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Bilaspur News: देलग स्कूल में बच्चों को दी मानसिक स्वास्थ्य पर जानकारी
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- भाषण प्रतियोगिता में सुप्रिया रहीं प्रथम
संवाद न्यूज एजेंसी
जुखाला (बिलासपुर)। राजकीय उच्च पाठशाला देलग में खंड स्तरीय विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस मनाया गया। इसकी अध्यक्षता मुख्याध्यापक सुरेंद्र कुमार और एम्स बिलासपुर के डॉक्टर नवप्रीत ने की।
एम्स के कम्युनिटी मेडिसिन के विभाग से डॉ. नवप्रीत और उनके साथ आए ट्रेनी चिकित्सकों ने विद्यार्थियों को मानसिक स्वास्थ्य पर विस्तार से बताया। उन्होंने मानसिक स्वास्थ्य, मानसिक रोगों को जन्म देने वाली अवस्थाओं, उनके लक्षण और पीपीटी के माध्यम से विस्तार से मानसिक समस्याओं और उनका समाधान और प्रबंधन के बारे में बताया। स्वास्थ्य शिक्षक विजय कुमारी ने बताया दुनिया भर में मानसिक स्वास्थ्य के मुद्दों पर जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से हर साल 10 अक्तूबर को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस मनाया जाता है। विश्व स्तर पर हर आठ व्यक्तियों में एक आदमी मनोरोग से ग्रस्त है। चिंता, अशांति, मनोवस्था संबंधी विकार, मानसिक विकार, भोजन विकार, आवेग नियंत्रण विकार, अनियंत्रित जुनूनी विकार, अभिघातज के बाद का तनाव विकार और असंबद्धता विकार, तथ्यात्मक विकार से पीड़ित लोग कुछ स्थितियों या वस्तुओं पर डर के साथ प्रतिक्रिया करते हैं और चिंता के शारीरिक लक्षण प्रदर्शित करते हैं। चिंता के इन लक्षणों में दिल की धड़कन की बढ़ी हुई दर और अत्यधिक पसीना आना शामिल है। बताया कि वक्त मिलने पर कुछ नया सीखें, डाइट में बदलाव करें, दूसरों से मदद लेने में संकोच न करें। इस मौके पर जागरूकता रैली भी निकाली गई। बच्चों को मानसिक स्वास्थ्य पर भाषण प्रतियोगिता भी कराई गई। भाषण प्रतियोगिता में प्रथम स्थान पर सुप्रिया, द्वितीय स्थान पर शानवी और तृतीय स्थान पर अंबिका रहीं।
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संवाद न्यूज एजेंसी
जुखाला (बिलासपुर)। राजकीय उच्च पाठशाला देलग में खंड स्तरीय विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस मनाया गया। इसकी अध्यक्षता मुख्याध्यापक सुरेंद्र कुमार और एम्स बिलासपुर के डॉक्टर नवप्रीत ने की।
एम्स के कम्युनिटी मेडिसिन के विभाग से डॉ. नवप्रीत और उनके साथ आए ट्रेनी चिकित्सकों ने विद्यार्थियों को मानसिक स्वास्थ्य पर विस्तार से बताया। उन्होंने मानसिक स्वास्थ्य, मानसिक रोगों को जन्म देने वाली अवस्थाओं, उनके लक्षण और पीपीटी के माध्यम से विस्तार से मानसिक समस्याओं और उनका समाधान और प्रबंधन के बारे में बताया। स्वास्थ्य शिक्षक विजय कुमारी ने बताया दुनिया भर में मानसिक स्वास्थ्य के मुद्दों पर जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से हर साल 10 अक्तूबर को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस मनाया जाता है। विश्व स्तर पर हर आठ व्यक्तियों में एक आदमी मनोरोग से ग्रस्त है। चिंता, अशांति, मनोवस्था संबंधी विकार, मानसिक विकार, भोजन विकार, आवेग नियंत्रण विकार, अनियंत्रित जुनूनी विकार, अभिघातज के बाद का तनाव विकार और असंबद्धता विकार, तथ्यात्मक विकार से पीड़ित लोग कुछ स्थितियों या वस्तुओं पर डर के साथ प्रतिक्रिया करते हैं और चिंता के शारीरिक लक्षण प्रदर्शित करते हैं। चिंता के इन लक्षणों में दिल की धड़कन की बढ़ी हुई दर और अत्यधिक पसीना आना शामिल है। बताया कि वक्त मिलने पर कुछ नया सीखें, डाइट में बदलाव करें, दूसरों से मदद लेने में संकोच न करें। इस मौके पर जागरूकता रैली भी निकाली गई। बच्चों को मानसिक स्वास्थ्य पर भाषण प्रतियोगिता भी कराई गई। भाषण प्रतियोगिता में प्रथम स्थान पर सुप्रिया, द्वितीय स्थान पर शानवी और तृतीय स्थान पर अंबिका रहीं।
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