New Year Celebration: नए साल के जश्न के लिए हिमाचल तैयार, उमड़े सैलानी; तीन जगह चुनी जाएंगी न्यू ईयर क्वीन
New Year Celebration: हिमाचल प्रदेश नए साल के जश्न के लिए पूरी तरह तैयार है। नए साल के इस्तकबाल के लिए शिमला, मनाली, चायल, कसौली, डलहौजी सहित अन्य पर्यटन स्थलों के अधिकांश होटल पैक हो चुके हैं। आज शाम प्रदेश के पर्यटन विकास निगम के और निजी होटलों में विशेष कार्यक्रम होंगे।
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नए साल के जश्न के लिए हिमाचल पूरी तरह तैयार है। हिमाचल में हुई भारी बर्फबारी के बाद लाखों सैलानियों के हिमाचल के पर्यटन स्थलों पर उमड़ने की उम्मीद है। नए साल का जश्न मनाने के बाद सैलानी और प्रदेश के लोग प्रदेश के शक्तिपीठों में माथा टेक कर दिन की शुरूआत करेंगे। श्री नयना देवी में आज रात दो बजे से ही श्रद्धालुओं के लिए मंदिरों के कपाट खोल दिए जाएंगे।
#WATCH | Himachal Pradesh | A large number of people reach Manali ahead of the New Year celebration; drone visuals from the city pic.twitter.com/Lh50jslyuu
— ANI (@ANI) December 31, 2024
नए साल के इस्तकबाल के लिए शिमला, मनाली, चायल, कसौली, डलहौजी सहित अन्य पर्यटन स्थलों के अधिकांश होटल पैक हो चुके हैं। आज शाम प्रदेश के पर्यटन विकास निगम के और निजी होटलों में विशेष कार्यक्रम होंगे। होटलों में न्यू ईयर पार्टी, डांस एंड डाइन सहित अन्य प्रतियोगिताएं होंगी। चायल पैलेस, मनाली, धर्मशाला न्यू ईयर क्वीन भी चुनी जाएंगी। सोमवार को भारी संख्या में पर्यटक हिमाचल के पर्यटन स्थलों पर पहुंचे। बीते एक सप्ताह से शिमला आने वाली सभी ट्रेनें पैक होकर शिमला पहुंची। शिमला आने वाली एचआरटीसी और पर्यटन विकास निगम की लग्जरी और सामान्य बसें भी पैक होकर पहुंच रही है। हजारों की संख्या में टैक्सियां भी रोज शिमला में प्रवेश कर रही हैं। मनाली में भी पर्यटक वाहनों की संख्या भी भारी इजाफा हुआ है।
बर्फबारी से बढ़ गया सैलानियों का क्रेज
फेडरेशन ऑफ होटल एंड रेस्टोरेंट्स एसोसिएशन के अध्यक्ष गजेंद्र सिंह ठाकुर ने बताया कि बर्फबारी से हिमाचल में नए साल का जश्न मनाने का क्रेज और अधिक बढ़ गया है। होटलों में नए साल का जश्न मनाने की खास तैयारियां की गई हैं। जनवरी माह के पहले सप्ताह तक प्रदेश में सैलानियों की खूब रौनक रहेगी।
चिंतपूर्णी मंदिर 23, नयनादेवी 22 घंटे रहेगा खुला
हिमाचल में आने वाले सैलानी नववर्ष का आगाज मंदिरों में दर्शन कर करेंगे। इसके लिए शक्तिपीठों में भी पुख्ता प्रबंध किए गए हैं।श्री चिंतपूर्णी मंदिर में 31 दिसंबर को रात 12:00 बजे मंदिर के कपाट मात्र एक घंटे के लिए बंद होंगे। श्री नयनादेवी मंदिर भी 24 घंटे में मात्र दो घंटे रात बारह से दो बजे बजे तक बंद रहेगा। इधर, प्रसिद्ध सिद्धपीठ बाबा बालक नाथ मंदिर दियोटसिद्ध दो दिन मंदिर 24 घंटे खुला रखा जाएगा। वहीं, इस बार छोटे बच्चा (दूधमेह) को रात के समय दूध की भी पर्याप्त सुविधा मिलेगी।