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ताजेवाला हथिनीकुंड बैराज मार्ग पर दिशा सूचक न होने से राहगीर परेशान
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ताजेवाला हथिनीकुंड बैराज मार्ग सड़क पर किसी भी प्रकार का कोई दिशा सूचक या सांकेतिक बोर्ड नहीं लग
- फोटो : YAMUNA NAGAR
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ताजेवाला हथिनीकुंड बैराज मार्ग का निर्माण होने के बाद सड़क पर किसी भी प्रकार का कोई दिशा सूचक या सांकेतिक बोर्ड नहीं लगाया गया है। जिस कारण कोई बड़ा हादसा हो सकता है। राहगीरों में प्रवीन गोयल, संदीप चौधरी, नरेंद्र शर्मा, अजय, अमित, रामबिलास, सतपाल, जगदीश कुमार, शीतल सहित अन्य का कहना है कि दो राज्यों को आपस में जोड़ने वाले इस मार्ग पर हर समय वाहनों का आवागमन रहता है। रात के समय मार्ग पर चलने वाले राहगीरों को किसी भी प्रकार का कोई सांकेतिक बोर्ड, दिशा सूचक, लाल झंडी व किसी भी प्रकार का कोई निर्देश बोर्ड नहीं लगा है। जिस कारण आए दिन हादसे होने का खतरा बना रहता है। सड़क के किनारों पर मिट्टी के ढेर लगे हुए हैं। जिस कारण दिनभर सड़क पर धूल उड़ती रहती है। यह आने-जाने वालों के लिए परेशानी का सबब बना हुआ है।
रोड पर दिनभर उड़ती रहती धूल : गौरव राणा का कहना है कि सड़क पर दोपहिया वाहन चालकों को बड़ी मुश्किल से चलना पड़ता है। दिनभर धूल उड़ने के कारण सामने से कुछ भी नहीं दिखाई देता। इस मार्ग पर किसी भी प्रकार का कोई दिशा सूचक नहीं लगा है।
कृष्ण का कहना है कि रात ही नहीं दिन में भी वाहन चालकों को यहां से निकलने में परेशानी होती है। ऐसे में हादसे की आशंका बनी रहती है। पहले भी कई बार हादसे हो चुके हैं और विभाग का इस ओर कोई ध्यान नहीं है कुलदीप का कहना है कि सड़क पर चलते समय भारी वाहन रास्ता नहीं देते हैं। जिस कारण काफी समय लग जाता है। लोगों ने इस मार्ग पर सांकेतिक बोर्ड लगवाने की मांग की है।
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रोड पर दिनभर उड़ती रहती धूल : गौरव राणा का कहना है कि सड़क पर दोपहिया वाहन चालकों को बड़ी मुश्किल से चलना पड़ता है। दिनभर धूल उड़ने के कारण सामने से कुछ भी नहीं दिखाई देता। इस मार्ग पर किसी भी प्रकार का कोई दिशा सूचक नहीं लगा है।
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कृष्ण का कहना है कि रात ही नहीं दिन में भी वाहन चालकों को यहां से निकलने में परेशानी होती है। ऐसे में हादसे की आशंका बनी रहती है। पहले भी कई बार हादसे हो चुके हैं और विभाग का इस ओर कोई ध्यान नहीं है कुलदीप का कहना है कि सड़क पर चलते समय भारी वाहन रास्ता नहीं देते हैं। जिस कारण काफी समय लग जाता है। लोगों ने इस मार्ग पर सांकेतिक बोर्ड लगवाने की मांग की है।
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