Himachal Panchayat Elections: फील्ड में चुनाव का काम रुका, मतदाता सूचियों का डाटा रोका
राज्य निर्वाचन आयोग के आदेश के बाद प्रदेश सरकार ने भी जिला उपायुक्तों को ठेकेदार को मतदाता सूची छपाई के लिए डाटा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए थे। अब ठेकेदारों को डाटा उपलब्ध नहीं कराया जा रहा है।
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कैबिनेट से पंचायतों के पुनर्गठन और पुनर्सीमांकन किए जाने के फैसले के बाद जिला निर्वाचन अधिकारियों (उपायुक्त) ने फील्ड सहित मतदाता सूची की छपाई का डाटा फिर रोक दिया है। राज्य निर्वाचन आयोग के आदेश के बाद प्रदेश सरकार ने भी जिला उपायुक्तों को ठेकेदार को मतदाता सूची छपाई के लिए डाटा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए थे। डाटा उपलब्ध करवाने के लिए पंचायतीराज सचिव ने उपायुक्तों के साथ वर्चुअल बैठक की थी। अब ठेकेदारों को डाटा उपलब्ध नहीं कराया जा रहा है। जिस तरह से प्रदेश सरकार ने पंचायतों के पुनर्गठन और पुनर्सीमांकन की बात कही है। ऐसे में लगता है कि मतदाता सूचियां नए सिरे से तैयार की जा सकती हैं।
मुद्रण एवं लेखन सामग्री विभाग ने छपाई के टेंडर भी जारी कर दिए थे। रोस्टर जारी होने से पहले इन सूचियों को पंचायतों में भेजा जाना है। प्रत्येक वार्ड को 20‑20 सूचियां भेजी जानी थीं। अब फिर से राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से आदेश जारी करने के बाद जिला निर्वाचन अधिकारी यह तय नहीं कर पा रहे कि उन्हें क्या करना चाहिए और क्या नहीं। एक तरफ सरकार ने डिजास्टर एक्ट लागू किया है, वहीं दूसरी ओर आयोग ने पंचायत चुनाव से संबंधित मतदाता सूचियां, बैलेट पेपर आदि चुनावी सामग्री तैयार करने के निर्देश दिए थे।