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Chamba News: मेडिकल काॅलेज में पांचवें दिन भी धक्के खाते रहे मरीज
Fri, 02 Jun 2023 10:41 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Fri, 02 Jun 2023 10:41 PM IST
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चंबा मेडिकल कॉलेज में पेनडाउन हड़ताल के चलते मेडिसिन ओपीडी के बाहर परेशान खड़े मरीज और तीमारद
चंबा। दिन शुक्रवार। स्थान चंबा मेडिकल कॉलेज। चिकित्सकों की हड़ताल का पांचवां दिन। अस्पताल के बाहर चिकित्सक और एमबीबीएस प्रशिक्षु एनपीए बंद करने के विरोध में पेन डाउन हड़ताल कर रहे हैं। ओपीडी के बाहर मरीज चिकित्सक के आने का इंतजार कर रहे हैं। सुबह 9:30 बजे शिशु रोग ओपीडी के बाहर महिलाएं अपने बीमार बच्चों को गोद में उठाकर खड़ी हैं।
निजी सुरक्षा कर्मी तीमारदारों को कतार में खड़े होने के लिए कह रहा है। सुबह 10:00 बजे तक जब कोई चिकित्सक ओपीडी नहीं पहुंचता है तो महिलाएं अपने बीमार बच्चों को गोद में लेकर फर्श में बैठ जाती हैं। महिला ओपीडी के बाहर भी गर्भवती महिलाएं हाथ में पर्ची लेकर ठंडे फर्श पर बैठकर चिकित्सक के आने का इंतजार कर रही हैं। इसी तरह हड्डी और मेडिसिन ओपीडी के बाहर मरीजों की भीड़ लगी हुई है। हड़ताल को लेकर मरीज चिकित्सकों के साथ सरकार को भी कोस रहे हैं। इतना ही नहीं अल्ट्रासाउंड केंद्र के बाहर महिलाएं अपना अल्ट्रासाउंड करवाने के लिए बैठी हैं लेकिन चिकित्सक के पेनडाउन हड़ताल पर होने के कारण उनका अल्ट्रासाउंड नहीं किया जा रहा है। इसके साथ सीटी और एमआरआई के मरीजों को भी इंतजार करना पड़ रहा है। सुबह 10:15 बजे जैसे ही पेनडाउन हड़ताल समाप्त होती है तो चिकित्सक अपनी-अपनी ओपीडी में बैठ जाते हैं। चिकित्सकों के ओपीडी में आते ही बाहर मरीजों में पहले जांच करवाने की होड़ मच जाती है। हर मरीज पहले ओपीडी में जांच करवाने को लेकर एक-दूसरे के साथ धक्का-मुक्की कर रहा है। मेडिकल कॉलेज फैकल्टी एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉक्टर मानिक सहगल ने बताया कि चिकित्सक एनपीए बंद करने के विरोध में हड़ताल कर रहे हैं। सरकार ने राज्य एसोसिएशन को बातचीत के लिए तीन जून को बुलाया है। इसमें उनकी मांग पूरी होने पर हड़ताल को खत्म कर दिया जाएगा।
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निजी सुरक्षा कर्मी तीमारदारों को कतार में खड़े होने के लिए कह रहा है। सुबह 10:00 बजे तक जब कोई चिकित्सक ओपीडी नहीं पहुंचता है तो महिलाएं अपने बीमार बच्चों को गोद में लेकर फर्श में बैठ जाती हैं। महिला ओपीडी के बाहर भी गर्भवती महिलाएं हाथ में पर्ची लेकर ठंडे फर्श पर बैठकर चिकित्सक के आने का इंतजार कर रही हैं। इसी तरह हड्डी और मेडिसिन ओपीडी के बाहर मरीजों की भीड़ लगी हुई है। हड़ताल को लेकर मरीज चिकित्सकों के साथ सरकार को भी कोस रहे हैं। इतना ही नहीं अल्ट्रासाउंड केंद्र के बाहर महिलाएं अपना अल्ट्रासाउंड करवाने के लिए बैठी हैं लेकिन चिकित्सक के पेनडाउन हड़ताल पर होने के कारण उनका अल्ट्रासाउंड नहीं किया जा रहा है। इसके साथ सीटी और एमआरआई के मरीजों को भी इंतजार करना पड़ रहा है। सुबह 10:15 बजे जैसे ही पेनडाउन हड़ताल समाप्त होती है तो चिकित्सक अपनी-अपनी ओपीडी में बैठ जाते हैं। चिकित्सकों के ओपीडी में आते ही बाहर मरीजों में पहले जांच करवाने की होड़ मच जाती है। हर मरीज पहले ओपीडी में जांच करवाने को लेकर एक-दूसरे के साथ धक्का-मुक्की कर रहा है। मेडिकल कॉलेज फैकल्टी एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉक्टर मानिक सहगल ने बताया कि चिकित्सक एनपीए बंद करने के विरोध में हड़ताल कर रहे हैं। सरकार ने राज्य एसोसिएशन को बातचीत के लिए तीन जून को बुलाया है। इसमें उनकी मांग पूरी होने पर हड़ताल को खत्म कर दिया जाएगा।
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