{"_id":"67ebd9a289e80a2a290b863d","slug":"childrens-swings-are-becoming-junk-in-chamba-city-chamba-news-c-88-1-ssml1006-147413-2025-04-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Chamba News: चंबा शहर में बच्चों के झूले बन रहे कबाड़","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Chamba News: चंबा शहर में बच्चों के झूले बन रहे कबाड़
विज्ञापन
चंबा शहर में बच्चों के झूले बन रहे कबाड़
मिंजर मेले के दौरान निकाले थे झूले, दोबारा नहीं लगाए
पांच नंबर चौगान में कबाड़ की तरह रखे हैं निकाले गए झूले
संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। शहर के चिल्ड्रन पार्क में खेलने के लिए स्थापित किए गए झूले अब कबाड़ बन चुके हैं। मिंजर मेले के दौरान चौगान नंबर चार से इन झूलों को निकाला था लेकिन उसके बाद दोबारा झूलों को चौगान में स्थापित नहीं किया। जबकि, शहर के बच्चे खेलने के लिए रोजाना इस चौगान में पहुंचते हैं। चौगान नंबर पांच में झूले कबाड़ की तरह रखे गए हैं जो बारिश और धूप के कारण खुले में सड़ने लगे हैं। नगर परिषद इन झूलों को दोबारा स्थापित करने में कोई दिलचस्पी नहीं दिखा रही है। जिला प्रशासन ने मिंजर में चार नंबर चौगान को नीलाम करके लाखों रुपये तो अर्जित कर लिए लेकिन वहां छोटे बच्चों को मिलने वाली सुविधा को छीन लिया।
शहरवासियों जय सिंह, अजय कुमार, संजय शर्मा, राज कुमार, मयंक, अभिषेक, योगराज, सुरेंद्र और मान सिंह ने बताया कि स्कूल से छुट्टी करने के बाद बच्चे शाम को इस आस से चार नंबर चौगान में जाते थे कि वे झूलों का आनंद उठाएंगे लेकिन अब बच्चों को वहां झूले देखने को नहीं मिल रहे हैं। उन्होंने प्रशासन और नगर परिषद से मांग की है कि बच्चों के खेलने के लिए दोबारा झूलों को स्थापित किया जाए। नप अध्यक्ष नीलम नैयर ने बताया कि जल्द चार नंबर चौगान में झूले स्थापित किए जाएंगे।
विज्ञापन
मिंजर मेले के दौरान निकाले थे झूले, दोबारा नहीं लगाए
पांच नंबर चौगान में कबाड़ की तरह रखे हैं निकाले गए झूले
संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। शहर के चिल्ड्रन पार्क में खेलने के लिए स्थापित किए गए झूले अब कबाड़ बन चुके हैं। मिंजर मेले के दौरान चौगान नंबर चार से इन झूलों को निकाला था लेकिन उसके बाद दोबारा झूलों को चौगान में स्थापित नहीं किया। जबकि, शहर के बच्चे खेलने के लिए रोजाना इस चौगान में पहुंचते हैं। चौगान नंबर पांच में झूले कबाड़ की तरह रखे गए हैं जो बारिश और धूप के कारण खुले में सड़ने लगे हैं। नगर परिषद इन झूलों को दोबारा स्थापित करने में कोई दिलचस्पी नहीं दिखा रही है। जिला प्रशासन ने मिंजर में चार नंबर चौगान को नीलाम करके लाखों रुपये तो अर्जित कर लिए लेकिन वहां छोटे बच्चों को मिलने वाली सुविधा को छीन लिया।
शहरवासियों जय सिंह, अजय कुमार, संजय शर्मा, राज कुमार, मयंक, अभिषेक, योगराज, सुरेंद्र और मान सिंह ने बताया कि स्कूल से छुट्टी करने के बाद बच्चे शाम को इस आस से चार नंबर चौगान में जाते थे कि वे झूलों का आनंद उठाएंगे लेकिन अब बच्चों को वहां झूले देखने को नहीं मिल रहे हैं। उन्होंने प्रशासन और नगर परिषद से मांग की है कि बच्चों के खेलने के लिए दोबारा झूलों को स्थापित किया जाए। नप अध्यक्ष नीलम नैयर ने बताया कि जल्द चार नंबर चौगान में झूले स्थापित किए जाएंगे।
विज्ञापन