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मिड डे मील वर्करों का प्रदर्शन
Updated Wed, 17 Jan 2018 11:29 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
धर्मशाला, पालमपुर/थुरल (कांगड़ा)। स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों में मिड डे मील बनाने वाले वर्करों ने सीटू के बैनर तले धर्मशाला में विरोध प्रदर्शन किया। डीसी दफ्तर के बाहर सैकड़ों वर्करों ने विरोध की आवाज उठाई। जिला भर में स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों में मिड डे मील वर्करों की हड़ताल का असर मिला जुला रहा। कांगड़ा ब्लॉक में करीब 50 आंगनबाड़ी केंद्र बंद रहे। इंदौरा में 314 में से एक भी आंगनबाड़ी केंद्र बंद नहीं रहा। उपमंडल पालमपुर में भी हड़ताल का मिला जुला असर रहा। अधिकतर आंगनबाड़ी केंद्र बंद रहे। भामंस से संबंधित आंगनबाड़ी केंद्रों ने हड़ताल में भाग नहीं लिया है। अधिक्तर स्कूलों में मिड डे मील का खाना बनता रहा। कई स्कूलों में अध्यापकों ने खाना बना कर बच्चों को खिलाया। आंगनबाड़ी सर्कल थुरल के अंतर्गत 25 आंगनवाड़ी केंद्रों ने पूर्ण रूप से हड़ताल रखी। आंगनबाड़ी सर्कल थुरल की सुपरवाइजर सुमन राणा ने बताया कि यहां 25 आंगनबाड़ी केंद्र है जो सीटू से संबंधित हैं। उन्हें बुधवार को पूर्ण रूप से बंद रखा गया है। बाल विकास कार्यालय भेडू महादेव में 240 में से 201 बंद रहे और 39 खुले रहे। भवारना बाल विकास कार्यालय के तहत सभी 230 आंगनबाड़ी केंद्र बंद रहे। पंचरुखी बाल विकास कार्यालय के तहत आने वाले सभी 170 आंगनबाड़ी केंद्र खुले रहे। भेडू महादेव की सीडीपीओ मधु राणा ने कहा कि भेडू महादेव में 201 केंद्र बंद रहे। पंचरुखी में सभी खुले रहे। भवारना सीडीपीओ दिनेश शर्मा ने कहा कि भवारना के सभी 230 केंद्र खुले रहे। कई स्कूलों में मीड डे मील वर्करों के हड़ताल पर जाने पर कई स्कूलों में अध्यापकों ने बच्चों को खाना बना कर खिलाया तो कई में मिड डे मील वर्करों ने बनाया। वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय कौना के प्रधानाचार्य कमलजीत धीमान ने बताया कि इस स्कूल के मिड डे मील वर्करों ने हड़ताल रखी है, लेकिन स्कूल प्रशासन ने खाना बनवाकर बच्चों को खिलाया। वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल थुरल के प्रधानाचार्य मनोहर लाल ने बताया कि हमारे स्कूल के मिड डे मील वर्करों ने हड़ताल नहीं रखी और उन्होंने खाना बनाया। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला कन्या पालमपुर के प्रधानाचार्य सुरेश जंवाल ने कहा कि खाना मीड डे मील के वर्करों ने खाया।
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धर्मशाला, पालमपुर/थुरल (कांगड़ा)। स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों में मिड डे मील बनाने वाले वर्करों ने सीटू के बैनर तले धर्मशाला में विरोध प्रदर्शन किया। डीसी दफ्तर के बाहर सैकड़ों वर्करों ने विरोध की आवाज उठाई। जिला भर में स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों में मिड डे मील वर्करों की हड़ताल का असर मिला जुला रहा। कांगड़ा ब्लॉक में करीब 50 आंगनबाड़ी केंद्र बंद रहे। इंदौरा में 314 में से एक भी आंगनबाड़ी केंद्र बंद नहीं रहा। उपमंडल पालमपुर में भी हड़ताल का मिला जुला असर रहा। अधिकतर आंगनबाड़ी केंद्र बंद रहे। भामंस से संबंधित आंगनबाड़ी केंद्रों ने हड़ताल में भाग नहीं लिया है। अधिक्तर स्कूलों में मिड डे मील का खाना बनता रहा। कई स्कूलों में अध्यापकों ने खाना बना कर बच्चों को खिलाया। आंगनबाड़ी सर्कल थुरल के अंतर्गत 25 आंगनवाड़ी केंद्रों ने पूर्ण रूप से हड़ताल रखी। आंगनबाड़ी सर्कल थुरल की सुपरवाइजर सुमन राणा ने बताया कि यहां 25 आंगनबाड़ी केंद्र है जो सीटू से संबंधित हैं। उन्हें बुधवार को पूर्ण रूप से बंद रखा गया है। बाल विकास कार्यालय भेडू महादेव में 240 में से 201 बंद रहे और 39 खुले रहे। भवारना बाल विकास कार्यालय के तहत सभी 230 आंगनबाड़ी केंद्र बंद रहे। पंचरुखी बाल विकास कार्यालय के तहत आने वाले सभी 170 आंगनबाड़ी केंद्र खुले रहे। भेडू महादेव की सीडीपीओ मधु राणा ने कहा कि भेडू महादेव में 201 केंद्र बंद रहे। पंचरुखी में सभी खुले रहे। भवारना सीडीपीओ दिनेश शर्मा ने कहा कि भवारना के सभी 230 केंद्र खुले रहे। कई स्कूलों में मीड डे मील वर्करों के हड़ताल पर जाने पर कई स्कूलों में अध्यापकों ने बच्चों को खाना बना कर खिलाया तो कई में मिड डे मील वर्करों ने बनाया। वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय कौना के प्रधानाचार्य कमलजीत धीमान ने बताया कि इस स्कूल के मिड डे मील वर्करों ने हड़ताल रखी है, लेकिन स्कूल प्रशासन ने खाना बनवाकर बच्चों को खिलाया। वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल थुरल के प्रधानाचार्य मनोहर लाल ने बताया कि हमारे स्कूल के मिड डे मील वर्करों ने हड़ताल नहीं रखी और उन्होंने खाना बनाया। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला कन्या पालमपुर के प्रधानाचार्य सुरेश जंवाल ने कहा कि खाना मीड डे मील के वर्करों ने खाया।