{"_id":"68e17b75fae509dae406f52e","slug":"a-group-of-monkeys-injured-a-woman-in-kaihadru-hamirpur-hp-news-c-94-1-hmp1026-168947-2025-10-05","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hamirpur (Himachal) News: कैहडरू में बंदरों के झुंड ने महिला को किया घायल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hamirpur (Himachal) News: कैहडरू में बंदरों के झुंड ने महिला को किया घायल
Sun, 05 Oct 2025 01:24 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
Updated Sun, 05 Oct 2025 01:24 AM IST
विज्ञापन
बंदरों के हमले में घायल कैहडरू गांव की बीना देवी । स्रोत जागरूक पाठक
डिडवीं टिक्कर (हमीरपुर)। ग्राम पंचायत धरोग के गांव कैहडरू में बंदरों के झुंड ने एक महिला पर हमला कर घायल कर दिया। महिला के शोर मचाने पर अन्य लोग मौके पर पहुंचे और उन्होंने महिला को बंदरों के हमले से बचाया।
इस हमले में महिला को बाजू और टांगों पर चोट आई हैं। मिली जानकारी के अनुसार बीना देवी पत्नी बिहारी लाल निवासी कैहडरू कृषि संबंधी काम से खेतों की ओर जा रही थी कि रास्ते में बंदरों के झुंड ने हमला कर दिया। क्षेत्र में बंदरों के आतंक से लोगों का जीना मुश्किल हो गया है।
बंदरों का आतंक इतना अधिक बढ़ गया है कि अब लोगों को पशुओं के लिए चारा लाना तथा कृषि संबंधी कार्य करने के लिए घर से बाहर निकलना मुश्किल हो गया है। स्थानीय लोगों में बैनी प्रसाद, कर्म चंद, मालती देवी विधि चंद, निर्मला देवी, करतार चंद, मदन लाल, रविदत्त, सुनील कुमार का कहना है कि पहले बंदर केवल फसलों काे बर्बाद करते थे, लेकिन अब इन्होंने मनुष्यों पर हमला करना शुरू कर दिया है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि पहले भी कई बार पंचायत प्रतिनिधियों से इन बंदरों के आतंक से छुटकारा दिलाने की मांग की गई थी, लेकिन आज तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है। उन्होंने बताया कि अगर लोग मौके पर नहीं पहुंचते तो यह बंदरों का झुंड महिला को गंभीर रूप से घायल कर सकता था। लोगों ने पंचायत प्रतिनिधियों से मांग की है कि शीघ्र ही इन बंदरों से राहत दिलाई जाए।
विज्ञापन
इस हमले में महिला को बाजू और टांगों पर चोट आई हैं। मिली जानकारी के अनुसार बीना देवी पत्नी बिहारी लाल निवासी कैहडरू कृषि संबंधी काम से खेतों की ओर जा रही थी कि रास्ते में बंदरों के झुंड ने हमला कर दिया। क्षेत्र में बंदरों के आतंक से लोगों का जीना मुश्किल हो गया है।
विज्ञापन
बंदरों का आतंक इतना अधिक बढ़ गया है कि अब लोगों को पशुओं के लिए चारा लाना तथा कृषि संबंधी कार्य करने के लिए घर से बाहर निकलना मुश्किल हो गया है। स्थानीय लोगों में बैनी प्रसाद, कर्म चंद, मालती देवी विधि चंद, निर्मला देवी, करतार चंद, मदन लाल, रविदत्त, सुनील कुमार का कहना है कि पहले बंदर केवल फसलों काे बर्बाद करते थे, लेकिन अब इन्होंने मनुष्यों पर हमला करना शुरू कर दिया है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि पहले भी कई बार पंचायत प्रतिनिधियों से इन बंदरों के आतंक से छुटकारा दिलाने की मांग की गई थी, लेकिन आज तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है। उन्होंने बताया कि अगर लोग मौके पर नहीं पहुंचते तो यह बंदरों का झुंड महिला को गंभीर रूप से घायल कर सकता था। लोगों ने पंचायत प्रतिनिधियों से मांग की है कि शीघ्र ही इन बंदरों से राहत दिलाई जाए।