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नूरपुर में बंदरों के हमले की शिकार महिला ने दम तोड़ा
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नूरपुर (कांगड़ा)। नगर परिषद नूरपुर के वार्ड चार में बंदरों के हमले में घायल हुई महिला रेणु की वीरवार को उपचार के दौरान पीजीआई चंडीगढ़ में मृत्यु हो गई। मंगलवार को बंदरों के हमले के बाद रेणु अपनी दो माह की बेटी सहित छत से गिर गई थी। इस हादसे में गंभीर रूप से घायल रेणु को उपचार के लिए नूरपुर अस्पताल ले जाया गया, जहां उसकी गंभीर हालत को देखते हुए उसे टांडा रेफर कर दिया गया, लेकिन उसकी दशा में कोई सुधार नहीं हुआ और बुधवार को रेणु को पीजीआई चंडीगढ़ रैफर कर दिया गया था। जहां इलाज के दौरान वीरवार सुबह उसका निधन हो गया।
उसकी मौत की खबर घर पहुंचते ही पूरे मोहल्ले में शोक की लहर दौड़ गई। वह अपने पीछे बड़ा बेटा इशू 16 साल, बड़ी बेटी प्रगति 13 साल, छोटा बेटा जैम्स सात साल, दो माह की बेटी ऐना छोड़ गई है। उसका पति एसबीआई नूरपुर में बतौर अस्थायी सफाई कर्मचारी कार्यरत हैं। इस हादसे से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। ज्ञात रहे कि इससे पहले भी नूरपुर में बंदरों के हमले में कई लोग घायल व कुछ अपने प्राणों से हाथ धो चुके हैं। इस हादसे से शहरवासी काफी भयभीत हो गए हैं व बंदरों की दहशत के चलते अपने घर की छत पर जाने से भी डर रहे हैं। प्रशासन की तरफ से पीड़ित परिवार को 10 हजार रुपये की राहत प्रदान की गई है।
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उसकी मौत की खबर घर पहुंचते ही पूरे मोहल्ले में शोक की लहर दौड़ गई। वह अपने पीछे बड़ा बेटा इशू 16 साल, बड़ी बेटी प्रगति 13 साल, छोटा बेटा जैम्स सात साल, दो माह की बेटी ऐना छोड़ गई है। उसका पति एसबीआई नूरपुर में बतौर अस्थायी सफाई कर्मचारी कार्यरत हैं। इस हादसे से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। ज्ञात रहे कि इससे पहले भी नूरपुर में बंदरों के हमले में कई लोग घायल व कुछ अपने प्राणों से हाथ धो चुके हैं। इस हादसे से शहरवासी काफी भयभीत हो गए हैं व बंदरों की दहशत के चलते अपने घर की छत पर जाने से भी डर रहे हैं। प्रशासन की तरफ से पीड़ित परिवार को 10 हजार रुपये की राहत प्रदान की गई है।
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