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Hamirpur (Himachal) News: वीबी जी राम जी योजना पर सुमन भारती ने उठाए सवाल
Sat, 17 Jan 2026 01:07 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
Updated Sat, 17 Jan 2026 01:07 AM IST
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बड़सर (हमीरपुर)। जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुमन भारती ने शुक्रवार को बड़सर में पत्रकार वार्ता में विकसित भारत गारंटी फॉर रोजगार एंड आजीविका मिशन (ग्रामीण) (वीबी जी-राम-जी) पर सवाल उठाए हैं।
सुमन भारती ने कहा कि यूपीए सरकार की ओर से वर्ष 2006 में शुरू की गई महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के तहत ग्रामीण परिवारों को 100 दिन का गारंटेड रोजगार देने का प्रावधान था। अब केंद्र की भाजपा सरकार ने जी राम जी नाम से नई योजना की घोषणा की है, जिसमें 125 दिन का रोजगार देने का दावा किया गया है। नई योजना में यह शर्त रखी गई है कि जिस परिवार में किसी भी सदस्य को पेंशन मिलती है, वह इस योजना का पात्र नहीं होगा।
योजना के तहत साल में केवल आठ महीने ही काम मिलने की बात कही गई है, जबकि बरसात और सर्दियों के मौसम में काम उपलब्ध नहीं होगा। जब केवल आठ महीने ही काम मिलेगा और प्राकृतिक परिस्थितियों के कारण कई महीनों तक कार्य बाधित रहता है, तो 125 दिन का रोजगार आखिर कब और कैसे पूरा होगा। राज्य में हर साल बाढ़ और खराब मौसम के चलते कई बार छह महीने तक भी काम नहीं हो पाता।
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ऐसे में ग्रामीण मजदूरों को रोजगार की गारंटी कैसे मिलेगी, यह एक बड़ा प्रश्न है। उन्होंने कहा कि यदि सरकार ने इस योजना को वापस नहीं लिया या इसमें बदलाव नहीं किया तो इसके खिलाफ एक राष्ट्रव्यापी आंदोलन शुरू किया जाएगा।
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सुमन भारती ने कहा कि यूपीए सरकार की ओर से वर्ष 2006 में शुरू की गई महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) के तहत ग्रामीण परिवारों को 100 दिन का गारंटेड रोजगार देने का प्रावधान था। अब केंद्र की भाजपा सरकार ने जी राम जी नाम से नई योजना की घोषणा की है, जिसमें 125 दिन का रोजगार देने का दावा किया गया है। नई योजना में यह शर्त रखी गई है कि जिस परिवार में किसी भी सदस्य को पेंशन मिलती है, वह इस योजना का पात्र नहीं होगा।
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योजना के तहत साल में केवल आठ महीने ही काम मिलने की बात कही गई है, जबकि बरसात और सर्दियों के मौसम में काम उपलब्ध नहीं होगा। जब केवल आठ महीने ही काम मिलेगा और प्राकृतिक परिस्थितियों के कारण कई महीनों तक कार्य बाधित रहता है, तो 125 दिन का रोजगार आखिर कब और कैसे पूरा होगा। राज्य में हर साल बाढ़ और खराब मौसम के चलते कई बार छह महीने तक भी काम नहीं हो पाता।
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ऐसे में ग्रामीण मजदूरों को रोजगार की गारंटी कैसे मिलेगी, यह एक बड़ा प्रश्न है। उन्होंने कहा कि यदि सरकार ने इस योजना को वापस नहीं लिया या इसमें बदलाव नहीं किया तो इसके खिलाफ एक राष्ट्रव्यापी आंदोलन शुरू किया जाएगा।