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भामसं ने प्रधानमंत्री को भेजा ज्ञापन
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गेट मीटिंग के दौरान भारतीय मजदूर संघ सुरंगानी के सदस्य़।
- फोटो : Chamba
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चंबा। सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों का निजीकरण, विनिवेशीकरण, निगमीकरण, रणनीतिक बिक्री और संपत्ति मुद्रीकरण के विरोध में भारतीय मजदूर संघ ने बैरा स्यूल पावर स्टेशन सुरंगानी इकाई के अध्यक्ष खेंखो राम की अगुवाई में महाप्रबंधक के माध्यम से प्रधानमंत्री को ज्ञापन भेजा। कहा कि केंद्रीय सार्वजनिक प्रतिष्ठान बहुत प्रयासों और विशाल बुनियादी ढांचे के साथ स्थापित किए गए हैं।
निजी कंपनियों के हाथों में सार्वजनिक उपक्रमों को सौंप देने का निर्णय एक तबाही के रूप में साबित होगा। क्योंकि, सरकार इन सार्वजनिक उपक्रमों की बेच कर जमीन या मशीनरी को कभी हासिल नहीं कर पाएगी। उन्होंने मांग उठाई है कि प्रतिरक्षा क्षेत्र अध्यादेश के निगमीकरण और सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों की रणनीति बिक्री पर रोक लगाई जाए।
भारतीय मजदूर संघ बैरास्यूल पावर स्टेशन सुरंगानी इकाई के महासचिव जसवंत सिंह, उपाध्यक्ष राजिंद्र कुमार, सचिव आशा देवी, राकेश कुमार, कमलेश कुमार, होशियार सिंह, भागदेई, देशराज, सुरेंद्र कुमार, बालकृष्ण, जय सिंह, कर्म चंद, प्यार चंद, सुभाष कुमार आदि मौजूद रहे।
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निजी कंपनियों के हाथों में सार्वजनिक उपक्रमों को सौंप देने का निर्णय एक तबाही के रूप में साबित होगा। क्योंकि, सरकार इन सार्वजनिक उपक्रमों की बेच कर जमीन या मशीनरी को कभी हासिल नहीं कर पाएगी। उन्होंने मांग उठाई है कि प्रतिरक्षा क्षेत्र अध्यादेश के निगमीकरण और सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों की रणनीति बिक्री पर रोक लगाई जाए।
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भारतीय मजदूर संघ बैरास्यूल पावर स्टेशन सुरंगानी इकाई के महासचिव जसवंत सिंह, उपाध्यक्ष राजिंद्र कुमार, सचिव आशा देवी, राकेश कुमार, कमलेश कुमार, होशियार सिंह, भागदेई, देशराज, सुरेंद्र कुमार, बालकृष्ण, जय सिंह, कर्म चंद, प्यार चंद, सुभाष कुमार आदि मौजूद रहे।
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