{"_id":"5a859d4e4f1c1bb1208b9632","slug":"61518705998-hamirpur-hp-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"भोटा स्वास्थ्य केंद्र में रात्रि सेवा बंद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
भोटा स्वास्थ्य केंद्र में रात्रि सेवा बंद
Updated Thu, 15 Feb 2018 10:12 PM IST
विज्ञापन
डॉक्टर
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमर उजाला ब्यूरो
भोटा (हमीरपुर)। उपतहसील भोटा में ए ग्रेड का दर्जा प्राप्त प्राइमरी स्वास्थ्य केंद्र में स्टाफ की कमी के कारण रात्रि सेवाएं बंद कर दी गई हैं। इसके अंतर्गत क्षेत्र की लगभग 12 पंचायतों को सुविधा मिलती है। अस्पताल में दैनिक ओपीडी लगभग डेढ़ सौ के करीब है, लेकिन स्टाफ की कमी के कारण यह ओपीडी घटती जा रही है। अस्पताल में रात्रि सेवा बंद होने से लोगों को क्षेत्रीय अस्पताल हमीरपुर आने को मजबूर होना पड़ रहा है। अस्पताल में चिकित्सक के तीन पद स्वीकृत हैं, लेकिन इनमें से दो पद रिक्त हैं। अस्पताल में एक महिला चिकित्सक ही सेवाएं दे रही हैं। दो नर्सों के टांडा भेजने से समस्या और गंभीर हो गई है। अस्पताल में रात्रि सेवा बंद होने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। काशीनाथ, अमरनाथ, जगदीश चंद, रत्न चंद, दलीप चंद, लेख राम, योगराज, अनिल, चंद्रशेखर आदि का कहना है कि अगर अस्पताल में रात्रि सेवाएं बहाल न की गईं तो यहां की जनता आंदोलन करने के लिए मजबूर हो जाएगी। लोगों ने विभाग से अस्पताल में रात्रि सेवाएं बहाल करने और दूसरे चिकित्सकों की तैनाती करने की मांग उठाई है। इस संबंध में सीएमओ सवित्री कटवाल का कहना है कि स्टाफ की कमी के कारण अस्पताल में रात्रि सेवाएं अस्थायी रूप से बंद हुई हैं। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य केंद्र में जैसे ही स्टाफ की तैनाती हो जाएगी, रात्रि सेवाएं सुचारु कर दी जाएंगी।
विज्ञापन
भोटा (हमीरपुर)। उपतहसील भोटा में ए ग्रेड का दर्जा प्राप्त प्राइमरी स्वास्थ्य केंद्र में स्टाफ की कमी के कारण रात्रि सेवाएं बंद कर दी गई हैं। इसके अंतर्गत क्षेत्र की लगभग 12 पंचायतों को सुविधा मिलती है। अस्पताल में दैनिक ओपीडी लगभग डेढ़ सौ के करीब है, लेकिन स्टाफ की कमी के कारण यह ओपीडी घटती जा रही है। अस्पताल में रात्रि सेवा बंद होने से लोगों को क्षेत्रीय अस्पताल हमीरपुर आने को मजबूर होना पड़ रहा है। अस्पताल में चिकित्सक के तीन पद स्वीकृत हैं, लेकिन इनमें से दो पद रिक्त हैं। अस्पताल में एक महिला चिकित्सक ही सेवाएं दे रही हैं। दो नर्सों के टांडा भेजने से समस्या और गंभीर हो गई है। अस्पताल में रात्रि सेवा बंद होने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। काशीनाथ, अमरनाथ, जगदीश चंद, रत्न चंद, दलीप चंद, लेख राम, योगराज, अनिल, चंद्रशेखर आदि का कहना है कि अगर अस्पताल में रात्रि सेवाएं बहाल न की गईं तो यहां की जनता आंदोलन करने के लिए मजबूर हो जाएगी। लोगों ने विभाग से अस्पताल में रात्रि सेवाएं बहाल करने और दूसरे चिकित्सकों की तैनाती करने की मांग उठाई है। इस संबंध में सीएमओ सवित्री कटवाल का कहना है कि स्टाफ की कमी के कारण अस्पताल में रात्रि सेवाएं अस्थायी रूप से बंद हुई हैं। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य केंद्र में जैसे ही स्टाफ की तैनाती हो जाएगी, रात्रि सेवाएं सुचारु कर दी जाएंगी।