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Chamba News: गनेड़ स्कूल में अध्यापकों के छह पद खाली
Mon, 10 Apr 2023 11:10 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Mon, 10 Apr 2023 11:10 PM IST
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तीसा (चंबा) विधानसभा क्षेत्र चुराह के तहत आती राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला गनेड़ के विद्यार्थी 100 रुपये प्रतिमाह देकर शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। स्कूल में हालात ऐसे हैं कि पांच सालों से अध्यापकों के छह पद खाली पड़े हुए हैं, जिन्हें आज तक भरा नहीं गया है। तीन पंचायतों के बच्चे दूरदराज पैदल सफर तय करके स्कूल में पढ़ाई करने के लिए पहुंच रह हैं लेकिन अध्यापकों की कमी के कारण उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
गौरतलब है कि वर्ष 2019 में गनेड़ स्कूल को उच्च से वरिष्ठ माध्यमिक कर दिया गया जिससे बच्चों को जमा एक और जमा दो के विद्यार्थियों को दूसरे स्कूलों में विज्ञान संकाय की शिक्षा ग्रहण करने के लिए नहीं जाना पड़े। एसएमसी ने बच्चों को पढ़ाने के लिए अध्यापक नियुक्त किए हैं जिन्हें विद्यार्थी प्रतिमाह 100 रुपये फीस के रूप में देते हैं।
अभिभावकों योगराज, प्रकाश चंद, मदन लाल, सुनील कुमार, विनोद कुमार, नरेश कुमार और अनिल कुमार ने बताया कि गनेड़ स्कूल में पांच सालों से अध्यापकों के छह पद खाली पड़े हुए हैं। इन्हें भरने के लिए प्रदेश सरकार ने कोई उचित कदम नहीं उठाए हैं। इसके चलते अभिभावकों को अपने बच्चों के भविष्य की चिंता सता रही है। स्कूल में टीजीटी नॉन मेडिकल, इतिहास, राजनीतिक शास्त्र, हिंदी, आईटी, शारीरिक शिक्षक और अंग्रेजी विषयों के अध्यापकों के पद पांच साल से नहीं भरे गए हैं। इसके चलते बच्चे दूसरे स्कूलों में दाखिला लेने की सोच रहे हैं। कहा कि एसएमसी अध्यक्ष की ओर से कई बार लिखित प्रस्ताव शिक्षा विभाग को भेजा गया है। बावजूद इसके समस्या का कोई समाधान नहीं हो पाया है।
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उच्च शिक्षा उपनिदेशक प्यार सिंह चाढ़क ने बताया कि अध्यापकों के खाली पदों के बारे में प्रदेश सरकार को बार-बार अवगत करवाया जाता है।
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गौरतलब है कि वर्ष 2019 में गनेड़ स्कूल को उच्च से वरिष्ठ माध्यमिक कर दिया गया जिससे बच्चों को जमा एक और जमा दो के विद्यार्थियों को दूसरे स्कूलों में विज्ञान संकाय की शिक्षा ग्रहण करने के लिए नहीं जाना पड़े। एसएमसी ने बच्चों को पढ़ाने के लिए अध्यापक नियुक्त किए हैं जिन्हें विद्यार्थी प्रतिमाह 100 रुपये फीस के रूप में देते हैं।
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अभिभावकों योगराज, प्रकाश चंद, मदन लाल, सुनील कुमार, विनोद कुमार, नरेश कुमार और अनिल कुमार ने बताया कि गनेड़ स्कूल में पांच सालों से अध्यापकों के छह पद खाली पड़े हुए हैं। इन्हें भरने के लिए प्रदेश सरकार ने कोई उचित कदम नहीं उठाए हैं। इसके चलते अभिभावकों को अपने बच्चों के भविष्य की चिंता सता रही है। स्कूल में टीजीटी नॉन मेडिकल, इतिहास, राजनीतिक शास्त्र, हिंदी, आईटी, शारीरिक शिक्षक और अंग्रेजी विषयों के अध्यापकों के पद पांच साल से नहीं भरे गए हैं। इसके चलते बच्चे दूसरे स्कूलों में दाखिला लेने की सोच रहे हैं। कहा कि एसएमसी अध्यक्ष की ओर से कई बार लिखित प्रस्ताव शिक्षा विभाग को भेजा गया है। बावजूद इसके समस्या का कोई समाधान नहीं हो पाया है।
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उच्च शिक्षा उपनिदेशक प्यार सिंह चाढ़क ने बताया कि अध्यापकों के खाली पदों के बारे में प्रदेश सरकार को बार-बार अवगत करवाया जाता है।