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नप अध्यक्ष के खिलाफ भाजपा पार्षद तल्ख
Kangra
Updated Tue, 08 May 2012 12:00 PM IST
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धर्मशाला। नगर परिषद धर्मशाला के बीजेपी समर्थित पार्षदों ने एक बार फिर तल्ख होकर नगर परिषद की अध्यक्ष के खिलाफ मोरचा खोल दिया है। हमेशा से विवादों के कारण सुर्खियों में रहने वाली नगर परिषद धर्मशाला में इस बार मासिक बैठक का आयोजन न होने का मामला उछला है। इससे पूर्व महिला पार्षदों के पति का नप की बैठक में हस्तक्षेप का विरोध होने तथा मुख्यमंत्री के रात्रि भोज का बिल पास न होने पर नप चर्चा में रह चुकी है।
नगर परिषद के उपाध्यक्ष ओंकार सिंह नैहरिया, पार्षदों स्नेह कपूर, सवित्रा गुरंग, कांता सोनी, तेजेंद्र कौर, कुसुम पठानिया, सुनीता शर्मा तथा सुनील कपूर ने कहा कि नगर परिषद के 17 माह के कार्यकाल में चार माह मासिक बैठकों का आयोजन नहीं हुआ। इस कारण शहर में एनओसी समेत विभिन्न विकास कार्य लटक गए हैं। विकास कार्य न होने से शहरवासियों में रोष है। पार्षदों ने कहा कि जनता ने पार्षदों को चुनकर भेजा है। इसलिए विकास की जवाबदेही पार्षदों की बनती है। उन्होंने कहा कि अगर मासिक बैठक का आयोजन जल्द नहीं हुआ तो पार्षद आगामी रणनीति तैयार करेंगे।
आमने-सामने बात करें पार्षद : पटियाल
नगर परिषद की अध्यक्ष कमला पटियाल ने पार्षदों द्वारा लगाए गए आरोपों को सिरे से नकारते हुए कहा कि पार्षद बताएं कि शहर में कौन सा कार्य नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि 29 मार्च 2012 को नप की बैठक हुई थी, जिसमें पार्षदों ने मुख्यमंत्री के रात्रि भोज का बिल पास नहीं होने दिया। अध्यक्ष ने कहा कि ईओ के छुट्टी पर होने की वजह से 19 अप्रैल को प्रस्तावित बैठक नहीं हो पाई। अगर किसी पार्षद को विकास को लेकर कोई संदेह है तो वह आमने-सामने बात करें।
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नगर परिषद के उपाध्यक्ष ओंकार सिंह नैहरिया, पार्षदों स्नेह कपूर, सवित्रा गुरंग, कांता सोनी, तेजेंद्र कौर, कुसुम पठानिया, सुनीता शर्मा तथा सुनील कपूर ने कहा कि नगर परिषद के 17 माह के कार्यकाल में चार माह मासिक बैठकों का आयोजन नहीं हुआ। इस कारण शहर में एनओसी समेत विभिन्न विकास कार्य लटक गए हैं। विकास कार्य न होने से शहरवासियों में रोष है। पार्षदों ने कहा कि जनता ने पार्षदों को चुनकर भेजा है। इसलिए विकास की जवाबदेही पार्षदों की बनती है। उन्होंने कहा कि अगर मासिक बैठक का आयोजन जल्द नहीं हुआ तो पार्षद आगामी रणनीति तैयार करेंगे।
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आमने-सामने बात करें पार्षद : पटियाल
नगर परिषद की अध्यक्ष कमला पटियाल ने पार्षदों द्वारा लगाए गए आरोपों को सिरे से नकारते हुए कहा कि पार्षद बताएं कि शहर में कौन सा कार्य नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि 29 मार्च 2012 को नप की बैठक हुई थी, जिसमें पार्षदों ने मुख्यमंत्री के रात्रि भोज का बिल पास नहीं होने दिया। अध्यक्ष ने कहा कि ईओ के छुट्टी पर होने की वजह से 19 अप्रैल को प्रस्तावित बैठक नहीं हो पाई। अगर किसी पार्षद को विकास को लेकर कोई संदेह है तो वह आमने-सामने बात करें।
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