{"_id":"622cdd60b7b61b22106f8f46","slug":"chetter-navrater-from-monday-bilaspur-news-sml402394217","type":"story","status":"publish","title_hn":"चैत्र मेलों का कल झंडा रस्म से होगा आगाज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
चैत्र मेलों का कल झंडा रस्म से होगा आगाज
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शाहतलाई (बिलासपुर)। बाबा बालक नाथ की तपोस्थली शाहतलाई को मंदिर न्यास की ओर से दुल्हन की तरह सजाया गया है। सोमवार से शुरू होने वाले उत्तरी भारत के सबसे लंबे चलने वाले चैत्र मेलों का आगाज झंडा रस्म के साथ होगा।
चैत्र संक्रांति के अवसर पर बाबा बालक नाथ के अखंड धूणे में पुजारियों की ओर से शंख ध्वनि के बीच पूर्णाहुति डाली जाएगी। इसके बाद प्राचीन परंपरा को निभाते हुए मंत्रोच्चारण के साथ झंडा रस्म निभाई जाएगी। इसी के साथ चैत्र मास के एक माह तक चलने वाले मेलों का शुभारंभ होता है। कन्या पूजन के बाद प्रसाद बांटने के साथ तपोस्थली बाबा के जयकारों के उद्घोष से गूंज उठती है। मंदिर सरकार के अधीन आने पर मेला प्रशासक एवं मंदिर न्यास अधिकारी इस परंपरा को निभाते हैं, जबकि पहले मंदिर के महंत इस परंपरा को निभाते थे।
मेला प्रबंधों को लेकर लोक निर्माण विभाग को छोड़कर हर विभाग ने अपनी तैयारियां पूरी कर ली है। लोक निर्माण विभाग ने शनिवार से सड़कों पर पैचवर्क करने की शुरुआत की है, जबकि बाजार में खस्ताहाल सड़कों पर तारकोल बिछाने का निर्णय लिया गया था। दुकानदार विपिन कुमार, राजकुमार, चमन लाल, जरनैल सिंह, देशराज का कहना है कि लोक निर्माण विभाग की अनदेखी से परेशान हैं, सड़कों पर धूल से बचने के लिए पानी का छिड़काव करना पड़ रहा है। जबकि मंदिर प्रभारी सुखदेव सिंह चंदेल ने कहा कि मंदिर न्यास ने मेलों की सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
चैत्र संक्रांति के अवसर पर बाबा बालक नाथ के अखंड धूणे में पुजारियों की ओर से शंख ध्वनि के बीच पूर्णाहुति डाली जाएगी। इसके बाद प्राचीन परंपरा को निभाते हुए मंत्रोच्चारण के साथ झंडा रस्म निभाई जाएगी। इसी के साथ चैत्र मास के एक माह तक चलने वाले मेलों का शुभारंभ होता है। कन्या पूजन के बाद प्रसाद बांटने के साथ तपोस्थली बाबा के जयकारों के उद्घोष से गूंज उठती है। मंदिर सरकार के अधीन आने पर मेला प्रशासक एवं मंदिर न्यास अधिकारी इस परंपरा को निभाते हैं, जबकि पहले मंदिर के महंत इस परंपरा को निभाते थे।
विज्ञापन
मेला प्रबंधों को लेकर लोक निर्माण विभाग को छोड़कर हर विभाग ने अपनी तैयारियां पूरी कर ली है। लोक निर्माण विभाग ने शनिवार से सड़कों पर पैचवर्क करने की शुरुआत की है, जबकि बाजार में खस्ताहाल सड़कों पर तारकोल बिछाने का निर्णय लिया गया था। दुकानदार विपिन कुमार, राजकुमार, चमन लाल, जरनैल सिंह, देशराज का कहना है कि लोक निर्माण विभाग की अनदेखी से परेशान हैं, सड़कों पर धूल से बचने के लिए पानी का छिड़काव करना पड़ रहा है। जबकि मंदिर प्रभारी सुखदेव सिंह चंदेल ने कहा कि मंदिर न्यास ने मेलों की सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं।
विज्ञापन