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Chamba News: मेपल लकड़ी की तस्करी के मामले में कर्मचारियों की मिलीभगत पर भी जांच
Sun, 10 Mar 2024 07:28 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Sun, 10 Mar 2024 07:28 PM IST
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मेपल लकड़ी की तस्करी के मामले में कर्मचारियों की मिलीभगत पर भी जांच
अवैध कटान वाले जंगलों में तैनात कर्मचारियों की लापरवाही को लेकर भी की जा रही है छानबीन
लापरवाही पर होगी कड़ी कार्रवाई, चेकपोस्ट पर तैनात कर्मचारियों की सक्रियता भी जांच के दायरे में
संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। मेपल लकड़ी की अवैध तस्करी के मामले में वन विभाग अपने स्टाफ की मिलीभगत को लेकर भी जांच कर रहा है। इसमें यदि किसी विभागीय कर्मचारी की मिलीभगत पाई गई तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। जिन जंगलों में मेपल की लकड़ी का अवैध कटान हुआ है, वहां तैनात कर्मचारियों की लापरवाही को लेकर भी जांच की जा रही है। इसमें भी यदि कर्मचारी की लापरवाही मिलती है तो उसके विरुद्ध भी विभाग कड़ी कार्रवाई करेगा। विभाग की चेकपोस्ट पर तैनात कर्मचारियों की सक्रियता को भी जांचा जा रहा है। फिलहाल, अभी तक इस मामले में विभाग के किसी भी कर्मचारी की मिलीभगत की बात सामने नहीं आई है। विभाग इतने बड़े स्तर पर होने वाली मेपल लकड़ी की तस्करी को लेकर किसी प्रकार की ढील बरतने के लिए तैयार नहीं है। तस्करी करने वाले बाहरी राज्यों के लोगों को पकड़ा गया है। उनकी मदद करने वाले स्थानीय लोगों को भी मामले में पकड़ा गया है। अब विभाग इसको लेकर भी गहनता से जांच कर रहा है कि कहीं विभागीय कर्मचारी इन तस्करों के साथ मिले तो नहीं है। मेपल लकड़ी की तस्करी पिछले कई सालों से चंबा में चल रही है। इससे पहले भी चंबा में कई तस्कर मेपल की लकड़ी के साथ पकड़े जा चुके हैं। जंगल में जाकर आखिरकार कटर चलाकर पेड़ों से मेपल की गांठों को तस्कर कैसे काटकर ले जाते हैं, इसको लेकर भी विभाग बारीकी से जांच कर रहा है।
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वनमंडल अधिकारी चंबा कृतज्ञ कुमार ने बताया कि मेपल लकड़ी की अवैध तस्करी के मामले में विभागीय कर्मचारियों की मिलीभगत को लेकर भी जांच की जा रही है। इसके अलावा कर्मचारियों की डयूटी के दौरान लापरवाही को भी जांचा जा रहा है। इसमें यदि कोई दोषी पाया जाता है तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
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अवैध कटान वाले जंगलों में तैनात कर्मचारियों की लापरवाही को लेकर भी की जा रही है छानबीन
लापरवाही पर होगी कड़ी कार्रवाई, चेकपोस्ट पर तैनात कर्मचारियों की सक्रियता भी जांच के दायरे में
संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। मेपल लकड़ी की अवैध तस्करी के मामले में वन विभाग अपने स्टाफ की मिलीभगत को लेकर भी जांच कर रहा है। इसमें यदि किसी विभागीय कर्मचारी की मिलीभगत पाई गई तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। जिन जंगलों में मेपल की लकड़ी का अवैध कटान हुआ है, वहां तैनात कर्मचारियों की लापरवाही को लेकर भी जांच की जा रही है। इसमें भी यदि कर्मचारी की लापरवाही मिलती है तो उसके विरुद्ध भी विभाग कड़ी कार्रवाई करेगा। विभाग की चेकपोस्ट पर तैनात कर्मचारियों की सक्रियता को भी जांचा जा रहा है। फिलहाल, अभी तक इस मामले में विभाग के किसी भी कर्मचारी की मिलीभगत की बात सामने नहीं आई है। विभाग इतने बड़े स्तर पर होने वाली मेपल लकड़ी की तस्करी को लेकर किसी प्रकार की ढील बरतने के लिए तैयार नहीं है। तस्करी करने वाले बाहरी राज्यों के लोगों को पकड़ा गया है। उनकी मदद करने वाले स्थानीय लोगों को भी मामले में पकड़ा गया है। अब विभाग इसको लेकर भी गहनता से जांच कर रहा है कि कहीं विभागीय कर्मचारी इन तस्करों के साथ मिले तो नहीं है। मेपल लकड़ी की तस्करी पिछले कई सालों से चंबा में चल रही है। इससे पहले भी चंबा में कई तस्कर मेपल की लकड़ी के साथ पकड़े जा चुके हैं। जंगल में जाकर आखिरकार कटर चलाकर पेड़ों से मेपल की गांठों को तस्कर कैसे काटकर ले जाते हैं, इसको लेकर भी विभाग बारीकी से जांच कर रहा है।
वनमंडल अधिकारी चंबा कृतज्ञ कुमार ने बताया कि मेपल लकड़ी की अवैध तस्करी के मामले में विभागीय कर्मचारियों की मिलीभगत को लेकर भी जांच की जा रही है। इसके अलावा कर्मचारियों की डयूटी के दौरान लापरवाही को भी जांचा जा रहा है। इसमें यदि कोई दोषी पाया जाता है तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
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