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Chamba News: इंश्योरेंस कंपनी को 17.49 लाख 9 फीसदी ब्याज सहित देने के आदेश
Mon, 30 Mar 2026 10:49 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Mon, 30 Mar 2026 10:49 PM IST
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10 हजार रुपये मुआवजा और मुकदमेबाजी का खर्च का भी कंपनी करेगी भुगतान
जिला उपभोक्ता आयोग ने सुनाया फैसला, चौली पुल टूटने से क्षतिग्रस्त हो गया था वाहन
संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। टिपर वाहन का इंश्योरेंस होने के बावजूद मुआवजा राशि न देने पर उपभोक्ता आयोग धर्मशाला-चंबा की अदालत ने इंश्योरेंस कंपनी पर शिकंजा कस दिया है।
आयोग ने इंश्योरेंस कंपनी की को 17 लाख 49 हजार 500 रुपये की राशि 9 प्रतिशत ब्याज सहित प्रभावित को देने के आदेश दिए हैं। कंपनी को मुकदमेबाजी पर खर्च 10 हजार रुपये और 10 हजार रुपये मुआवजा भी देना होगा।
जिला उपभोक्ता आयोग की अदालत में पीड़ित ने बताया कि उनके टिपर वाहन का 1 जून 2022 से 31 मई 2023 वाहन का इंश्योरेंस था। पॉलिसी अवधि के दौरान 3 फरवरी 2023 को चौली पुल टूटने से उनका वाहन की दुर्घटनाग्रस्त हो गया। इससे उन्हें भारी नुकसान हुआ।
दुर्घटना के बाद सर्वेयर, पुलिस टीम ने घटनास्थल पर वस्तुस्थिति का जायजा लेकर रिपोर्ट तैयार की। सभी दस्तावेजों के आधार पर उन्होंने इंश्योरेंस कंपनी को समस्त दस्तावेज सौंपकर मुआवजा राशि के लिए आवेदन किया। करीब नौ माह तक चले कागजों को लेकर तफ्तीश के बाद कंपनी ने इंश्योरेंस की राशि देने से साफ मना कर दिया। इसके बाद पीड़ित परिवार ने जिला उपभोक्ता आयोग धर्मशाला-चंबा में केस दायर किया। आयोग के अध्यक्ष हिमांशु मिश्रा ने इंश्योरेंस कंपनी को 17 लाख 49 हजार 500 रुपये की राशि 9 प्रतिशत ब्याज सहित अदा करने के आदेश दिए हैं। इतना ही नहीं, इंश्योरेंस कंपनी की ओर से पीड़ित को 10 हजार रुपये मुआवजा और मुकदमेबाजी पर खर्च के रूप में 10 हजार रुपये भी देने होंगे।
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जिला उपभोक्ता आयोग ने सुनाया फैसला, चौली पुल टूटने से क्षतिग्रस्त हो गया था वाहन
संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। टिपर वाहन का इंश्योरेंस होने के बावजूद मुआवजा राशि न देने पर उपभोक्ता आयोग धर्मशाला-चंबा की अदालत ने इंश्योरेंस कंपनी पर शिकंजा कस दिया है।
आयोग ने इंश्योरेंस कंपनी की को 17 लाख 49 हजार 500 रुपये की राशि 9 प्रतिशत ब्याज सहित प्रभावित को देने के आदेश दिए हैं। कंपनी को मुकदमेबाजी पर खर्च 10 हजार रुपये और 10 हजार रुपये मुआवजा भी देना होगा।
जिला उपभोक्ता आयोग की अदालत में पीड़ित ने बताया कि उनके टिपर वाहन का 1 जून 2022 से 31 मई 2023 वाहन का इंश्योरेंस था। पॉलिसी अवधि के दौरान 3 फरवरी 2023 को चौली पुल टूटने से उनका वाहन की दुर्घटनाग्रस्त हो गया। इससे उन्हें भारी नुकसान हुआ।
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दुर्घटना के बाद सर्वेयर, पुलिस टीम ने घटनास्थल पर वस्तुस्थिति का जायजा लेकर रिपोर्ट तैयार की। सभी दस्तावेजों के आधार पर उन्होंने इंश्योरेंस कंपनी को समस्त दस्तावेज सौंपकर मुआवजा राशि के लिए आवेदन किया। करीब नौ माह तक चले कागजों को लेकर तफ्तीश के बाद कंपनी ने इंश्योरेंस की राशि देने से साफ मना कर दिया। इसके बाद पीड़ित परिवार ने जिला उपभोक्ता आयोग धर्मशाला-चंबा में केस दायर किया। आयोग के अध्यक्ष हिमांशु मिश्रा ने इंश्योरेंस कंपनी को 17 लाख 49 हजार 500 रुपये की राशि 9 प्रतिशत ब्याज सहित अदा करने के आदेश दिए हैं। इतना ही नहीं, इंश्योरेंस कंपनी की ओर से पीड़ित को 10 हजार रुपये मुआवजा और मुकदमेबाजी पर खर्च के रूप में 10 हजार रुपये भी देने होंगे।
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