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Bilaspur News: बैठक में पहुंचे मात्र पांच अधिकारी, बीडीसी सदस्यों ने किया बहिष्कार

Tue, 18 Jun 2024 11:25 PM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Tue, 18 Jun 2024 11:25 PM IST
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Only five officers reached the meeting, BDC members boycotted it
- सुझाए गए कार्य को को गंभीरता से नहीं लेने का लगाया आरोप
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- रवैया नहीं सुधरा तो सड़कों पर आंदोलन करने की दी चेतावनी

संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। उपमंडल सदर के बीडीसी के सदस्यों की मंगलवार को बुलाई त्रैमासिक बैठक में मात्र पांच विभागीय अधिकारी पहुंचे। इससे आक्रोशित बीडीसी सदस्यों ने बैठक का बहिष्कार कर दिया।

बीडीसी सदस्यों ने आरोप लगाया है कि उनकी ओर से सुझाए कार्य को अधिकारी गंभीरता से नहीं लेते। साथ ही यह एलान भी कर दिया कि जब तक अधिकारियों का उपेक्षा करने का रवैया नहीं सुधारता है, तक तक भविष्य में भी बैठकों का बहिष्कार जारी रहेगा और सड़क पर आंदोलन करने पर विवश होंगे। जानकारी के अनुसार आदर्श चुनाव आचार संहिता के चलते बीडीसी की त्रैमासिक बैठक पांच माह बाद मंगलवार को हो रही थी। बैठक में भाग लेने करीब सभी बीडीसी सदस्य पहुंचे, लेकिन विभिन्न विभागीय अधिकारियों ने इस बैठक में आने में गंभीरता नहीं दिखाई। मात्र पांच विभागों के अधिकारी ही बैठक में पहुंचे। बैठक शुरू हुई तो बीडीओ सदर ने एक फोन सुना। वह यह कह कर चले गए कि एसडीएम ने बुला लिया है। बीडीओ के चले जाने के बाद बीडीसी सदस्यों का आक्रोश और भी बढ़ गया। सभी बीडीसी सदस्यों ने बैठक का बहिष्कार कर दिया। इसके बाद बीडीसी सदस्यों ने परिधि गृह बिलासपुर में प्रेस वार्ता की। बीडीसी सदर की अध्यक्ष सीता धीमान, हरनोड़ा वार्ड के अशोक शर्मा, खारसी वार्ड के आत्मदेव, दयोली वार्ड के रामजी ठाकुर, बामटा वार्ड की सुमन गर्ग, रघुनाथपुरा वार्ड की सपना ठाकुर सहित अन्य बीडीसी सदस्यों ने कहा कि बैठक में करीब 30 विभागीय अधिकारी आने चाहिए थे, लेकिन मात्र पांच अधिकारी ही उपस्थित हुए। इससे बैठक का औचित्य ही नहीं रह गया। बीडीसी सदस्यों की ओर से सुझाए गए विकास कार्य ठप पड़े हैं। दो साल पहले आए बजट का 70 प्रतिशत हिस्सा खर्च ही नहीं हो पाया है। जनता में जवाबदेही तो बीडीसी सदस्यों की है। अधिकारियों का यह लापरवाही पूर्ण रवैया लोकतंत्र विरोधी है।
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