फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Hamirpur (Himachal) News ›   Mewa-Bamsan lift drinking water scheme under Bhoranj division

Hamirpur (Himachal) News: भोरंज मंडल के अधीन हुई मेवा-बमसन उठाऊ पेयजल योजना

Tue, 18 Jun 2024 05:26 PM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Tue, 18 Jun 2024 05:26 PM IST
विज्ञापन
कंज्याण के सहायक अभियंता करेंगे अब पूरे प्रोजेक्ट की देखरेख
विज्ञापन


प्रदेश सरकार की स्वीकृति के बाद हमीरपुर से भोरंज मंडल को किया शिफ्ट

संवाद न्यूज एजेंसी

जाहू (हमीरपुर)। प्रदेश की पहली कंप्यूटरीकृत मेवा-बमसन लगवालती उठाऊ पेयजल योजना अब जल शक्ति विभाग भोरंज मंडल के अधीन होगी । कंज्याण उपमंडल के सहायक अभियंता इसकी देखरेख करेंगे। इससे पहले यह योजना जलशक्ति विभाग मंडल हमीरपुर के ऊहल सब डिवीजन के अधीन थी और लंबे समय में इसे भोरंज मंडल के अंतर्गत करने की मांग पंचायत प्रतिनिधि सरकार व भोरंज के विधायक सुरेश कुमार से कर रहे थे।

सरकार की स्वीकृति के बाद जल शक्ति विभाग ने इसे भोरंज मंडल के अधीन कर दिया है। इसका रखरखाव व संचालन भोरंज मंडल के अधिकारी करेंगे। प्रदेश की पहली कंप्यूटरीकृत पेयजल योजना मेवा-बमसन (जाखू) वर्ष 2007-08 में शुरू हुई है। इस योजना से 214 गांवों को जोड़ा गया है। इसमें भोरंज विधानसभा क्षेत्र के सबसे अधिक 153 गांव शामिल किए गए हैं। टौणी देवी के आठ, गवारडू के सात, संगरोह क्षेत्र के 46 गांव शामिल हैं। गांवों की अधिक संख्या होने के कारण भोरंज को 71 प्रतिशत पानी की हिस्सेदारी बनती हैं जबकि यहां 33 फीसदी पानी ही मिलता है। ऊहल क्षेत्र ज्यादा पानी ले रहा है। इससे भोरंज क्षेत्र में पानी की समस्या बनी रहती है। सूत्रों का कहना है कि विभाग ने स्थानीय पेयजल योजनाओं बौडू, कुनसरा व अन्य को बंद दिया है और मेवा-बमसन योजना से जोड़ दिया है। यही नहीं जल शक्ति विभाग ने बारी मंदिर और टौणी देवी को भी इस योजना से जोड़ दिया है। दूसरी ओर योजना की मेन पाइप लाइन पुरानी होने के कारण बार-बार टूट रही है। इसका सीधी असर भोरंज विधानसभा क्षेत्र में पड़ रहा है। सरकार के आदेश पर जल शक्ति विभाग के उच्च अधिकारियों ने मेवा-बमसन पेयजल योजना को भोरंज मंडल के अधीन करने के आदेश जारी किए हैं।
विज्ञापन




कोट
जल शक्ति विभाग मंडल भोरंज के अधिशासी अभियंता प्रदीप चड्ढा ने कहा कि मेवा-बमसन प्रोजेक्ट अब भोरंज मंडल के अधीन आ गया है। कंज्याण उपमंडल के सहायक अभियंता को इसका चार्ज लेने के आदेश जारी किए गए हैं। उन्होंने कहा कि योजना की मेन पाइप लाइन पुरानी होने की वजह से बड़ी समस्या पेश आ रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed