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Hamirpur (Himachal) News: भोरंज में कुत्तों का आतंक, दो बच्चे काटे, एक माह में 50 लोग पहुंचाए अस्पताल
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भोरंज (हमीरपुर)। उपमंडल भोरंज के विभिन्न गांवों और कस्बों में लावारिस और पालतू कुत्तों के आतंक से लोग परेशान हैं। मंगलवार सुबह नगरोटा गाजियां में पांचवीं कक्षा के छात्र और सातवीं कक्षा की छात्रा पर कुत्तों ने हमला कर दिया। गनीमत यह रही कि मौके पर मौजूद लोगों ने इन बच्चों को बचा लिया। दोनों बच्चों को गंभीर चोटें आई हैं और उनका इलाज सिविल अस्पताल भोरंज में करवाया जा रहा है। पिछले एक माह में भोरंज क्षेत्र में 50 से अधिक लोगों को ये कुत्ते काट चुके हैं।
अब अभिभावक अपने बच्चों को स्कूल भेजने से भी कतराने लगे हैं। टिक्करी मिंहासा की पंचायत प्रधान एकता कुमारी ने बताया कि उनकी पंचायत में दो गांव ऐसे हैं, जहां पर लोगों के कुछ पालतू और कुछ लावारिस कुत्ते झुंड में रहते हैं और राहगीरों, गाड़ियों और मोटरसाइकिल सवारों के पीछे-पीछे दौड़ते हैं। इससे कई दोपहिया वाहन चालक घायल हो चुके हैं। भोरंज पंचायत प्रधान संघ के प्रधान अजय चंदेल, भोरंज पंचायत प्रधान पूजा देवी, प्रधान विनोद कुमार, जोगिंदर राणा, कमलेश कुमार, मीरा देवी, गीता देवी, वीना देवी और पिंकी देवी आदि ने कहा कि भोरंज के जाहू, बस्सी, पट्टा, लदरौर, भरेड़ी समेत अधिकतर गांवों में कुत्तों के काटने की घटनाएं बढ़ी हैं। कुछ ग्रामीणों ने कुत्ते तो पाल लिए हैं, लेकिन उन्हें बांध कर नहीं रखते हैं। प्रशासन को ऐसे लोगों पर उचित कार्रवाई करनी चाहिए।
बीएमओ भोरंज डॉक्टर ललित कालिया ने बताया कि अस्पताल में कुत्तों के काटने के मामले हर रोज आ रहे हैं। मंगलवार को भी दो बच्चों को कुत्तों ने काट लिया। उएक माह में लगभग 50 मामले कुत्तों के काटने के सामने आए हैं और लोगों को इसके लिए इंजेक्शन लगाए जा रहे हैं ताकि गंभीर बीमारी से बचा जा सके।
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अब अभिभावक अपने बच्चों को स्कूल भेजने से भी कतराने लगे हैं। टिक्करी मिंहासा की पंचायत प्रधान एकता कुमारी ने बताया कि उनकी पंचायत में दो गांव ऐसे हैं, जहां पर लोगों के कुछ पालतू और कुछ लावारिस कुत्ते झुंड में रहते हैं और राहगीरों, गाड़ियों और मोटरसाइकिल सवारों के पीछे-पीछे दौड़ते हैं। इससे कई दोपहिया वाहन चालक घायल हो चुके हैं। भोरंज पंचायत प्रधान संघ के प्रधान अजय चंदेल, भोरंज पंचायत प्रधान पूजा देवी, प्रधान विनोद कुमार, जोगिंदर राणा, कमलेश कुमार, मीरा देवी, गीता देवी, वीना देवी और पिंकी देवी आदि ने कहा कि भोरंज के जाहू, बस्सी, पट्टा, लदरौर, भरेड़ी समेत अधिकतर गांवों में कुत्तों के काटने की घटनाएं बढ़ी हैं। कुछ ग्रामीणों ने कुत्ते तो पाल लिए हैं, लेकिन उन्हें बांध कर नहीं रखते हैं। प्रशासन को ऐसे लोगों पर उचित कार्रवाई करनी चाहिए।
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बीएमओ भोरंज डॉक्टर ललित कालिया ने बताया कि अस्पताल में कुत्तों के काटने के मामले हर रोज आ रहे हैं। मंगलवार को भी दो बच्चों को कुत्तों ने काट लिया। उएक माह में लगभग 50 मामले कुत्तों के काटने के सामने आए हैं और लोगों को इसके लिए इंजेक्शन लगाए जा रहे हैं ताकि गंभीर बीमारी से बचा जा सके।
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