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Hamirpur (Himachal) News: चित्रकला में आयना और नारा लेखन में ऋषिका प्रथम
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सुजानपुर (हमीरपुर)। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय चबूतरा में शुक्रवार को वो दिन योजना के तहत किशोरावस्था एवं पोषण व्यवहार परिवर्तन पर कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसमें सीडीपीओ कुलदीप सिंह चौहान ने बतौर मुख्यातिथि शिरकत की। उन्होंने कहा कि मानव जीवन में किशोरावस्था, बाल्यावस्था एवं प्रौढ़ावस्था के बीच की एक महत्वपूर्ण कड़ी है। यही कारण है कि इसे विकास एवं वृद्धि के अवसरों का द्वितीय द्वार भी कहा गया है। बाल्यावस्था की पोषण-जनित समस्याओं के प्रभावों का यद्यपि पूर्ण निदान कभी भी संभव नहीं है तथापि किशोरावस्था में सही पोषण से इन समस्याओं के प्रभाव को कम किया जा सकता है और कुपोषण के दुष्चक्र को तोड़ा जा सकता है।
उन्होंने किशोरियों को मासिक धर्म स्वच्छता, किशोर अवस्था में होने वाले बदलावों और संतुलित मोटे अनाजों से युक्त भोजन लेने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि सुपर फूड एवं स्मार्ट फूड से विख्यात हो रहे ये खाद्य पदार्थ न केवल सूक्ष्म पोषक तत्वों तथा कैल्शियम, आयरन, फास्फोरस, मैग्नीशियम, जिंक, पोटेशियम, विटामिन बी-6 एवं विटामिन बी-3 से परिपूर्ण हैं बल्कि फाइबर एवं फाइटोकेमिकल्स के श्रेष्ठ भंडार भी हैं। इस आयु में तेजी से हो रहे विकास के दृष्टिगत सूक्ष्म पोषक तत्वों विशेषकर कैल्शियम की आवश्यकता रहती है। सिविल अस्पताल सुजानपुर से डॉ. सुमित ने पोषण विविधता एवं डॉ. रुपाली ने सीजनल एवं रीजनल आहार, फलों एवं सब्जियों के उपयोग पर किशोरों और किशोरियों को जागृत किया। पोषण रंगोली का भी आयोजन किया गया तथा मानव जीवन में पोषण महत्व पर पेंटिंग एवं नारा लेखन प्रतियोगिता का भी आयोजन किया गया। चित्रकला में आयना प्रथम, दीक्षा द्वितीय तथा नियति तृतीय स्थान पर रहीं। नारा लेखन में ऋषिका नंदिनी प्रथम, राधिका वर्मा द्वितीय तथा सपना कथियाल तृतीय स्थान पर रहीं।
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उन्होंने किशोरियों को मासिक धर्म स्वच्छता, किशोर अवस्था में होने वाले बदलावों और संतुलित मोटे अनाजों से युक्त भोजन लेने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि सुपर फूड एवं स्मार्ट फूड से विख्यात हो रहे ये खाद्य पदार्थ न केवल सूक्ष्म पोषक तत्वों तथा कैल्शियम, आयरन, फास्फोरस, मैग्नीशियम, जिंक, पोटेशियम, विटामिन बी-6 एवं विटामिन बी-3 से परिपूर्ण हैं बल्कि फाइबर एवं फाइटोकेमिकल्स के श्रेष्ठ भंडार भी हैं। इस आयु में तेजी से हो रहे विकास के दृष्टिगत सूक्ष्म पोषक तत्वों विशेषकर कैल्शियम की आवश्यकता रहती है। सिविल अस्पताल सुजानपुर से डॉ. सुमित ने पोषण विविधता एवं डॉ. रुपाली ने सीजनल एवं रीजनल आहार, फलों एवं सब्जियों के उपयोग पर किशोरों और किशोरियों को जागृत किया। पोषण रंगोली का भी आयोजन किया गया तथा मानव जीवन में पोषण महत्व पर पेंटिंग एवं नारा लेखन प्रतियोगिता का भी आयोजन किया गया। चित्रकला में आयना प्रथम, दीक्षा द्वितीय तथा नियति तृतीय स्थान पर रहीं। नारा लेखन में ऋषिका नंदिनी प्रथम, राधिका वर्मा द्वितीय तथा सपना कथियाल तृतीय स्थान पर रहीं।
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