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ट्रैफिक नियम पालन से हादसों में कमी आई
अमर उजाला ब्यूरो/यमुनानगर
Updated Sat, 11 Jan 2014 08:06 PM IST
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सड़क हादसों से बचने के लिए ट्रैफिक नियम का पालन करना चाहिए। प्रशासन के प्रयास से इस साल सड़क हादसों में काफी कमी आई है। अगर लोग ट्रैफिक नियम के प्रति पूरी तरह से जागरूक हो जाएं तो सड़क हादसों को काफी हद तक रोका जा सकता है।
ये शब्द डीसी मंदीप सिंह बराड़ ने कहे। वे शनिवार को जगाधरी के महाराजा अग्रसेन कॉलेज में रोड सेफ्टी सप्ताह के शुभारंभ के मौके पर बतौर मुख्यातिथि पहुंचे थे। उन्होंने कहा कि रोड सेफ्टी सप्ताह का उद्देश्य लोगों को ट्रैफिक नियमों के प्रति जागरूक कर सड़क हादसों को रोकना है।
उन्होंने कहा कि लोग ट्रैफिक नियमों के प्रति जागरूक हो रहे हैं। साल 2012 में जहां 4429 सड़क हादसों में 9446 लोग घायल हुए, वहीं साल 2013 में कुल 4383 सड़क हादसों में 9182 लोग घायल हुए।
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आंकड़े बताते हैं कि प्रशासन और विभिन्न संगठनों की ओर से चलाए गए जागरूकता कार्यक्रमों का रंग दिखने लगा है। ट्र्रैफिक पुलिस और ओम सेवा संस्थान की ओर से तैयार सड़क सुरक्षा जागृति ज्योति वाहन को डीसी ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
डीएसपी ट्रैफिक अशोक सभ्रवाल ने कहा कि पुलिस का प्रयास रहता है कि वाहन चालकों को दुर्घनाओं से बचाने के प्रयास किए जाएं और लोगों को ट्रैफिक नियमों के प्रति जागरूक किया जा सके।
रोड सेफ्टी सप्ताह 11 से 17 जनवरी तक मनाया जा रहा है। इसमें अलग-अलग जगहों और स्थानों में जाकर समाज के हर वर्ग को जागरूक किया जाएगा। रोड सेफ्टी सप्ताह के तहत स्कूलों में भी कार्यक्रम कराए जाएंगे।
ओम सेवा संस्थान के संयोजक सुशील आर्य ने कार्यक्रम में मंच संचालन किया। उन्होंने कहा कि सड़क सुरक्षा जागृति ज्योति वाहन हर थाना क्षेत्र में जाकर लोगों को ट्रैफिक नियमों के प्रति जागरूकता पंफलेट बांटेगा।
यह वाहन प्रतिदिन तीन थाना क्षेत्रों को कवर करेगा। इसके साथ इस वाहन के माध्यम से जानकारी दी जाएगी कि दुर्घटना होने पर अगर कोई व्यक्ति घायल की सहायता करता हुआ है और उसे अस्पताल पहुंचाता है तो उसे सम्मानित किया जाता है।
अस्पताल में स्थित इमरजेंसी सेवा में घायलों के लिए क्या-क्या सुविधाएं उपलब्ध हैं। उन्होंने बताया कि रविवार को शहर में ऑटो रैली निकाली जाएगी। प्रिंसिपल डॉ. पीके वाजपेयी ने कहा कि इस तरह के जागरूक कार्यक्रम युवाओं में जागृति के लिए जरूरी है।
क्योंकि सड़क हादसों के शिकार युवा भी होते हैं। अगर हादसों को पूरी तरह से रोकना है तो युवाओं को सबसे पहले जागरूक करना जरूरी है। इस मौके पर आरटीओ सचिव शक्ति सिंह, एसएचओ ट्रैफिक नवीन कुमार, अवतार सिंह चुघ अउपस्थित रहे।
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ये शब्द डीसी मंदीप सिंह बराड़ ने कहे। वे शनिवार को जगाधरी के महाराजा अग्रसेन कॉलेज में रोड सेफ्टी सप्ताह के शुभारंभ के मौके पर बतौर मुख्यातिथि पहुंचे थे। उन्होंने कहा कि रोड सेफ्टी सप्ताह का उद्देश्य लोगों को ट्रैफिक नियमों के प्रति जागरूक कर सड़क हादसों को रोकना है।
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उन्होंने कहा कि लोग ट्रैफिक नियमों के प्रति जागरूक हो रहे हैं। साल 2012 में जहां 4429 सड़क हादसों में 9446 लोग घायल हुए, वहीं साल 2013 में कुल 4383 सड़क हादसों में 9182 लोग घायल हुए।
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आंकड़े बताते हैं कि प्रशासन और विभिन्न संगठनों की ओर से चलाए गए जागरूकता कार्यक्रमों का रंग दिखने लगा है। ट्र्रैफिक पुलिस और ओम सेवा संस्थान की ओर से तैयार सड़क सुरक्षा जागृति ज्योति वाहन को डीसी ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
डीएसपी ट्रैफिक अशोक सभ्रवाल ने कहा कि पुलिस का प्रयास रहता है कि वाहन चालकों को दुर्घनाओं से बचाने के प्रयास किए जाएं और लोगों को ट्रैफिक नियमों के प्रति जागरूक किया जा सके।
रोड सेफ्टी सप्ताह 11 से 17 जनवरी तक मनाया जा रहा है। इसमें अलग-अलग जगहों और स्थानों में जाकर समाज के हर वर्ग को जागरूक किया जाएगा। रोड सेफ्टी सप्ताह के तहत स्कूलों में भी कार्यक्रम कराए जाएंगे।
ओम सेवा संस्थान के संयोजक सुशील आर्य ने कार्यक्रम में मंच संचालन किया। उन्होंने कहा कि सड़क सुरक्षा जागृति ज्योति वाहन हर थाना क्षेत्र में जाकर लोगों को ट्रैफिक नियमों के प्रति जागरूकता पंफलेट बांटेगा।
यह वाहन प्रतिदिन तीन थाना क्षेत्रों को कवर करेगा। इसके साथ इस वाहन के माध्यम से जानकारी दी जाएगी कि दुर्घटना होने पर अगर कोई व्यक्ति घायल की सहायता करता हुआ है और उसे अस्पताल पहुंचाता है तो उसे सम्मानित किया जाता है।
अस्पताल में स्थित इमरजेंसी सेवा में घायलों के लिए क्या-क्या सुविधाएं उपलब्ध हैं। उन्होंने बताया कि रविवार को शहर में ऑटो रैली निकाली जाएगी। प्रिंसिपल डॉ. पीके वाजपेयी ने कहा कि इस तरह के जागरूक कार्यक्रम युवाओं में जागृति के लिए जरूरी है।
क्योंकि सड़क हादसों के शिकार युवा भी होते हैं। अगर हादसों को पूरी तरह से रोकना है तो युवाओं को सबसे पहले जागरूक करना जरूरी है। इस मौके पर आरटीओ सचिव शक्ति सिंह, एसएचओ ट्रैफिक नवीन कुमार, अवतार सिंह चुघ अउपस्थित रहे।