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पेंशनर सरकार से भीख नहीं, हक मांग रहे हैं : ओमप्रकाश
Tue, 08 Oct 2024 07:49 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
Updated Tue, 08 Oct 2024 07:49 AM IST
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हिमाचल परिवहन सेवानिवृत्त कर्मचारी कल्याण मंच की बैठक की बैठक में उपस्थित पदाधिकारी और अन्य। -स
हमीरपुर। हिमाचल परिवहन सेवानिवृत्त कर्मचारी कल्याण मंच की बैठक सोमवार को चालक प्रशिक्षण केंद्र बस अड्डा हमीरपुर में हुई। जिलाध्यक्ष अजमेर ठाकुर की अध्यक्षता में हुई बैठक में प्रदेश उपाध्यक्ष ओमप्रकाश और प्रदेश सचिव नंदलाल भी विशेष रूप से उपस्थित रहे।
प्रदेश उपाध्यक्ष ओमप्रकाश ने बैठक में आरोप लगाया कि सरकार और एचआरटीसी प्रबंधन उच्च न्यायालय और उच्चतम न्यायालय के आदेशों को लागू नहीं कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि रिव्यू मामलों को लटकाने की प्रक्रिया से पेंशनरों के अधिकारों का उल्लंघन हो रहा है। उन्होंने कहा कि पेंशनरों ने अपनी मांगें उठाई हैं। यह कोई भीख नहीं बल्कि पेंशनरों का हक हैं।
जिलाध्यक्ष ने कहा कि पिछले दो वर्षों से चिकित्सा बिलों का भुगतान नहीं हुआ है। इससे वृद्धावस्था में बीमारियों से ग्रस्त पेंशनरों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्हें बैंकों से कर्ज लेकर इलाज करवाना पड़ रहा है। उन्होने कहा कि 65, 70 और 75 वर्ष के पेंशनरों को अभी तक 5, 10 और 15 प्रतिशत का लाभ नहीं दिया गया है, जबकि अन्य विभागों में यह लाभ दिया जा चुका है।
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इसके अलावा, 1 जनवरी 2016 से एरियर और महंगाई भत्ते का भुगतान भी परिवहन पेंशनरों को नहीं किया गया है, जबकि अन्य विभागों को यह दो किस्तों में मिल चुका है। बैठक में उपस्थित सदस्यों ने सरकार और निगम प्रबंधन से अपील की कि उन्हें बुजुर्गावस्था में सड़कों पर उतरने के लिए मजबूर न किया जाए। इस बैठक में रामलाल, बलदेब, कुलवंत, भागसिंह, सुखदेव, सतीष, रघुनाथ, हरनाम, बलबीर, सुरिंद्र और अमीचंद सहित अन्य उपस्थित रहे।
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प्रदेश उपाध्यक्ष ओमप्रकाश ने बैठक में आरोप लगाया कि सरकार और एचआरटीसी प्रबंधन उच्च न्यायालय और उच्चतम न्यायालय के आदेशों को लागू नहीं कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि रिव्यू मामलों को लटकाने की प्रक्रिया से पेंशनरों के अधिकारों का उल्लंघन हो रहा है। उन्होंने कहा कि पेंशनरों ने अपनी मांगें उठाई हैं। यह कोई भीख नहीं बल्कि पेंशनरों का हक हैं।
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जिलाध्यक्ष ने कहा कि पिछले दो वर्षों से चिकित्सा बिलों का भुगतान नहीं हुआ है। इससे वृद्धावस्था में बीमारियों से ग्रस्त पेंशनरों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्हें बैंकों से कर्ज लेकर इलाज करवाना पड़ रहा है। उन्होने कहा कि 65, 70 और 75 वर्ष के पेंशनरों को अभी तक 5, 10 और 15 प्रतिशत का लाभ नहीं दिया गया है, जबकि अन्य विभागों में यह लाभ दिया जा चुका है।
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इसके अलावा, 1 जनवरी 2016 से एरियर और महंगाई भत्ते का भुगतान भी परिवहन पेंशनरों को नहीं किया गया है, जबकि अन्य विभागों को यह दो किस्तों में मिल चुका है। बैठक में उपस्थित सदस्यों ने सरकार और निगम प्रबंधन से अपील की कि उन्हें बुजुर्गावस्था में सड़कों पर उतरने के लिए मजबूर न किया जाए। इस बैठक में रामलाल, बलदेब, कुलवंत, भागसिंह, सुखदेव, सतीष, रघुनाथ, हरनाम, बलबीर, सुरिंद्र और अमीचंद सहित अन्य उपस्थित रहे।