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Yamuna Nagar News: डेंगू,मलेरिया से बचाव को हाई रिस्क एरिया चिह्नित
Fri, 14 Feb 2025 02:04 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
Updated Fri, 14 Feb 2025 02:04 AM IST
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यमुनानगर। स्वास्थ्य विभाग की टीमें डेंगू और मलेरिया से बचाव के लिए फील्ड में उतरकर हाई रिस्क एरिया को चिह्नित कर वहां की मैपिंग कर रही हैं। सबसे अधिक जोर मलेरिया से बचाव पर दिया जा रहा है। इसके तहत लगभग एक लाख स्लाइड बनाने का लक्ष्य रखा गया है।
वहीं, सरकार की ओर से वर्ष 2027 तक मलेरिया मुक्ति का लक्ष्य रखा गया है। जानकारी के अनुसार पिछले साल डेंगू के 190 और मलेरिया के दो केस सामने आए थे। इन केसों से सबक लेते हुए जिले का स्वास्थ्य विभाग अभी से सतर्क हो गया है। ऐसे में मलेरिया विभाग ने अभी से गंबूजिया मछली को छोड़ने की तैयारी कर ली है। मलेरिया विभाग ने डेंगू के लारवा की जांच के लिए कर्मचारियों की टीम बनाई है जोकि घर-घर जाकर बर्तनों, वस्तुओं में लारवा की जांच कर रही है।
इसके अलावा कर्मचारी लारवा जांच के दौरान ही लोगों को पंफलेट बांट कर उन्हें डेंगू व मलेरिया से बचाव के बारे में भी जागरूककर रहे हैं। इसके अलावा ग्रामीण क्षेत्र में पंचायतों के माध्यम से ग्रामीणों को डेंगू व मलेरिया के बचाव व लक्षणों के बारे में जानकारी दी जा रही है।
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ग्रामीण क्षेत्र हाई रिस्क एरिया : गंदापुरा, ऊंचा चंदना, कान्हड़ी कलां, अहलुवाला, ज्ञानेवाला, फतेहपुर, जमनावाला, रायपुर, शादीपुर, कामी माजरा, तेजली, रापौली शामिल है। जहां पिछले साल 104 डेंगू के केस आए थे।
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वहीं, सरकार की ओर से वर्ष 2027 तक मलेरिया मुक्ति का लक्ष्य रखा गया है। जानकारी के अनुसार पिछले साल डेंगू के 190 और मलेरिया के दो केस सामने आए थे। इन केसों से सबक लेते हुए जिले का स्वास्थ्य विभाग अभी से सतर्क हो गया है। ऐसे में मलेरिया विभाग ने अभी से गंबूजिया मछली को छोड़ने की तैयारी कर ली है। मलेरिया विभाग ने डेंगू के लारवा की जांच के लिए कर्मचारियों की टीम बनाई है जोकि घर-घर जाकर बर्तनों, वस्तुओं में लारवा की जांच कर रही है।
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इसके अलावा कर्मचारी लारवा जांच के दौरान ही लोगों को पंफलेट बांट कर उन्हें डेंगू व मलेरिया से बचाव के बारे में भी जागरूककर रहे हैं। इसके अलावा ग्रामीण क्षेत्र में पंचायतों के माध्यम से ग्रामीणों को डेंगू व मलेरिया के बचाव व लक्षणों के बारे में जानकारी दी जा रही है।
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ग्रामीण क्षेत्र हाई रिस्क एरिया : गंदापुरा, ऊंचा चंदना, कान्हड़ी कलां, अहलुवाला, ज्ञानेवाला, फतेहपुर, जमनावाला, रायपुर, शादीपुर, कामी माजरा, तेजली, रापौली शामिल है। जहां पिछले साल 104 डेंगू के केस आए थे।