृषक प्रमाण पत्र के सहारे हुए जमीन की रजिस्ट्री के मामले में जिला प्रशासन ने अपनी कार्रवाई शुरू कर दी है। जिला उपायुक्त इसकी जांच कर रहे हैं। इस मामले में जिला प्रशासन लैंड रिफार्म एंड टेनेंसी एक्ट की धारा 118 के तहत कार्रवाई कर रहा है। इसकी जल्द रिपोर्ट आने की संभावना है। भवारना में एक विशेष समुदाय के व्यक्ति के नाम पर फर्जी कृषक प्रमाण बना था।
इस प्रमाण पत्र में दूसरे व्यक्ति के नाम पर पिता का नाम प्रयोग किया था। रजिस्ट्री करवाने वाले विशेष समुदाय के व्यक्ति के पिता और चौकी खलेठ में रहने वाले इसी समुदाय के व्यक्ति का एक नाम होने पर यह फर्जी कृषक प्रमाण पत्र बनाया गया था। यह प्रमाण पत्र पटवारी ने बनाया था। इसका पता चलते ही अमर उजाला में मामला उठते ही पालमपुर प्रशासन ने इस जमीन की रजिस्ट्री रद्द कर लैंड रिफार्म एंड टेनेंसी एक्ट की धारा 118 के तहत मामला बना कर जिला उपायुक्त को भेज दिया गया था। इस पर अब जिला उपायुक्त इस पर कार्यवाही कर रहे हैं। मामले में पालमपुर प्रशासन ने कृषक प्रमाण पत्र बनाने वाले पटवारी को भी कारण बताओ नोटिस भेजा है जबकि मामले में जमीन की रजिस्ट्री अपने नाम करने वाले दानिश के खिलाफ तहसीलदार पालमपुर ने पुलिस में एफआईआर दर्ज करवा दी है। शुक्रवार को नगरोटा बगवां में एक पटवारी के जाली कृषक प्रमाण पत्र बनाने की एवज में रिश्वत लेते पकड़े जाने पर के बाद अब यह मामला पालमपुर में भी गरमा गया है। इसका कारण यह है कि इस रजिस्ट्री में भी फर्जी कृषक प्रमाण पत्र बनाया गया है, जिसका आंच अब पटवारी पर भी आ सकती है। इसे लेकर भी सवाल उठने लगे हैं।
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मामला कार्यालय में आया है। इसकी समीक्षा कर रिपोर्ट ली जा रही है। नियमानुसार इस पर कार्रवाई होगी। मामले में दोषी पाए जाने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा।
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