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जिले में अब प्रति वर्ग मीटर से तय होंगे जमीन के रेट
Updated Fri, 23 Feb 2018 12:13 AM IST
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बढ़ने के बजाय कम हो गए कांगड़ा में जमीन के सरकारी रेट
जिला प्रशासन ने तहसील स्तर पर प्रस्तावित किए जमीन के औसत मूल्य, कई जगह आधे कर दिए दाम
धर्मशाला। हिमाचल में भले ही भूमि के मार्केट रेट आसमान छू रहे हों, लेकिन सूबे के सबसे बड़े जिला कांगड़ा में जमीन के सरकारी दाम कम हो गए हैं। जिला प्रशासन की ओर से तहसील वाइज प्रस्तावित किए जमीन के औसत मूल्य कई जगह कम हो गए हैं। साल 2017- 18 की तुलना में 2018-19 के लिए जिला प्रशासन की ओर से प्रस्तावित जमीन का औसत मूल्य कई क्षेत्रों में आधे से भी कम कर दिया गया है। समाहर्ता एवं उपायुक्त संदीप कुमार ने जिला में 2018-19 के लिए तहसीलों और उपतहसीलों के तहत विभिन्न महालों के तहत प्रति वर्ग मीटर के हिसाब से जमीन के नए औसत मूल्य प्रस्तावित किए गए हैं।
उपायुक्त ने बताया कि इसे लेकर संबंधित तहसील या उपायुक्त कार्यालय में किसी भी प्रकार की आपत्तियां या सुझाव कारणों सहित 23 मार्च तक दर्ज करवाए जा सकते हैं। उन्होंने बताया कि इस संदर्भ में अधिसूचना जारी की गई है।संदीप कुमार ने बताया कि वर्ष 2017-18 में तहसील जसवां के महाल सवाना के लिए औसत मूल्य 1920 रुपये प्रति वर्ग मीटर रखा गया था, जो वर्ष 2018-19 के लिए 1728 रुपये प्रस्तावित है। वर्ष 2017-18 में तहसील फतेहपुर के महाल वलियारा के लिए औसत मूल्य 2400 रुपये निर्धारित था जो वर्ष 2018-19 के लिए 2000 रुपये प्रस्तावित है।
इंदौरा में वर्ष 2017-18 में महाल सूरजपुर-सीरत का औसत मूल्य 6827 रुपये, कंदरोड़ी का 11064 रुपये, शेखपुर का 11064 रुपये और दमटाल-मोहटली का 2060 रुपये पति वर्ग मीटर था, जबकि वर्ष 2018-19 के लिए सूरजपुर-सीरत का 1145, कंदरोड़ी का 1145 रुपये, शेखपुर का 1145 रुपये तथा डमटाल-मोहटली का औसत मूल्य 1145 रुपयं प्रस्तावित है।
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वर्ष 2018-19 के लिए तहसील मुलथान के लुबाई का औसत मूल्य 320 रुपए, तरमेहर का 607, बड धार का 76, स्वाड खास का 920, रूलिंग का 480, पोलिंग का 10526, कुकड गुंधा का 760, राज गुंधा का 760, कुड धार का 760, बड़ा भंगाल का 560, मुल्थान का 5208, बनवाड़ का 17856, बखलोग का 1860, चेलरा दी मलां का 920, भुजलिंग का 320, जुधार का 280, अंदराली मलां का 320, धरमाण का 475, नेर का 320, सरमान का 320, शडोता का 480, उहल धार का 320, कोहड़ उपरली का 480 तथा सपोता का औसत मूल्य 760 रुपए प्रस्तावित है।
आलमपुर में वर्ष 2017-18 में तहसील आलमपुर के महाल बीड़ का औसत मूल्य 1019 रुपए, जांगल का 1019, साई का 1019, आलमपुर का 852, बघ का 852, बंदाहू खास का 1019, जगरूप नगर का 852, रेहरू का 102, घार ब्रहमपुरी का 102, मशवर का 102, सकोह का 102, लियुंडा का 102, हार बालकरूपी का 185, मरेरा का 185, गंदड़ का 185, बरदम खुरद का 185, गहली का 185, बर्दमकलां का 185 तथा गढ़ का 185 रूप्ये रखा गया था। आलमपुर के महाल बीड़ का औसत मूल्य, 1019, जांगल का 1019, साई का 1019, आलमपुर का 852, बघ का 852, बंदाहू खास का 1019, जगरूप नगर का 852, रेहरू का 102, घार ब्रहमपुरी का 102, मशवर का 102, सकोह का 102, लियुंडा का 102, हार बालकरूपी का 185, मरेरा का 185, गंदड का 185, बरदम खुरद का 185, गहली का 185, बर्दमकलां का 185 तथा गढ़ का औसत मूल्य 185 रुपए, निर्धारित किया गया था। वर्ष 2018-19 के लिए तहसील आलमपुर के महाल बीड़ का औसत मूल्य, 1172 रुपए, जांगल का 1172, साई का 1172, आलमपुर का 980, बघ का 980, बंदाहू खास का 1172, जगरूप नगर का 980, देहरू का 117, घार ब्रहमपुरी का 117, मशवर का 117, सकोह का 117, लियुंडा का 117, हार बालकरूपी का 213, मरेरा का 213, गंदड का 213, बरदम खुरद का 213, गहली का 213, बर्दमकलां का 213 तथा गढ़ का औसत मूल्य 213 प्रस्तावित है।
वर्ष 2018-19 के लिए तहसील नगरोटा बगवां के महाल रजियाणा-ठानपुरी का औसत मूल्य 3600 रुपए, मस्सल-चकबन धांगु का 1200, मस्सल-चकबन झरेट का 1200, मस्सल टांडा का 1200 तथा मस्सल-टिपरी का 12600 रुपए प्रस्तावित है।
बड़ोह में वर्ष 2018-19 के लिए उप तहसील बड़ोह के झराल-बालू गलोआ का औसत मूल्य 2000, झराल-बरयाला का 2000, झराल-गगलू का 2000, दनोआ-बाग सपयाड़ा का 250, सुन्ही-कसेटकड का 1054, हार सेकंड-डमटहेड का 1054, मगंरेला-जुख्नेहड का 500 तथा सदुं-ठम्बा का औसत मूल्य 500 रुपए प्रस्तावित है।
तहसील बैजनाथ में वर्ष 2018-19 में तहसील बैजनाथ के महाल घरथोली का औसत मूल्य 2050 रुपए, उस्तेहड़ का 2150, कुंसल उपरली का 1560, धानग का 560, झिरखड का 975, नागन का 850, पपरोला खास का 1560, सुजा का 850, चौगान का 1540, बीड़ खास का 1160, बाड़ी का 950, क्योरी का 610, बिलिंग का 1050 तथा घोड़ नाला का औसत मूल्य 560 रुपए प्रस्तावित है।
तहसील धर्मशाला में वर्ष 2018-19 के लिए चकवन वन बाला का 287 रुपए, मनेढ़ का 263, घरठीना तथा अम्बोटा का औसत मूल्य 299 रुपए प्रस्तावित है।
हारचकियां वर्ष 2017-18 में उप तहसील हारचकियां के महाल हारचकियां का औसत मूल्य 1188 रुपए, लपियाणा खास का 250, मनेई खास का 700, लंज खास का 1057 तथा कलर का औसत मूल्य 622 रखा गया था। उन्होंने बताया कि वर्ष 2018-19 के लिए हारचकियां के महाल हारचकियां का औसत मूल्य 1247, लपियाणा खास का 262, मनेई खास का 735, लंज खास का 1057 तथा कलर का औसत मूल्य 653 रुपए प्रस्तावित है।
महाल बरंडा-कंडवाल का औसत मूल्य 1050 रुपये तय
वर्ष 2018-19 में तहसील नूरपुर के महाल बरंडा-कंडवाल का औसत मूल्य 1050 रुपए, बरंडा-उप महाल पक्का टियाला का 1050, बाग राज-नगलाहड का 1050, छतरोली-बासा का 3210, नूरपुर सेकंड-नियाजपुर का 1680, नुरपुर सेकंड-रामपुरी का 1680, नूरपुर सेकंड-चौगान का 1680, गेहीं-लगोड़ का औसत मूल्य 1050, गेहीं-बाघनी का 1050, गेंही-दुरध का 1050, तथा नागनी-कोहड़ी, भड़वार भडवा, भडवार-कलेरा भड़वार-खाजियां, भड़वार-नागेदा पेल, भड़वार-टटल, जोंटा-धूलियाना, जोंटा-पलीण, जोंटा-मनकोट, जोंटा-सुजनता, जोंटा-मौ तथा जोंटा-जोंटा का औसत मूल्य 1271 रुपए प्रस्तावित है।
देहरा खास-देहरा वर्ग एक का औसत मूल्य 19278
वर्ष 2018-19 के लिए देहरा खास-देहरा वर्ग एक का औसत मूल्य 19278, वर्ग दो का 14459 तथा वर्ग तीन का औसत मूल्य 9639 प्रस्तावित है। वर्ष 2017-18 में राजगढ़ के वर्ग एक का औसत मूल्य शून्य, वर्ग दो का 2057 तथा वर्ग तीन का औसत मूल्य 1542 तथा वर्ष 2018-19 के लिए राजगढ़ का वर्ग एक औसत मूल्य 2057, वर्ग दो का 1542 तथा वर्ग तीन का औसत मूल्य शून्य प्रस्तावित है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2017-18 में अमरपुरी के वर्ग एक का औसत मूल्य 4112 रुपए, वर्ग दो का शून्य तथा वर्ग तीन का औसत मूल्य 2057 तथा वर्ष 2018-19 के लिए अमरपुरी के वर्ग एक का औसत मूल्य 4112, वर्ग दो का 3084 तथा वर्ग तीन का औसत मूल्य 2057 प्रस्तावित है। उन्होंने बताया कि हरिपुर के समस्त महालों में 20 प्रतिशत की वृद्धि की गई है। उन्होंने बताया कि इनके अतिरिक्त अन्य तहसीलों और उप तहसीलों के औसत मूल्य अपरिवर्तित हैं।
जिला प्रशासन ने तहसील स्तर पर प्रस्तावित किए जमीन के औसत मूल्य, कई जगह आधे कर दिए दाम
धर्मशाला। हिमाचल में भले ही भूमि के मार्केट रेट आसमान छू रहे हों, लेकिन सूबे के सबसे बड़े जिला कांगड़ा में जमीन के सरकारी दाम कम हो गए हैं। जिला प्रशासन की ओर से तहसील वाइज प्रस्तावित किए जमीन के औसत मूल्य कई जगह कम हो गए हैं। साल 2017- 18 की तुलना में 2018-19 के लिए जिला प्रशासन की ओर से प्रस्तावित जमीन का औसत मूल्य कई क्षेत्रों में आधे से भी कम कर दिया गया है। समाहर्ता एवं उपायुक्त संदीप कुमार ने जिला में 2018-19 के लिए तहसीलों और उपतहसीलों के तहत विभिन्न महालों के तहत प्रति वर्ग मीटर के हिसाब से जमीन के नए औसत मूल्य प्रस्तावित किए गए हैं।
उपायुक्त ने बताया कि इसे लेकर संबंधित तहसील या उपायुक्त कार्यालय में किसी भी प्रकार की आपत्तियां या सुझाव कारणों सहित 23 मार्च तक दर्ज करवाए जा सकते हैं। उन्होंने बताया कि इस संदर्भ में अधिसूचना जारी की गई है।संदीप कुमार ने बताया कि वर्ष 2017-18 में तहसील जसवां के महाल सवाना के लिए औसत मूल्य 1920 रुपये प्रति वर्ग मीटर रखा गया था, जो वर्ष 2018-19 के लिए 1728 रुपये प्रस्तावित है। वर्ष 2017-18 में तहसील फतेहपुर के महाल वलियारा के लिए औसत मूल्य 2400 रुपये निर्धारित था जो वर्ष 2018-19 के लिए 2000 रुपये प्रस्तावित है।
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इंदौरा में वर्ष 2017-18 में महाल सूरजपुर-सीरत का औसत मूल्य 6827 रुपये, कंदरोड़ी का 11064 रुपये, शेखपुर का 11064 रुपये और दमटाल-मोहटली का 2060 रुपये पति वर्ग मीटर था, जबकि वर्ष 2018-19 के लिए सूरजपुर-सीरत का 1145, कंदरोड़ी का 1145 रुपये, शेखपुर का 1145 रुपये तथा डमटाल-मोहटली का औसत मूल्य 1145 रुपयं प्रस्तावित है।
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वर्ष 2018-19 के लिए तहसील मुलथान के लुबाई का औसत मूल्य 320 रुपए, तरमेहर का 607, बड धार का 76, स्वाड खास का 920, रूलिंग का 480, पोलिंग का 10526, कुकड गुंधा का 760, राज गुंधा का 760, कुड धार का 760, बड़ा भंगाल का 560, मुल्थान का 5208, बनवाड़ का 17856, बखलोग का 1860, चेलरा दी मलां का 920, भुजलिंग का 320, जुधार का 280, अंदराली मलां का 320, धरमाण का 475, नेर का 320, सरमान का 320, शडोता का 480, उहल धार का 320, कोहड़ उपरली का 480 तथा सपोता का औसत मूल्य 760 रुपए प्रस्तावित है।
आलमपुर में वर्ष 2017-18 में तहसील आलमपुर के महाल बीड़ का औसत मूल्य 1019 रुपए, जांगल का 1019, साई का 1019, आलमपुर का 852, बघ का 852, बंदाहू खास का 1019, जगरूप नगर का 852, रेहरू का 102, घार ब्रहमपुरी का 102, मशवर का 102, सकोह का 102, लियुंडा का 102, हार बालकरूपी का 185, मरेरा का 185, गंदड़ का 185, बरदम खुरद का 185, गहली का 185, बर्दमकलां का 185 तथा गढ़ का 185 रूप्ये रखा गया था। आलमपुर के महाल बीड़ का औसत मूल्य, 1019, जांगल का 1019, साई का 1019, आलमपुर का 852, बघ का 852, बंदाहू खास का 1019, जगरूप नगर का 852, रेहरू का 102, घार ब्रहमपुरी का 102, मशवर का 102, सकोह का 102, लियुंडा का 102, हार बालकरूपी का 185, मरेरा का 185, गंदड का 185, बरदम खुरद का 185, गहली का 185, बर्दमकलां का 185 तथा गढ़ का औसत मूल्य 185 रुपए, निर्धारित किया गया था। वर्ष 2018-19 के लिए तहसील आलमपुर के महाल बीड़ का औसत मूल्य, 1172 रुपए, जांगल का 1172, साई का 1172, आलमपुर का 980, बघ का 980, बंदाहू खास का 1172, जगरूप नगर का 980, देहरू का 117, घार ब्रहमपुरी का 117, मशवर का 117, सकोह का 117, लियुंडा का 117, हार बालकरूपी का 213, मरेरा का 213, गंदड का 213, बरदम खुरद का 213, गहली का 213, बर्दमकलां का 213 तथा गढ़ का औसत मूल्य 213 प्रस्तावित है।
वर्ष 2018-19 के लिए तहसील नगरोटा बगवां के महाल रजियाणा-ठानपुरी का औसत मूल्य 3600 रुपए, मस्सल-चकबन धांगु का 1200, मस्सल-चकबन झरेट का 1200, मस्सल टांडा का 1200 तथा मस्सल-टिपरी का 12600 रुपए प्रस्तावित है।
बड़ोह में वर्ष 2018-19 के लिए उप तहसील बड़ोह के झराल-बालू गलोआ का औसत मूल्य 2000, झराल-बरयाला का 2000, झराल-गगलू का 2000, दनोआ-बाग सपयाड़ा का 250, सुन्ही-कसेटकड का 1054, हार सेकंड-डमटहेड का 1054, मगंरेला-जुख्नेहड का 500 तथा सदुं-ठम्बा का औसत मूल्य 500 रुपए प्रस्तावित है।
तहसील बैजनाथ में वर्ष 2018-19 में तहसील बैजनाथ के महाल घरथोली का औसत मूल्य 2050 रुपए, उस्तेहड़ का 2150, कुंसल उपरली का 1560, धानग का 560, झिरखड का 975, नागन का 850, पपरोला खास का 1560, सुजा का 850, चौगान का 1540, बीड़ खास का 1160, बाड़ी का 950, क्योरी का 610, बिलिंग का 1050 तथा घोड़ नाला का औसत मूल्य 560 रुपए प्रस्तावित है।
तहसील धर्मशाला में वर्ष 2018-19 के लिए चकवन वन बाला का 287 रुपए, मनेढ़ का 263, घरठीना तथा अम्बोटा का औसत मूल्य 299 रुपए प्रस्तावित है।
हारचकियां वर्ष 2017-18 में उप तहसील हारचकियां के महाल हारचकियां का औसत मूल्य 1188 रुपए, लपियाणा खास का 250, मनेई खास का 700, लंज खास का 1057 तथा कलर का औसत मूल्य 622 रखा गया था। उन्होंने बताया कि वर्ष 2018-19 के लिए हारचकियां के महाल हारचकियां का औसत मूल्य 1247, लपियाणा खास का 262, मनेई खास का 735, लंज खास का 1057 तथा कलर का औसत मूल्य 653 रुपए प्रस्तावित है।
महाल बरंडा-कंडवाल का औसत मूल्य 1050 रुपये तय
वर्ष 2018-19 में तहसील नूरपुर के महाल बरंडा-कंडवाल का औसत मूल्य 1050 रुपए, बरंडा-उप महाल पक्का टियाला का 1050, बाग राज-नगलाहड का 1050, छतरोली-बासा का 3210, नूरपुर सेकंड-नियाजपुर का 1680, नुरपुर सेकंड-रामपुरी का 1680, नूरपुर सेकंड-चौगान का 1680, गेहीं-लगोड़ का औसत मूल्य 1050, गेहीं-बाघनी का 1050, गेंही-दुरध का 1050, तथा नागनी-कोहड़ी, भड़वार भडवा, भडवार-कलेरा भड़वार-खाजियां, भड़वार-नागेदा पेल, भड़वार-टटल, जोंटा-धूलियाना, जोंटा-पलीण, जोंटा-मनकोट, जोंटा-सुजनता, जोंटा-मौ तथा जोंटा-जोंटा का औसत मूल्य 1271 रुपए प्रस्तावित है।
देहरा खास-देहरा वर्ग एक का औसत मूल्य 19278
वर्ष 2018-19 के लिए देहरा खास-देहरा वर्ग एक का औसत मूल्य 19278, वर्ग दो का 14459 तथा वर्ग तीन का औसत मूल्य 9639 प्रस्तावित है। वर्ष 2017-18 में राजगढ़ के वर्ग एक का औसत मूल्य शून्य, वर्ग दो का 2057 तथा वर्ग तीन का औसत मूल्य 1542 तथा वर्ष 2018-19 के लिए राजगढ़ का वर्ग एक औसत मूल्य 2057, वर्ग दो का 1542 तथा वर्ग तीन का औसत मूल्य शून्य प्रस्तावित है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2017-18 में अमरपुरी के वर्ग एक का औसत मूल्य 4112 रुपए, वर्ग दो का शून्य तथा वर्ग तीन का औसत मूल्य 2057 तथा वर्ष 2018-19 के लिए अमरपुरी के वर्ग एक का औसत मूल्य 4112, वर्ग दो का 3084 तथा वर्ग तीन का औसत मूल्य 2057 प्रस्तावित है। उन्होंने बताया कि हरिपुर के समस्त महालों में 20 प्रतिशत की वृद्धि की गई है। उन्होंने बताया कि इनके अतिरिक्त अन्य तहसीलों और उप तहसीलों के औसत मूल्य अपरिवर्तित हैं।