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झंडा गांव में राष्ट्रीय पक्षी मोर को निगल गया अजगर
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Hunting the picoack By Azgar Snack
- फोटो : Yamuna Nagar
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झंडा गांव में अजगर निगल गया राष्ट्रीय पक्ष मोर को
यमुनानगर। (साढौरा )। गांव झंडा में जंगल के पास वाले खेत मे विशालकाय अजगर ने मोर को अपना शिकार बना लिया। इससे ग्रामीणों में हड़कंप मच गया। ग्रामीण डंडा लेकर अजगर को घेरने के लिए निकले तो अजगर को देख ग्रामीणों में दहशत फैल गई। शनिवार को गांव के ही लोग खेतों में जा रहे थे। तभी उन्होंने देखा कि सिंह राम के जंगल के पास वाले खेतों एक मोर को अजगर ने पकड़ लिया और अपने बिल की ओर ले जाने लगा। यह देख ग्रामीण घबरा गये और उसने आसपास लोगों को बुलाया। जब तक गांव वाले एकत्र होकर खेत मे पहुंचे तब तक अजगर ने मोर को निगल लिया था जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई और अजगर फिर से जंगल की तरफ भाग गया। ग्रामीणों इसके सूचना तुरंत पुलिस और वन विभाग को दी। वन विभाग के अधिकारियों ने मौके पर पहुंच कर अपनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
शिवालिक की पहाड़ियों में हुई बारिश से नेशनल पार्क के जानवरों को मिली राहत
प्रतापनगर। शिवालिक की पहाड़ियों पर हुई बारिश से मौसम सुहावना हो गया है। बारिश से कलेसर नेशनल पार्क के जानवरों को भारी राहत मिली है। क्षेत्र में हुई बारिश से कई दिनों से पड़ रही भीषण गर्मी व लू से राहत मिली है। यमुना नदी का जलस्तर 6 हजार 603 क्यूसिक हो गया है। कलेसर नेशनल पार्क में जानवरों के लिए बनाए वाटर गजलर भी पानी से भर गए हैं। शिवालिक की पहाड़ियों व कलेसर के आस-पास दिनभर चली बूंदाबांदी से हथनीकुंड, ताजेवाला, कलेसर का मौसम में ठंडक महसूस की जा सकती है। कई दिनों से पड़ रही भीषण गर्मी से राहत मिली है। हथनी कुंड बैराज कंट्रोल रूम से मिली जानकारी के मुताबिक यमुना नदी का जल स्तर 6603 क्यूसेक हो गया है। सिंचाई विभाग के मुताबिक पश्चिमी यमुना नहर में 4748 क्यूसेक पानी की सप्लाई दी जा रही है। हथनीकुंड से निकलने वाली यूपी की पूर्वी नहर में 1503 क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है। यमुना नदी का जल बहाव बनाए रखने के लिए 352 क्यूसिक पानी हथनी कुंड बैराज से यमुना नदी में छोड़ा जा रहा है। दिल्ली को मांग के अनुसार 761 क्यूसेक पानी सप्लाई किया जा रहा है। घाड क्षेत्र में हुई बूंदाबांदी से राहत मिली है।
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यमुनानगर। (साढौरा )। गांव झंडा में जंगल के पास वाले खेत मे विशालकाय अजगर ने मोर को अपना शिकार बना लिया। इससे ग्रामीणों में हड़कंप मच गया। ग्रामीण डंडा लेकर अजगर को घेरने के लिए निकले तो अजगर को देख ग्रामीणों में दहशत फैल गई। शनिवार को गांव के ही लोग खेतों में जा रहे थे। तभी उन्होंने देखा कि सिंह राम के जंगल के पास वाले खेतों एक मोर को अजगर ने पकड़ लिया और अपने बिल की ओर ले जाने लगा। यह देख ग्रामीण घबरा गये और उसने आसपास लोगों को बुलाया। जब तक गांव वाले एकत्र होकर खेत मे पहुंचे तब तक अजगर ने मोर को निगल लिया था जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई और अजगर फिर से जंगल की तरफ भाग गया। ग्रामीणों इसके सूचना तुरंत पुलिस और वन विभाग को दी। वन विभाग के अधिकारियों ने मौके पर पहुंच कर अपनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
शिवालिक की पहाड़ियों में हुई बारिश से नेशनल पार्क के जानवरों को मिली राहत
प्रतापनगर। शिवालिक की पहाड़ियों पर हुई बारिश से मौसम सुहावना हो गया है। बारिश से कलेसर नेशनल पार्क के जानवरों को भारी राहत मिली है। क्षेत्र में हुई बारिश से कई दिनों से पड़ रही भीषण गर्मी व लू से राहत मिली है। यमुना नदी का जलस्तर 6 हजार 603 क्यूसिक हो गया है। कलेसर नेशनल पार्क में जानवरों के लिए बनाए वाटर गजलर भी पानी से भर गए हैं। शिवालिक की पहाड़ियों व कलेसर के आस-पास दिनभर चली बूंदाबांदी से हथनीकुंड, ताजेवाला, कलेसर का मौसम में ठंडक महसूस की जा सकती है। कई दिनों से पड़ रही भीषण गर्मी से राहत मिली है। हथनी कुंड बैराज कंट्रोल रूम से मिली जानकारी के मुताबिक यमुना नदी का जल स्तर 6603 क्यूसेक हो गया है। सिंचाई विभाग के मुताबिक पश्चिमी यमुना नहर में 4748 क्यूसेक पानी की सप्लाई दी जा रही है। हथनीकुंड से निकलने वाली यूपी की पूर्वी नहर में 1503 क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है। यमुना नदी का जल बहाव बनाए रखने के लिए 352 क्यूसिक पानी हथनी कुंड बैराज से यमुना नदी में छोड़ा जा रहा है। दिल्ली को मांग के अनुसार 761 क्यूसेक पानी सप्लाई किया जा रहा है। घाड क्षेत्र में हुई बूंदाबांदी से राहत मिली है।
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