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Chamba News: खतरे के साए में बसों की मरम्मत कर रहे वर्कशॉप के कर्मचारी
Sun, 18 Feb 2024 10:43 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Sun, 18 Feb 2024 10:43 PM IST
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चंबा। हिमाचल प्रदेश पथ परिवहन निगम चंबा की कार्यशाला में कर्मचारी खतरे के साए में बसों के कलपुर्जाें की मरम्मत कर रहे हैं।
एक तरफ छत की हालत जर्जर है। दूसरी तरफ लगे लोहे के एंगल भी गिरने के कगार पर हैं। हैरानी की बात है कि खस्ताहाल छतों पर निगम के अधिकारियों की नजर नहीं पड़ रही है। हालांकि, कार्यशाला की मरम्मत के लिए एस्टीमेट तो अधिकारियों ने कई बार बनाए हैं, मगर आज तक बजट का प्रावधान नहीं हो पाया है। बहरहाल, बसों की मरम्मत करने वाले कर्मचारी खतरे की जद में कलपुर्जाें की मरम्मत कर रहे हैं। जानकारी के अनुसार बीते दिनाें भी इस तरह की घटना सामने आई है। काम कर रहे कर्मचारी पर छत की चादर गिर गई। गनीमत यह रही कि कर्मचारी को ज्यादा चोटें नहीं आई हैं। चंबा मेडिकल कॉलेज में प्राथमिक उपचार के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है।
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सरकार की ओर से इस कर्मशाला की सुध नहीं ली जा रही है। कई बार अधिकारी कार्यशाला का निरीक्षण कर चुके हैं, मगर आज दिन तक बजट का प्रावधान नहीं हुआ।
- विवेक गुलेरिया
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वर्कशाप में खतरे के साए में कर्मचारी काम कर रहे हैं। सरकार की ओर से इस बारे कोई सुध नहीं ली जा रही है। बीते दिनों भी एक हादसा हुआ है, जहां एक कर्मचारी घायल हुआ।
- इश्वेंद्र सिंह
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निगम की बसों की मरम्मत का कार्य कर्मशाला में होता है। काफी संख्या में कर्मचारी काम करते हैं, मगर खस्ताहाल छत के चलते हर समय हादसा होने का खतरा बना रहता है।
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- रोहित कुमार
-- सरकार और परिवहन निगम को खस्ताहाल हो चुकी वर्कशाप की सुध लेनी चाहिए, जिससे किसी प्रकार की अप्रिय घटना न हो। कर्मचारी खतरे के साए में काम करते हैं।
- अर्जुन सिंह
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आरएम चंबा शुगल सिंह ने कहा कि यह मामला ध्यान में है। इस बारे में निदेशालय एस्टीमेट बनाकर भेजा है। कहा कि जैसे ही बजट का प्रावधान होगा तो मरम्मत कार्य शुरू कर दिया जाएगा।
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एक तरफ छत की हालत जर्जर है। दूसरी तरफ लगे लोहे के एंगल भी गिरने के कगार पर हैं। हैरानी की बात है कि खस्ताहाल छतों पर निगम के अधिकारियों की नजर नहीं पड़ रही है। हालांकि, कार्यशाला की मरम्मत के लिए एस्टीमेट तो अधिकारियों ने कई बार बनाए हैं, मगर आज तक बजट का प्रावधान नहीं हो पाया है। बहरहाल, बसों की मरम्मत करने वाले कर्मचारी खतरे की जद में कलपुर्जाें की मरम्मत कर रहे हैं। जानकारी के अनुसार बीते दिनाें भी इस तरह की घटना सामने आई है। काम कर रहे कर्मचारी पर छत की चादर गिर गई। गनीमत यह रही कि कर्मचारी को ज्यादा चोटें नहीं आई हैं। चंबा मेडिकल कॉलेज में प्राथमिक उपचार के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है।
सरकार की ओर से इस कर्मशाला की सुध नहीं ली जा रही है। कई बार अधिकारी कार्यशाला का निरीक्षण कर चुके हैं, मगर आज दिन तक बजट का प्रावधान नहीं हुआ।
- विवेक गुलेरिया
वर्कशाप में खतरे के साए में कर्मचारी काम कर रहे हैं। सरकार की ओर से इस बारे कोई सुध नहीं ली जा रही है। बीते दिनों भी एक हादसा हुआ है, जहां एक कर्मचारी घायल हुआ।
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- इश्वेंद्र सिंह
निगम की बसों की मरम्मत का कार्य कर्मशाला में होता है। काफी संख्या में कर्मचारी काम करते हैं, मगर खस्ताहाल छत के चलते हर समय हादसा होने का खतरा बना रहता है।
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- रोहित कुमार
- अर्जुन सिंह
आरएम चंबा शुगल सिंह ने कहा कि यह मामला ध्यान में है। इस बारे में निदेशालय एस्टीमेट बनाकर भेजा है। कहा कि जैसे ही बजट का प्रावधान होगा तो मरम्मत कार्य शुरू कर दिया जाएगा।