{"_id":"686d0c4e218e0f23f30b43b3","slug":"forest-department-will-plant-6000-saplings-in-badsar-area-hamirpur-hp-news-c-94-1-hmp1004-160619-2025-07-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hamirpur (Himachal) News: बड़सर क्षेत्र में 6000 पौधे लगाएगा वन विभाग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hamirpur (Himachal) News: बड़सर क्षेत्र में 6000 पौधे लगाएगा वन विभाग
Wed, 09 Jul 2025 05:46 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
Updated Wed, 09 Jul 2025 05:46 AM IST
विज्ञापन
मानसून में हरियाली बढ़ाने को मिशन मोड पर काम शुरू
संवाद न्यूज एजेंसी
सलौणी (हमीरपुर)। पर्यावरण संरक्षण को लेकर उपमंडल बड़सर में वन विभाग ने व्यापक पौधारोपण अभियान की तैयारियां शुरू कर दी हैं। इस अभियान के तहत विभिन्न वन बीटों में 6000 पौधे रोपे जाएंगे। वन विभाग मानसून के मौसम को अनुकूल मानते हुए जुलाई महीने से ही इस कार्य को प्राथमिकता पर अंजाम देने जा रहा है।
रेंज ऑफिसर बड़सर मनीष शर्मा ने बताया कि बुंबलू , जंदराना, सरेड़ीं, पनियाली, रैली और सठवीं बीटों की करीब 20 हेक्टेयर खाली पड़ी वन भूमि पर पौधरोपण किया जाएगा। इनमें हरड़, बहेड़ा, जामुन, आंवला, कचनार और बांस जैसे बहुपयोगी और औषधीय पौधों को रोपित किया जाएगा, जो न सिर्फ हरियाली बढ़ाएंगे बल्कि स्थानीय जैव विविधता को भी समृद्ध करेंगे। वन विभाग इस अभियान को सामुदायिक भागीदारी के साथ आगे बढ़ाना चाहता है, ताकि पौधों की देखरेख और सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। अधिकारी का कहना है कि यह पहल जलवायु परिवर्तन की चुनौती से निपटने और क्षेत्र को हरित क्षेत्र में बदलने की दिशा में एक ठोस कदम है।
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
सलौणी (हमीरपुर)। पर्यावरण संरक्षण को लेकर उपमंडल बड़सर में वन विभाग ने व्यापक पौधारोपण अभियान की तैयारियां शुरू कर दी हैं। इस अभियान के तहत विभिन्न वन बीटों में 6000 पौधे रोपे जाएंगे। वन विभाग मानसून के मौसम को अनुकूल मानते हुए जुलाई महीने से ही इस कार्य को प्राथमिकता पर अंजाम देने जा रहा है।
रेंज ऑफिसर बड़सर मनीष शर्मा ने बताया कि बुंबलू , जंदराना, सरेड़ीं, पनियाली, रैली और सठवीं बीटों की करीब 20 हेक्टेयर खाली पड़ी वन भूमि पर पौधरोपण किया जाएगा। इनमें हरड़, बहेड़ा, जामुन, आंवला, कचनार और बांस जैसे बहुपयोगी और औषधीय पौधों को रोपित किया जाएगा, जो न सिर्फ हरियाली बढ़ाएंगे बल्कि स्थानीय जैव विविधता को भी समृद्ध करेंगे। वन विभाग इस अभियान को सामुदायिक भागीदारी के साथ आगे बढ़ाना चाहता है, ताकि पौधों की देखरेख और सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। अधिकारी का कहना है कि यह पहल जलवायु परिवर्तन की चुनौती से निपटने और क्षेत्र को हरित क्षेत्र में बदलने की दिशा में एक ठोस कदम है।
विज्ञापन