{"_id":"5b6ef3eb4f1c1b05468b71eb","slug":"121533998059-hamirpur-hp-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"वन भूमि के अतिक्रमण संभावित क्षेत्रों में होगी तारबंदी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
वन भूमि के अतिक्रमण संभावित क्षेत्रों में होगी तारबंदी
Updated Sat, 11 Aug 2018 10:44 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हमीरपुर। जिले में वन भूमि के अतिक्रमण संभावित क्षेत्रों में विभाग तारबंदी करवाएगा। वन विभाग को तारबंदी के लिए 30 लाख रुपये बजट की स्वीकृति मिल चुकी है। विभाग ने जिला मुख्यालय समेत अन्य जगहों पर अतिक्रमण को रोकने के लिए कमर कस ली है। इस कार्रवाई से जिला मुख्यालय के कई रसूखदारों में भी हड़कंप मचने वाला है।
जिला मुख्यालय पर कृष्णानगर, हीरानगर और पक्काभरो समेत अन्य जगहों पर वन भूमि पर कई रसूखदारों ने अवैध कब्जा कर रखा है। लेकिन, इनके रसूख के चलते पूर्व में वन विभाग इन पर कार्रवाई नहीं कर पाया है। वहीं अब वन विभाग ने अपनी भूमि से अतिक्रमण हटाओ अभियान शुरू करने का एलान कर दिया है। जिसके चलते माना जा रहा है कि अब रसूखदारों पर भी कार्रवाई होगी। कई जगह वन भूमि में बसें, ट्रक और ट्राले भी खड़े किए जा रहे हैं। यह कॉमर्शियल ऑपरेटर भी वन विभाग के निशाने पर हैं। अगर वन विभाग ने बिना किसी भेदभाव के कार्रवाई शुरू की तो शीघ्र ही वन भूमि अतिक्रमण से मुक्त हो जाएगी। उधर, डीएफओ हमीरपुर प्रीति भंडारी ने कहा कि जिला मुख्यालय पर वन भूमि को अतिक्रमण से मुक्त करवाने के लिए शीघ्र कार्रवाई शुरू होगी। अतिक्रमण संभावित क्षेत्रों में शीघ्र तारबंदी की जाएगी। हीरानगर और कृष्णानगर में वन भूमि पर हुए अवैध कब्जों को भी शीघ्र हटाया जाएगा। तारबंदी के लिए विभाग को 30 लाख का बजट स्वीकृत हो चुका है।
विज्ञापन
जिला मुख्यालय पर कृष्णानगर, हीरानगर और पक्काभरो समेत अन्य जगहों पर वन भूमि पर कई रसूखदारों ने अवैध कब्जा कर रखा है। लेकिन, इनके रसूख के चलते पूर्व में वन विभाग इन पर कार्रवाई नहीं कर पाया है। वहीं अब वन विभाग ने अपनी भूमि से अतिक्रमण हटाओ अभियान शुरू करने का एलान कर दिया है। जिसके चलते माना जा रहा है कि अब रसूखदारों पर भी कार्रवाई होगी। कई जगह वन भूमि में बसें, ट्रक और ट्राले भी खड़े किए जा रहे हैं। यह कॉमर्शियल ऑपरेटर भी वन विभाग के निशाने पर हैं। अगर वन विभाग ने बिना किसी भेदभाव के कार्रवाई शुरू की तो शीघ्र ही वन भूमि अतिक्रमण से मुक्त हो जाएगी। उधर, डीएफओ हमीरपुर प्रीति भंडारी ने कहा कि जिला मुख्यालय पर वन भूमि को अतिक्रमण से मुक्त करवाने के लिए शीघ्र कार्रवाई शुरू होगी। अतिक्रमण संभावित क्षेत्रों में शीघ्र तारबंदी की जाएगी। हीरानगर और कृष्णानगर में वन भूमि पर हुए अवैध कब्जों को भी शीघ्र हटाया जाएगा। तारबंदी के लिए विभाग को 30 लाख का बजट स्वीकृत हो चुका है।
विज्ञापन