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प्रदर्शन कर रहे पूर्व मंत्री को एडीसी बोले, डीसी मीटिंग में, कुछ देर बाद डीसी आए तो निर्मल एडीसी पर भड़के

Wed, 30 May 2018 01:00 AM IST
Updated Wed, 30 May 2018 01:00 AM IST
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प्रदर्शन कर रहे पूर्व मंत्री को एडीसी बोले, डीसी मीटिंग में, कुछ देर बाद डीसी आए तो निर्मल एडीसी पर भड़के
प्रदर्शन कर रहे पूर्व मंत्री को एडीसी बोले, डीसी मीटिंग में, कुछ देर बाद डीसी आए तो निर्मल एडीसी पर भड़के
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- पूर्व मंत्री ने बहस कर एडीसी को ज्ञापन देने से इंकार किया, डीसी को बोले करोड़ों का चूना लगा सत्तापक्ष के संरक्षण में फल-फूल रहा खनन माफिया
- दर्ज हुए केस को रद्द करवाने व बेलगढ़ में बनाए रास्तों को बंद करने की मांग को लेकर लघु सचिवालय के बाहर धरने पर बैठे पूर्व मंत्री निर्मल सिंह व अन्य कांग्रेसी
अमर उजाला ब्यूरो
यमुनानगर। बेलगढ़ में खनन माफिया द्वारा जमीनों में रास्ते बनाने व खुद पर दर्ज हत्या के प्रयास के केस को रद्द करवाने को लेकर कांग्रेसी नेता निर्मल सिंह व अन्य नेता सचिवालय के सामने धरने पर बैठ गए। धरने के बाद प्रदर्शन करते हुए जिला सचिवालय पहुंचे और भाजपा सरकार व खनन माफिया के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। काफी देर प्रदर्शन करने के बाद पहले एडीसी केके भादू उनका ज्ञापन लेने पहुंचे। लेकिन पूर्व मंत्री निर्मल सिंह ने एडीसी को ज्ञापन सौंपने से मना कर दिया। जिसके बाद कांग्रेसियों का गुस्सा उबाल मार गया और उन्होंने यमुनानगर प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी कर दी।
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एडीसी ने पूर्व मंत्री को कहा कि डीसी मीटिंग में व्यस्त है। फिर भी वे नहीं माने। अभी एडीसी मौके से गए भी नहीं थे कि डीसी गिरीश अरोड़ा मौके पर आ गए। पूर्व मंत्री ने डीसी के सामने एडीसी को बोला कि आप झूठ बोल रहे थे। आप यहां से चले जाएं। इसके बाद एडीसी वापस लौट गए। डीसी गिरीश अरोड़ा ने उन्हें बताया कि वे मीटिंग में ही व्यस्त थे। इसके बाद पूर्व मंत्री ने उन्हें ज्ञापन दिया। पूर्व मंत्री ने डीसी को कहा कि कुछ सत्ताधारी पक्ष के लोगों को खनन माफिया का संरक्षण प्राप्त है। जब तक सरकारी संरक्षण में पल रहे अवैध खनन करने वाले लोगों का इलाके से सफाया नहीं हो जाएगा तब तक वह इनके खिलाफ अपनी लड़ाई जारी रखेंगे। इन्हें रोकने के लिए चाहे उन्हें खनन सामग्री से भरे वाहनों के आगे क्यों न बैठना पड़े।
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धरने के दौरान कांग्रेसी नेताओं ने सरकार के खिलाफ जमकर हमला किया। इसमें मुख्य रूप से पूर्व मंत्री सुभाष चौधरी, पूर्व रादौर विधायक बीएल सैनी, पूर्व विधायक अर्जुन सिंह, अशोक मेहता नारायणगढ़, बृजपाल छप्पर, राजकुमार त्यागी पूर्व अध्यक्ष, वरुण मुलाना, गुरदयाल पूरी, ब्रह्मपाल राणा, रविंद्र, प्रदीप बिंद्रा, कुलदीप राणा अधिवक्ता, जगबीर सिंह, छोटे लाल, गुरदेव सिंह दादूपुर, रविंद्र सिंह, शकील अहमद, राजविंदर सिंह, नरेश कुमार, कालू पूर्व पार्षद, राजन शर्मा आदि ने संबेधित किया।
सरकार को लगाया जा रहा अरबों करोड़ों का चुना : निर्मल सिंह ने कहा कि बेलगढ़ के अलावा यमुना के साथ लगते इलाकों में बेतहाशा खनन हो रहा है जो सीधे सीधे प्रकृति से खिलवाड़ है। जिसके खतरनाक अंजाम जनता को भुगतने पड़ेंगे। निर्मल सिंह ने कहा कि अवैध तरीके से खनन होने की वजह से सरकार को अरबों-करोड़ों रुपयों का चूना लगाया जा रहा है। खनन माफिया की कमर तोड़ने के लिए खनन की सरकारी रायल्टी में पारदर्शिता लायी जानी चाहिए। ताजेवाला बांध समेत पूरे यमुनानगर जिले में हो रहा अवैध खनन गहन चिंता का विषय है।
लोगों के लिए खतरा खनन ढोने वाले ओवरलोड वाहन : निर्मल सिंह ने कहा कि अवैध खनन ढोने वाले ओवरलोड डंपर और ट्रक तेजरफ्तार से दौड़ते हुए सड़क दुर्घटनाओं को अंजाम देते हैं जो लोगों के लिए बड़ा खतरा है। खनन माफिया के गुंडे गाव बेलगढ़ में यमुना नदी के साथ बने सरकारी बांध के ऊपर से अवैध खनन की गाड़ियाें को अपने संरक्षण में पास करवाते हैं। खनन माफिया लोगों की जमीनों में घुसकर अवैध तरीके से खनन करता है और यदि कोई विरोध करता है तो उससे या तो मारपीट की जाती है या फिर उस पर झूठे मुकदमे दर्ज करवाकर उसे जेल में डलवा दिया जाता है। यहां खुलेआम जंगलराज है।

यमुना का सीना छलनी कर रहा है खनन माफिया : निर्मल सिंह ने कहा कि सरकार के नुमाइंदों के इशारों पर यमुना में जबरदस्त खनन हो रहा है। मुनाफाखोर खनन माफिया प्रकृति का सीना चीरकर चांदी कूट रहे है। इनके रास्ते मे जो भी आता है उस पर या तो ये लोग झूठे केस बनवाकर उन्हें जेल में डलवा देते हैं या फिर उन्हें डरा धमकाकर उन्हें साइड में कर दिया जाता है। निर्मल सिंह ने कहा कि उन्होंने जब अपनी जमीन पर हो रहे अवैध खनन को रोकना चाहा तो उनपर भी फायरिंग करने के झूठे आरोप लगाकर जेल में डाल दिया गया। गांव साबापुर में ग्रामीणों को खनन माफिया ने पहले पीटा और फिर भाजपा के लोगों के हाथों में कठपुतली की तरह खेलने वाले सरकारी तंत्र ने उल्टे उन पर ही एफआईआर दर्ज करवा दी।

फोटो : 21 से 23
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