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स्टेशन अलॉमेंट के लिए दिनभर खाए धक्के, शाम तक लेटर न मिलने पर किया हंगामा
अमर उजाला ब्यूरो, पानीपत।
Updated Sat, 29 Apr 2017 01:21 AM IST
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यमुनानगर
- फोटो : यमुनानगर
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अमर उजाला ब्यूरो।
यमुनानगर/जगाधरी। हाईकोर्ट के आदेशों के बाद शुक्रवार को जगाधरी हुडा सेक्टर 18 स्थित जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय पर नवचयनित जेबीटी टीचर को स्टेशन अलाटमेंट किए जाने थे। दिल्ली सहित हरियाणा के विभिन्न जिलों से आए हजारों जेबीटी ज्वाइनिंग लेटर लेने के लिए पहुंचे। लेकिन विभाग अधिकारियों के पास लिस्ट पूरी न होने से अधिकतर टीचरों को लेटर नहीं मिला। दिनभर सैकड़ों टीचर्स कार्यालय में भटकते रहे। देर शाम तक लेटर न मिलने पर जेबीटी टीचरों ने हंगामा कर दिया। डीईईओ ने टीचरों को समझाकर शांत किया और शनिवार शाम तक सभी टीचरों को स्टेशन अलॉट करने का आश्वासन दिया।
हुडा सेक्टर 18 स्थित जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय पर शुक्रवार को नवचयनित जेबीटी टीचरों को स्टेशन अलॉट किए जाने थे। सुबह से दिल्ली सहित प्रदेश के विभिन्न जिलों के हजारों जेबीटी टीचर कार्यालय के बाहर अपने अभिभावकों और परिजनों के साथ जमा होना शुरू हो गए। टीचर अपने स्टेशन के साथ साथ अपना ज्वाइनिंग लेटर लेने यहां पहुंचे थे। लेकिन विभाग के पास देर शाम तक जेबीटी टीचर्स की पूरी लिस्ट नहीं पहुंची। दिनभर टीचर्स भूखे प्यासे कार्यालय में इधर-उधर भटकते रहे। लेकिन किसी भी टीचर्स को देर शाम तक लेटर नहीं मिल पाया। जबकि अधिकारी पूरी लिस्ट न आने के कारण लेटर न देने की बात कहते नजर आए। लेटर न मिलने पर देर शाम कार्यालय में परेशान खड़े जेबीटी टीचर्स का सब्र का बांध टूट गया। टीचर्स ने यहां सरकार के खिलाफ नारेबाजी करना शुरू कर दिया और हंगामा शुरू कर दिया। जिसके बाद डीईईओ सुरेश कुमार मौके पर पहुंचे और टीचर्स को समझाकर शांत किया। डीईईओ सुरेश ने टीचर्स को बताया कि चंडीगढ़ से पूरी लिस्ट नहीं आई है। जिसके चलते उन्हें स्टेशन अलॉट नहीं हो पाए। कुछ देर पहले ही उनके पास पूरी लिस्ट पहुंची है। जल्द ही स्टेशन अलॉटमेंट का कार्य शुरू कर दिया जाएगा। इसके बाद नवचयनित जेबीटी टीचर्स के दस्तावेजों की जांच का कार्य शुरू किया गया। देर शाम तक चंद टीचर्स को ही स्टेशन अलॉट किए गए।
बॉक्स
भटकते हुए पहुंचे कार्यालय
हरियाणा के विभिन्न जिलों से पहुंचे जेबीटी टीचर्स श्वेता, माया, सुभाष, महावीर, मनीषा, सुमन, और रामफल ने बताया की विभाग की ओर से उन्हें अपनी ड्यूटी के लिए स्टेशन अलाट होने के लेटर विभाग की ओर से दिए जाने थे। जिसके लिए वो अलसुबह सेे ही अपने घरों से निकल गए। किसी तरह यमुनानगर पहुंचे। लेकिन यहां उन्हें कार्यालय के बारे में कोई बोर्ड या सूचना पट्ट नहीं मिला। कई लोगों से पूछ-पूछकर भटकते हुए वे कार्यालय पहुंचे। लेकिन यहां पहुंचने पर भी उनके हाथ निराशा ही लगी है।
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नहीं भी विभाग की कोई तैयारी
परेशान जेबीटी टीचर्स ने बताया कि जब वे यहां पहुंचे तो विभाग की तरफ से यहां कोई भी तैयारी नहीं थी। विभाग की तरफ से ना तो लिस्ट लगाई गई और नहीं यहां स्टेशन अलॉट करने के लिए कर्मचारियों की ड्यूटियां लगाई गई। इसके अलावा न तो यहां पीने का पानी मिल रहा है न ही कही बैठने के लिए कोई जगह है। गर्मी के कारण यह खड़ा होना भी मुश्किल हो रहा है।
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बच्चों के साथ पहुंची टीचर्स को हुई अधिक परेशानी
टीचर्स ने बताया कि स्टेशन अलाटमेंट के लिए कई महिलाए ऐसी है। जिनके पास छोटे बच्चे है उन्हें उनके साथ ज्यादा परेशानी हो रही है। और कोई अभी बड़ा अधिकारी इनकी सुध लेने नहीं आया है। जो अधिकारी है वो सही जानकारी नहीं दे रहे है। अब ऐसे में वो किससे बात करे कुछ समझ नहीं आ रहा। सुबह से खड़े हुए उन्हें शाम हो गई। ऐसे में जो लोग दूर से आए है। वो रात में कहां रहेंगे। उन्हें ठहरने के लिए भी कोई इंतजाम नहीं है। इसके लिए भी अधिकारी कुछ जवाब नहीं दे रहे है।
...तो रात को कहां जाएंगे :
भिवानी से अपनी बेटी के साथ आए बाबू लाल ने बताया की वह सुबह से अपने घर से चले है। पहले तो दस बजे लेटर देने की बात कही थी पर अभी शाम हो गई है। पर कोई भी प्रक्रिया विभाग की ओर से शुरू नहीं की गई है। अब अगर ऐसे में आज भी लेटर नहीं मिलता तो वो रात में कहां जाएंगे क्योंकि इतनी दूर जाकर सुबह फिर आना मुश्किल हो जाएगा।
नहीं है खाने-पीने की सुविधा
दिल्ली से अपनी पुत्रवधू श्वेता के साथ आए उमेश शर्मा ने बताया की एक सात महीने का बच्चा भी उनके साथ है। सुबह घर से चार बजे चले थे पर यहां आने के बाद अभी तक कोई भी प्रकिया विभाग की और से नहीं की गई है। जिससे उनको परेशानी हो रही है जिस जगह ऑफिस है। उसके पास खाने की भी कोई सुविधा नहीं है। कई महिलाएं ऐसी आई हुई है। जिनके पास छोटे छोटे बच्चे है जिन्हें काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
वर्जन
उच्च अधिकारियों से पूरी लिस्ट न आने के चलते जेबीटी टीचर्स को स्टेशन अलॉट करने में परेशानी आई है। देर शाम उनके पास लिस्ट आ गई है। जिसके बाद प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। टीचर्स के दस्तावेजों का मिलान किया जा रहा है। जैसे ही यह प्रक्रिया पूरी होती है। उसके बाद इन्हें स्टेशन अलॉट कर लेटर देने शुरू कर दिए गए है। इसके लिए छह ब्लॉक अधिकारी के साथ स्कूल के प्रिंसिपल की ड्यूटी भी लगाईं गई है। शनिवार शाम तक सभी की जांच पूरी कर लेटर दे दिए जाएंगे।
- सुरेश कुमार, जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी, यमुनानगर।
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यमुनानगर/जगाधरी। हाईकोर्ट के आदेशों के बाद शुक्रवार को जगाधरी हुडा सेक्टर 18 स्थित जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय पर नवचयनित जेबीटी टीचर को स्टेशन अलाटमेंट किए जाने थे। दिल्ली सहित हरियाणा के विभिन्न जिलों से आए हजारों जेबीटी ज्वाइनिंग लेटर लेने के लिए पहुंचे। लेकिन विभाग अधिकारियों के पास लिस्ट पूरी न होने से अधिकतर टीचरों को लेटर नहीं मिला। दिनभर सैकड़ों टीचर्स कार्यालय में भटकते रहे। देर शाम तक लेटर न मिलने पर जेबीटी टीचरों ने हंगामा कर दिया। डीईईओ ने टीचरों को समझाकर शांत किया और शनिवार शाम तक सभी टीचरों को स्टेशन अलॉट करने का आश्वासन दिया।
हुडा सेक्टर 18 स्थित जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय पर शुक्रवार को नवचयनित जेबीटी टीचरों को स्टेशन अलॉट किए जाने थे। सुबह से दिल्ली सहित प्रदेश के विभिन्न जिलों के हजारों जेबीटी टीचर कार्यालय के बाहर अपने अभिभावकों और परिजनों के साथ जमा होना शुरू हो गए। टीचर अपने स्टेशन के साथ साथ अपना ज्वाइनिंग लेटर लेने यहां पहुंचे थे। लेकिन विभाग के पास देर शाम तक जेबीटी टीचर्स की पूरी लिस्ट नहीं पहुंची। दिनभर टीचर्स भूखे प्यासे कार्यालय में इधर-उधर भटकते रहे। लेकिन किसी भी टीचर्स को देर शाम तक लेटर नहीं मिल पाया। जबकि अधिकारी पूरी लिस्ट न आने के कारण लेटर न देने की बात कहते नजर आए। लेटर न मिलने पर देर शाम कार्यालय में परेशान खड़े जेबीटी टीचर्स का सब्र का बांध टूट गया। टीचर्स ने यहां सरकार के खिलाफ नारेबाजी करना शुरू कर दिया और हंगामा शुरू कर दिया। जिसके बाद डीईईओ सुरेश कुमार मौके पर पहुंचे और टीचर्स को समझाकर शांत किया। डीईईओ सुरेश ने टीचर्स को बताया कि चंडीगढ़ से पूरी लिस्ट नहीं आई है। जिसके चलते उन्हें स्टेशन अलॉट नहीं हो पाए। कुछ देर पहले ही उनके पास पूरी लिस्ट पहुंची है। जल्द ही स्टेशन अलॉटमेंट का कार्य शुरू कर दिया जाएगा। इसके बाद नवचयनित जेबीटी टीचर्स के दस्तावेजों की जांच का कार्य शुरू किया गया। देर शाम तक चंद टीचर्स को ही स्टेशन अलॉट किए गए।
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भटकते हुए पहुंचे कार्यालय
हरियाणा के विभिन्न जिलों से पहुंचे जेबीटी टीचर्स श्वेता, माया, सुभाष, महावीर, मनीषा, सुमन, और रामफल ने बताया की विभाग की ओर से उन्हें अपनी ड्यूटी के लिए स्टेशन अलाट होने के लेटर विभाग की ओर से दिए जाने थे। जिसके लिए वो अलसुबह सेे ही अपने घरों से निकल गए। किसी तरह यमुनानगर पहुंचे। लेकिन यहां उन्हें कार्यालय के बारे में कोई बोर्ड या सूचना पट्ट नहीं मिला। कई लोगों से पूछ-पूछकर भटकते हुए वे कार्यालय पहुंचे। लेकिन यहां पहुंचने पर भी उनके हाथ निराशा ही लगी है।
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नहीं भी विभाग की कोई तैयारी
परेशान जेबीटी टीचर्स ने बताया कि जब वे यहां पहुंचे तो विभाग की तरफ से यहां कोई भी तैयारी नहीं थी। विभाग की तरफ से ना तो लिस्ट लगाई गई और नहीं यहां स्टेशन अलॉट करने के लिए कर्मचारियों की ड्यूटियां लगाई गई। इसके अलावा न तो यहां पीने का पानी मिल रहा है न ही कही बैठने के लिए कोई जगह है। गर्मी के कारण यह खड़ा होना भी मुश्किल हो रहा है।
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बच्चों के साथ पहुंची टीचर्स को हुई अधिक परेशानी
टीचर्स ने बताया कि स्टेशन अलाटमेंट के लिए कई महिलाए ऐसी है। जिनके पास छोटे बच्चे है उन्हें उनके साथ ज्यादा परेशानी हो रही है। और कोई अभी बड़ा अधिकारी इनकी सुध लेने नहीं आया है। जो अधिकारी है वो सही जानकारी नहीं दे रहे है। अब ऐसे में वो किससे बात करे कुछ समझ नहीं आ रहा। सुबह से खड़े हुए उन्हें शाम हो गई। ऐसे में जो लोग दूर से आए है। वो रात में कहां रहेंगे। उन्हें ठहरने के लिए भी कोई इंतजाम नहीं है। इसके लिए भी अधिकारी कुछ जवाब नहीं दे रहे है।
...तो रात को कहां जाएंगे :
भिवानी से अपनी बेटी के साथ आए बाबू लाल ने बताया की वह सुबह से अपने घर से चले है। पहले तो दस बजे लेटर देने की बात कही थी पर अभी शाम हो गई है। पर कोई भी प्रक्रिया विभाग की ओर से शुरू नहीं की गई है। अब अगर ऐसे में आज भी लेटर नहीं मिलता तो वो रात में कहां जाएंगे क्योंकि इतनी दूर जाकर सुबह फिर आना मुश्किल हो जाएगा।
नहीं है खाने-पीने की सुविधा
दिल्ली से अपनी पुत्रवधू श्वेता के साथ आए उमेश शर्मा ने बताया की एक सात महीने का बच्चा भी उनके साथ है। सुबह घर से चार बजे चले थे पर यहां आने के बाद अभी तक कोई भी प्रकिया विभाग की और से नहीं की गई है। जिससे उनको परेशानी हो रही है जिस जगह ऑफिस है। उसके पास खाने की भी कोई सुविधा नहीं है। कई महिलाएं ऐसी आई हुई है। जिनके पास छोटे छोटे बच्चे है जिन्हें काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
वर्जन
उच्च अधिकारियों से पूरी लिस्ट न आने के चलते जेबीटी टीचर्स को स्टेशन अलॉट करने में परेशानी आई है। देर शाम उनके पास लिस्ट आ गई है। जिसके बाद प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। टीचर्स के दस्तावेजों का मिलान किया जा रहा है। जैसे ही यह प्रक्रिया पूरी होती है। उसके बाद इन्हें स्टेशन अलॉट कर लेटर देने शुरू कर दिए गए है। इसके लिए छह ब्लॉक अधिकारी के साथ स्कूल के प्रिंसिपल की ड्यूटी भी लगाईं गई है। शनिवार शाम तक सभी की जांच पूरी कर लेटर दे दिए जाएंगे।
- सुरेश कुमार, जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी, यमुनानगर।