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Himachal Pradesh: भानुपल्ली-बिलासपुर-बैरी रेल लाइन की सुरंगों में 47 करोड़ से बिछेगा संचार नेटवर्क
Thu, 01 May 2025 05:00 AM IST
अंकेश डोगरा
संवाद न्यूज एजेंसी, बिलासपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, बिलासपुर
Published by: अंकेश डोगरा
Updated Thu, 01 May 2025 05:00 AM IST
सार
28 अप्रैल को बोली में कोंकण रेलवे ने 47 करोड़ रुपये की सबसे कम बोली लगाई, जबकि अन्य उपयुक्त कंपनियों की बोली इससे अधिक रही। पढ़ें पूरी खबर...
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रेलवे लाइन (सांकेतिक तस्वीर)।
- फोटो : अमर उजाला नेटवर्क
विस्तार
रेल विकास निगम लिमिटेड ने सामरिक दृष्टि से अहम भानुपल्ली-बिलासपुर-बैरी रेल लाइन की सुरंगों में एकीकृत संचार प्रणाली स्थापित करने का ठेका कोंकण रेलवे कॉर्पोरेशन लिमिटेड को 47 करोड़ दे दिया है। टेंडर की अनुमानित लागत आरवीएनएल ने 44 करोड़ रुपये रखी थी, जिसे कोंकण रेलवे ने सबसे कम दाम लगाकर अपने नाम किया।
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आरवीएनएल की चंडीगढ़ इकाई ने ओपन टेंडर जारी किया था। तकनीकी बोली 18 मार्च को खोली गई थी। एजीएम जीवन राम शर्मा की अध्यक्षता में गठित मूल्यांकन समिति ने निविदा देने वाली पांच कंपनियों में से कोंकण रेलवे, इरकॉन इंटरनेशनल लिमिटेड और रेलटेल कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया को इस टेंडर के लिए चुना था। दो कंपनियों को तकनीकी मानकों पर अयोग्य घोषित कर दिया गया। 28 अप्रैल को बोली में कोंकण रेलवे ने 47 करोड़ रुपये की सबसे कम बोली लगाई, जबकि अन्य उपयुक्त कंपनियों की बोली इससे अधिक रही। समिति ने कोंकण रेलवे की तकनीकी क्षमता, पिछले अनुभव और लागत को देखते हुए इस काम को इसे देने की सिफारिश की, जिसे उच्च अधिकारियों द्वारा स्वीकृत किया गया।
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बताते चलें कि इस कार्य के तहत टनल नंबर एक से सात तक वीएचएफ कम्युनिकेशन, सीसीटीवी निगरानी, टेलीफोन, इंटरकॉम, पब्लिक एड्रेस सिस्टम और नेटवर्किंग प्रणाली स्थापित की जाएगी। सुरंगों में तकनीकों की स्थापना से ट्रेन संचालन के दौरान नियंत्रण कक्ष, लोको पायलट और अन्य कर्मियों के बीच त्वरित और निर्बाध संपर्क बना रहेगा। रेलवे अधिकारियों का कहना है कि यह व्यवस्था न केवल संचार को बेहतर बनाएगी, बल्कि आपात स्थिति में त्वरित सूचना के आदान-प्रदान और प्रतिक्रिया में भी अहम भूमिका निभाएगी। यह रेल लाइन भानुपल्ली से शुरू होकर बिलासपुर होते हुए बैरी तक जाएगी। कुल 63.1 किलोमीटर लंबी रेल लाइन को वर्ष 2027 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
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