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जवाली में खेल मैदान के लिए तत्काल दें एनओसी, भूमि भी हस्तांतरित करें : मंत्री
Wed, 07 Jan 2026 07:58 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कांगड़ा
संवाद न्यूज एजेंसी, कांगड़ा
Updated Wed, 07 Jan 2026 07:58 AM IST
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जवाली में लोगों को समस्याएं सुनते कृषि मंत्री चंद्र कुमार। -स्रोत: जागरूक पाठक
जवाली (कांगड़ा)। क्षेत्र के युवाओं को जल्द ही खेल मैदान की सौगात मिलने वाली है। कृषि एवं पशुपालन मंत्री चंद्र कुमार ने मंगलवार को उपमंडल स्तरीय विकास कार्यों की समीक्षा बैठक में जवाली खेल मैदान के लिए वन विभाग को तत्काल एनओसी जारी करने और राजस्व विभाग को खेल विभाग के नाम भूमि हस्तांतरण की प्रक्रिया को रिकॉर्ड समय में पूरा करने के निर्देश दिए हैं।
बैठक की अध्यक्षता करते हुए मंत्री चंद्र कुमार ने कहा कि यह चालू वित्त वर्ष के वर्किंग प्रोग्राम की अंतिम तिमाही है। उन्होंने उपस्थित अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए कि सभी लंबित योजनाओं को न केवल गति दी जाए, बल्कि उन्हें समयबद्धता और उच्च गुणवत्ता के साथ पूर्ण किया जाए।
मंत्री ने डिग्री कॉलेज जवाली के भवन के लिए वन विभाग से फोरेस्ट क्लीयरेंस और भूमि को शिक्षा विभाग के नाम हस्तांतरित करने की प्रगति रिपोर्ट तलब की। इसके साथ ही जवाली अस्पताल की पुरानी इमारत की मरम्मत और 50 बिस्तरों वाले नए भवन के साथ-साथ नगरोटा सूरियां अस्पताल भवन के निर्माण कार्य की भी समीक्षा की गई।
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गज खड्ड पर 87 करोड़ से बनेगा पुल
मंत्री ने बताया कि पीएमजीएसवाई-तीन के तहत करोड़ों रुपये की लागत से सड़कों का उन्नयन किया जा रहा है। सर्दियों में तारकोल बिछाना संभव न होने के कारण फिलहाल सड़कों के किनारे नालियों और रिटेनिंग वॉल के निर्माण पर जोर दिया जा रहा है। इसके अलावा गज खड्ड पर 87 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले पुल की ड्राइंग अंतिम चरण में है। इसी माह पिलर निर्माण का कार्य आरंभ कर दिया जाएगा। अनूही में देहर खड्ड पर प्रस्तावित पुल को लेकर भी विस्तृत चर्चा की गई।
नगरोटा सूरियां में सीवरेज के कार्य में लाएं तेजी
बैठक में बताया कि जवाली शहर में अमृत-2 योजना के तहत 15.50 करोड़ रुपये से 24 घंटे पानी की आपूर्ति सुनिश्चित करने का कार्य प्रगति पर है। घाड़ जरोट क्षेत्र के 45 गांवों के लिए 29.65 करोड़ रुपये की उठाऊ पेयजल योजना तैयार की जा रही है। मंत्री ने नगरोटा सूरियां में 34 करोड़ रुपये की लागत से बन रही सीवरेज प्रणाली के कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए गए। साथ ही कहा कि आरडीएसएस योजना के तहत 7.25 करोड़ रुपये की बिजली परियोजनाओं और विभिन्न ट्यूबवेलों के सुधार पर 16.70 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं।
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बैठक की अध्यक्षता करते हुए मंत्री चंद्र कुमार ने कहा कि यह चालू वित्त वर्ष के वर्किंग प्रोग्राम की अंतिम तिमाही है। उन्होंने उपस्थित अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए कि सभी लंबित योजनाओं को न केवल गति दी जाए, बल्कि उन्हें समयबद्धता और उच्च गुणवत्ता के साथ पूर्ण किया जाए।
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मंत्री ने डिग्री कॉलेज जवाली के भवन के लिए वन विभाग से फोरेस्ट क्लीयरेंस और भूमि को शिक्षा विभाग के नाम हस्तांतरित करने की प्रगति रिपोर्ट तलब की। इसके साथ ही जवाली अस्पताल की पुरानी इमारत की मरम्मत और 50 बिस्तरों वाले नए भवन के साथ-साथ नगरोटा सूरियां अस्पताल भवन के निर्माण कार्य की भी समीक्षा की गई।
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गज खड्ड पर 87 करोड़ से बनेगा पुल
मंत्री ने बताया कि पीएमजीएसवाई-तीन के तहत करोड़ों रुपये की लागत से सड़कों का उन्नयन किया जा रहा है। सर्दियों में तारकोल बिछाना संभव न होने के कारण फिलहाल सड़कों के किनारे नालियों और रिटेनिंग वॉल के निर्माण पर जोर दिया जा रहा है। इसके अलावा गज खड्ड पर 87 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले पुल की ड्राइंग अंतिम चरण में है। इसी माह पिलर निर्माण का कार्य आरंभ कर दिया जाएगा। अनूही में देहर खड्ड पर प्रस्तावित पुल को लेकर भी विस्तृत चर्चा की गई।
नगरोटा सूरियां में सीवरेज के कार्य में लाएं तेजी
बैठक में बताया कि जवाली शहर में अमृत-2 योजना के तहत 15.50 करोड़ रुपये से 24 घंटे पानी की आपूर्ति सुनिश्चित करने का कार्य प्रगति पर है। घाड़ जरोट क्षेत्र के 45 गांवों के लिए 29.65 करोड़ रुपये की उठाऊ पेयजल योजना तैयार की जा रही है। मंत्री ने नगरोटा सूरियां में 34 करोड़ रुपये की लागत से बन रही सीवरेज प्रणाली के कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए गए। साथ ही कहा कि आरडीएसएस योजना के तहत 7.25 करोड़ रुपये की बिजली परियोजनाओं और विभिन्न ट्यूबवेलों के सुधार पर 16.70 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं।