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क्वारंटीन न करने के फैसले पर डॉक्टरों में रोष
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चंबा। मेडिकल कालेज चंबा के डाक्टरों ने वीरवार को काले बिल्ले लगाकर सरकार के प्रति रोष प्रकट किया। सरकार ने हाल ही में आदेश जारी किए हैं कि कोविड में ड्यूटी कर रहे डॉक्टरों को क्वारंटीन नहीं किया जाएगा।
इस फैसले को लेकर प्रदेश के डॉक्टरों में भारी रोष है क्योंकि, पहले कोविड वार्ड में दस दिन ड्यूटी देने वाले डॉक्टर को सात दिन के लिए क्वारंटीन किया जाता था। इससे सात दिन में इस बात का पता लग जाता था कि कोविड ड्यूटी के दौरान डॉक्टर संक्रमित तो नहीं हुआ? सात दिन में कोरोना के लक्षण सामने आ जाते हैं। लेकिन, अब इस व्यवस्था को खत्म कर दिया गया है। इसके लेकर कोरोना मरीजों का इलाज करने वाले डॉक्टरों में रोष है। पहले मेडिकल ऑफिसर इसका विरोध कर रहे थे।
अब मेडिकल कॉलेज की फैकल्टी एसोसिएशन ने भी इसका समर्थन किया है। एसोसिएशन के प्रधान डॉक्टर आदित्य कश्यप ने बताया कि क्वारंटीन न करने से न सिर्फ डॉक्टर के परिवार बल्कि, जिन मरीज का वे उपचार करेंगे उन्हें भी खतरा रहेगा। साथ ही कोरोना की रोकथाम में मुश्किल होगी। हाल में कोरोना योद्धा जिन्होंने वैक्सीन की दोनों डोज लगवा ली थीं, वे भी कोविड ड्यूटी के बाद पॉजिटिव पाए गए हैं। ऐसे में कवारंटीन नहीं होने से संक्रमण और फैल सकता है।
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उन्होंने सरकार से अनुरोध किया है कि सरकार कोरोना काल में घर परिवार की जान और सेहत की परवाह किए बिना काम कर रहे डॉक्टर और अन्य पैरामेडिकल स्टाफ की भलाई के लिए आदेशों को जल्द वापस ले।
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इस फैसले को लेकर प्रदेश के डॉक्टरों में भारी रोष है क्योंकि, पहले कोविड वार्ड में दस दिन ड्यूटी देने वाले डॉक्टर को सात दिन के लिए क्वारंटीन किया जाता था। इससे सात दिन में इस बात का पता लग जाता था कि कोविड ड्यूटी के दौरान डॉक्टर संक्रमित तो नहीं हुआ? सात दिन में कोरोना के लक्षण सामने आ जाते हैं। लेकिन, अब इस व्यवस्था को खत्म कर दिया गया है। इसके लेकर कोरोना मरीजों का इलाज करने वाले डॉक्टरों में रोष है। पहले मेडिकल ऑफिसर इसका विरोध कर रहे थे।
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अब मेडिकल कॉलेज की फैकल्टी एसोसिएशन ने भी इसका समर्थन किया है। एसोसिएशन के प्रधान डॉक्टर आदित्य कश्यप ने बताया कि क्वारंटीन न करने से न सिर्फ डॉक्टर के परिवार बल्कि, जिन मरीज का वे उपचार करेंगे उन्हें भी खतरा रहेगा। साथ ही कोरोना की रोकथाम में मुश्किल होगी। हाल में कोरोना योद्धा जिन्होंने वैक्सीन की दोनों डोज लगवा ली थीं, वे भी कोविड ड्यूटी के बाद पॉजिटिव पाए गए हैं। ऐसे में कवारंटीन नहीं होने से संक्रमण और फैल सकता है।
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उन्होंने सरकार से अनुरोध किया है कि सरकार कोरोना काल में घर परिवार की जान और सेहत की परवाह किए बिना काम कर रहे डॉक्टर और अन्य पैरामेडिकल स्टाफ की भलाई के लिए आदेशों को जल्द वापस ले।