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Hamirpur (Himachal) News: बीटल नस्ल की बकरियों को पालेंगे भोरंज के पशुपालक
Sun, 29 Jun 2025 12:52 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
Updated Sun, 29 Jun 2025 12:52 AM IST
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जाहू (हमीरपुर)। उपमंडल भोरंज के पशुपालक बीटल नस्ल की बकरियां पालेंगे। इससे पशुपालकों की आर्थिकी मजबूत होगी। वाटर शेड परियोजना के तहत भोरंज ब्लॉक की छह पंचायतों के करीब 60 पशुपालकों को बकरी पालन व्यवसाय के लिए जागरूक किया गया।
पशुपालकों को हरियाणा राज्य की बीटल प्रजाति की तीन बकरियां, जिनमें दो मादा व एक नर शामिल हैं, दी जा रही हैं। इस पर करीब 18 लाख रुपये खर्च होंगे। जाहू और भलवानी में पशुपालकों को पंचायत की अनुशंसा पर बकरियां वितरित की जा चुकी हैं। धमरोल, धिरड़, कक्कड़ व बडैहर में अभी तक वितरण होना है।
योजना के अनुसार प्रत्येक पंचायत के दस पशुपालकों का चयन किया गया है। इससे एक पंचायत के दस पशुपालकों को 30 बकरियां दी जाएंगी। कुल 180 बकरियां दी जाएंगी, जिनमें 120 बकरियां और 60 बकरे होंगे। भोरंज ब्लॉक में वाटरशेड परियोजना के कार्य काे देख रही कनिष्ठ अभियंता अनुराधा कंवर ने बताया कि पंचायत द्वारा प्रपोजित पशुपालकों को बकरियां वितरित की जा रही है।
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वहीं, खंड विकास अधिकारी भोरंज कुलवंत सिंह ने बताया कि बकरी पालन व्यवसाय काे अपनाने के लिए लोगों को बकरियां बांटीं जा रही हैं। हरियाणा राज्य की बीटल नस्ल की बकरी हिमाचल प्रदेश में काफी मशहूर है। इसे अमृतसरी बकरी के नाम से भी जाना जाता है। मुख्य रूप से इन्हें दूध और मांस उत्पादन के लिए पाला जाता है।
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पशुपालकों को हरियाणा राज्य की बीटल प्रजाति की तीन बकरियां, जिनमें दो मादा व एक नर शामिल हैं, दी जा रही हैं। इस पर करीब 18 लाख रुपये खर्च होंगे। जाहू और भलवानी में पशुपालकों को पंचायत की अनुशंसा पर बकरियां वितरित की जा चुकी हैं। धमरोल, धिरड़, कक्कड़ व बडैहर में अभी तक वितरण होना है।
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योजना के अनुसार प्रत्येक पंचायत के दस पशुपालकों का चयन किया गया है। इससे एक पंचायत के दस पशुपालकों को 30 बकरियां दी जाएंगी। कुल 180 बकरियां दी जाएंगी, जिनमें 120 बकरियां और 60 बकरे होंगे। भोरंज ब्लॉक में वाटरशेड परियोजना के कार्य काे देख रही कनिष्ठ अभियंता अनुराधा कंवर ने बताया कि पंचायत द्वारा प्रपोजित पशुपालकों को बकरियां वितरित की जा रही है।
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वहीं, खंड विकास अधिकारी भोरंज कुलवंत सिंह ने बताया कि बकरी पालन व्यवसाय काे अपनाने के लिए लोगों को बकरियां बांटीं जा रही हैं। हरियाणा राज्य की बीटल नस्ल की बकरी हिमाचल प्रदेश में काफी मशहूर है। इसे अमृतसरी बकरी के नाम से भी जाना जाता है। मुख्य रूप से इन्हें दूध और मांस उत्पादन के लिए पाला जाता है।