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Bilaspur News: 441 किशोरियों का किया एचपीवी टीकाकरण
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टीकाकरण का दूसरा चरण 12 अप्रैल से होगा शुरू
स्वास्थ्य विभाग ने 30 स्वास्थ्य संस्थान किए चिह्नित
टीकाकरण को लेकर कम दिख रहा रूझान
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। स्वास्थ्य विभाग की ओर से ह्यूमन पैपिलोमा वायरस टीकाकरण (एचपीवी) अभियान के तहत जिले में अब तक पहले चरण में 441 किशोरियों का सफलतापूर्वक टीकाकरण किया जा चुका है। अभियान के दूसरे चरण की शुरुआत 12 अप्रैल से होगी। पूरे जिले में 2735 किशोरियों का तीन चरणों में टीकाकरण करने का लक्ष्य है।
जानकारी के अनुसार रविवार को झंडूता में 28, मारकंड में 56, घुमारवीं में 42, और नयना देवी जी में 23 किशोरियों को टीका लगाया गया। रविवार को 149 किशोरियों का टीकाकरण किया गया। स्वास्थ्य विभाग की अनुसार चारों चिकित्सा खंडों के अंतर्गत कुल 30 स्वास्थ्य संस्थानों को इस अभियान के लिए चिह्नित किया गया है, जहां 14 से 15 वर्ष आयु वर्ग की किशोरियों को टीकाकरण की सुविधा दी जा रही है।
जिले में टीकाकरण की सुविधा घुमारवीं चिकित्सा खंड के तहत सीएचसी भराड़ी, सीएच घुमारवीं, सीएचसी हरलोग और सीएचसी कुठेड़ा में उपलब्ध है। वहीं झंडूता खंड में सीएच बरठीं, सीएचसी तलाई पीएचसी भेहड़ी, गेहड़वीं, कलोल, मरोतन, पनौल और ऋषिकेश शामिल हैं। चिकित्सा खंड मारकंड के अंतर्गत क्षेत्रीय अस्पताल बिलासपुर, एमसीएच, सीएचसी पंजगाईं, सीएच मारकंड, पीएचसी बागी सुंगल, भजून, छड़ोल, मलोखर, नम्होल, राजपुरा और मंडी मानवा में सुविधा उपलब्ध करवाई गई है। इसके अलावा श्री नयना देवी जी खंड में सीएच घवांडल, सीएचसी स्वारघाट, पीएचसी स्वाहण, तरसूह, टोबा, भाखड़ा और बैहल को शामिल किया गया है।
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मुख्य चिकित्सा अधिकारी बिलासपुर डाॅ. शशि दत्त शर्मा ने बताया कि एचपीवी टीका पूरी तरह सुरक्षित प्रभावी और वैज्ञानिक रूप से प्रमाणित है, जो भविष्य में सर्वाइकल कैंसर के खतरे को काफी हद तक कम करता है। यह टीका सरकार की ओर से निशुल्क उपलब्ध कराया जा रहा है। उन्होंने अभिभावकों से अपील की है कि वे अपनी 14 से 15 वर्ष आयु वर्ग की बेटियों को नजदीकी स्वास्थ्य संस्थान में ले जाकर अनिवार्य रूप से टीकाकरण करवाएं और अभियान को सफल बनाने में सहयोग दें। विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि जो किशोरियां किसी कारणवश छूट जाएंगी, उनके लिए 12 व 19 अप्रैल, 10 व 24 मई और 21 जून को विशेष टीकाकरण सत्र आयोजित किए जाएंगे।
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स्वास्थ्य विभाग ने 30 स्वास्थ्य संस्थान किए चिह्नित
टीकाकरण को लेकर कम दिख रहा रूझान
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। स्वास्थ्य विभाग की ओर से ह्यूमन पैपिलोमा वायरस टीकाकरण (एचपीवी) अभियान के तहत जिले में अब तक पहले चरण में 441 किशोरियों का सफलतापूर्वक टीकाकरण किया जा चुका है। अभियान के दूसरे चरण की शुरुआत 12 अप्रैल से होगी। पूरे जिले में 2735 किशोरियों का तीन चरणों में टीकाकरण करने का लक्ष्य है।
जानकारी के अनुसार रविवार को झंडूता में 28, मारकंड में 56, घुमारवीं में 42, और नयना देवी जी में 23 किशोरियों को टीका लगाया गया। रविवार को 149 किशोरियों का टीकाकरण किया गया। स्वास्थ्य विभाग की अनुसार चारों चिकित्सा खंडों के अंतर्गत कुल 30 स्वास्थ्य संस्थानों को इस अभियान के लिए चिह्नित किया गया है, जहां 14 से 15 वर्ष आयु वर्ग की किशोरियों को टीकाकरण की सुविधा दी जा रही है।
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जिले में टीकाकरण की सुविधा घुमारवीं चिकित्सा खंड के तहत सीएचसी भराड़ी, सीएच घुमारवीं, सीएचसी हरलोग और सीएचसी कुठेड़ा में उपलब्ध है। वहीं झंडूता खंड में सीएच बरठीं, सीएचसी तलाई पीएचसी भेहड़ी, गेहड़वीं, कलोल, मरोतन, पनौल और ऋषिकेश शामिल हैं। चिकित्सा खंड मारकंड के अंतर्गत क्षेत्रीय अस्पताल बिलासपुर, एमसीएच, सीएचसी पंजगाईं, सीएच मारकंड, पीएचसी बागी सुंगल, भजून, छड़ोल, मलोखर, नम्होल, राजपुरा और मंडी मानवा में सुविधा उपलब्ध करवाई गई है। इसके अलावा श्री नयना देवी जी खंड में सीएच घवांडल, सीएचसी स्वारघाट, पीएचसी स्वाहण, तरसूह, टोबा, भाखड़ा और बैहल को शामिल किया गया है।
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मुख्य चिकित्सा अधिकारी बिलासपुर डाॅ. शशि दत्त शर्मा ने बताया कि एचपीवी टीका पूरी तरह सुरक्षित प्रभावी और वैज्ञानिक रूप से प्रमाणित है, जो भविष्य में सर्वाइकल कैंसर के खतरे को काफी हद तक कम करता है। यह टीका सरकार की ओर से निशुल्क उपलब्ध कराया जा रहा है। उन्होंने अभिभावकों से अपील की है कि वे अपनी 14 से 15 वर्ष आयु वर्ग की बेटियों को नजदीकी स्वास्थ्य संस्थान में ले जाकर अनिवार्य रूप से टीकाकरण करवाएं और अभियान को सफल बनाने में सहयोग दें। विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि जो किशोरियां किसी कारणवश छूट जाएंगी, उनके लिए 12 व 19 अप्रैल, 10 व 24 मई और 21 जून को विशेष टीकाकरण सत्र आयोजित किए जाएंगे।