{"_id":"607c5e2b8ebc3ebd004991e2","slug":"hundreds-of-dead-fish-found-in-khajjiar-lake-chamba-news-chamba-news-sml367861496","type":"story","status":"publish","title_hn":"खज्जियार झील में मिली सैकड़ों मरी मछलियां","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
खज्जियार झील में मिली सैकड़ों मरी मछलियां
विज्ञापन
खज्जियार झील में मरी मछलियां।
- फोटो : Chamba
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
खज्जियार (चंबा)। पर्यटक स्थल खज्जियार की झील में रविवार को सैकडों मछलियां मरी हुई पाई गई। रविवार को सुबह के समय जब खज्जियार के युवा झील की तरफ गए तो वहां पर उन्हें चारों तरफ मरी हुई मछलियां नजर आई। जिसे देख सभी युवा काफी निराश हुए और मछलियों के मरने के पीछे वन्य प्राणी विभाग को जिम्मेवार ठहराया। युवाओं का कहना है कि झील में दूषित पानी मिलने की वजह से इन मछलियों की मौत हुई है।
झील के चारों तरफ बनी नालियों में कई महीनों से बारिश का पानी जमा था। विभाग की ओर से नालियों में जमा दूषित पानी को निकालने के लिए कोई व्यवस्था नहीं की गई। शनिवार को जब खज्जियार में तेज बारिश हुई तो नालियां पानी से पूरी तरह से भर गई। नालियों में ऊपर तक पानी भरने से सारा दूषित पानी झील के पानी में घुल गया जिसकी वजह से मछलियां मरी। स्थानीय युवाओं में मोनू ठाकुर, सुभाष कुमार, सन्नी, मनीष, सुरेश व सोनू कुमार ने बताया कि रविवार सुबह जब उन्होंने झील में मरी हुई मछलियां देखी तो उन्हें काफी ठेस पहुंची। क्योंकि झील व मछलियों को बचाने के लिए स्थानीय लोग पूरा सहयोग दे रहे हैं। ऐसे में वन्य प्राणी विभाग की लापरवाही की वजह से सैकड़ों मछलियां बिना वजह मर गई। इस मामले की पूरी तरह से जांच होनी चाहिए।
मामले की पूरी तरह से जांच पड़ताल होगी : डीएफओ
वन्य प्राणी विभाग के डीएफओ राजीव कुमार ने बताया कि मछलियों के मरने को लेकर मामला उनके ध्यान में लाया गया है। इस मामले की पूरी तरह से जांच पड़ताल करवाई जाएगी। मछलियों के संरक्षण को लेकर उचित प्रबंध किए जाएंगे।
विज्ञापन
लोगों को झील के पानी से अभी दूर रहना चाहिए : एसएमओ
एसएमओ डलहौजी डॉक्टर विपिन ठाकुर ने बताया कि झील का पानी पीने वालों को दस्त लग सकते हैं। इसके अलावा झील के पानी से जल्द ही मरी हुई मछलियां नहीं निकाली गई तो वहां पर बीमारी फैलाने वाले मच्छर भी पैदा हो सकते हैं। इसलिए लोगों को झील के पानी से अभी दूर रहना चाहिए।
विज्ञापन
झील के चारों तरफ बनी नालियों में कई महीनों से बारिश का पानी जमा था। विभाग की ओर से नालियों में जमा दूषित पानी को निकालने के लिए कोई व्यवस्था नहीं की गई। शनिवार को जब खज्जियार में तेज बारिश हुई तो नालियां पानी से पूरी तरह से भर गई। नालियों में ऊपर तक पानी भरने से सारा दूषित पानी झील के पानी में घुल गया जिसकी वजह से मछलियां मरी। स्थानीय युवाओं में मोनू ठाकुर, सुभाष कुमार, सन्नी, मनीष, सुरेश व सोनू कुमार ने बताया कि रविवार सुबह जब उन्होंने झील में मरी हुई मछलियां देखी तो उन्हें काफी ठेस पहुंची। क्योंकि झील व मछलियों को बचाने के लिए स्थानीय लोग पूरा सहयोग दे रहे हैं। ऐसे में वन्य प्राणी विभाग की लापरवाही की वजह से सैकड़ों मछलियां बिना वजह मर गई। इस मामले की पूरी तरह से जांच होनी चाहिए।
विज्ञापन
मामले की पूरी तरह से जांच पड़ताल होगी : डीएफओ
वन्य प्राणी विभाग के डीएफओ राजीव कुमार ने बताया कि मछलियों के मरने को लेकर मामला उनके ध्यान में लाया गया है। इस मामले की पूरी तरह से जांच पड़ताल करवाई जाएगी। मछलियों के संरक्षण को लेकर उचित प्रबंध किए जाएंगे।
विज्ञापन
लोगों को झील के पानी से अभी दूर रहना चाहिए : एसएमओ
एसएमओ डलहौजी डॉक्टर विपिन ठाकुर ने बताया कि झील का पानी पीने वालों को दस्त लग सकते हैं। इसके अलावा झील के पानी से जल्द ही मरी हुई मछलियां नहीं निकाली गई तो वहां पर बीमारी फैलाने वाले मच्छर भी पैदा हो सकते हैं। इसलिए लोगों को झील के पानी से अभी दूर रहना चाहिए।