फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Yamuna Nagar News ›   आदिबद्री से आज होगा अंतर्राष्ट्रीय सरस्वती महोत्सव का आगाज

आदिबद्री से आज होगा अंतर्राष्ट्रीय सरस्वती महोत्सव का आगाज

Thu, 18 Jan 2018 01:10 AM IST
Updated Thu, 18 Jan 2018 01:10 AM IST
विज्ञापन
आदिबद्री से आज होगा अंतर्राष्ट्रीय सरस्वती महोत्सव का आगाज
आदिबद्री से आज होगा अंतर्राष्ट्रीय सरस्वती महोत्सव का आगाज
विज्ञापन

केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी होंगे मुख्यातिथि, सीएम करेंगे की अध्यक्षता
अमर उजाला ब्यूरो
यमुनानगर।
प्रदेश सरकार की ओर से वीरवार को आदिबद्री में अंतर्राष्ट्रीय सरस्वती महोत्सव-2018 का आगाज किया जा रहा है। इसमें केंद्रीय जन संसाधन, गंगा जीर्णोद्धार, सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी मुख्यातिथि होंगे। कार्यक्रम की अध्यक्षता सीएम मनोहर लाल खट्टर करेंगे। हरियाणा विधान सभा स्पीकर कंवर पाल, हिमाचल प्रदेश विधान सभा के स्पीकर राजीव बिंदल, हरियाणा के स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज, लोक निर्माण एवं वन मंत्री राव नरबीर सिंह, स्थानीय निकाय मंत्री कविता जैन, खाद्य एवं आपूर्ति मंत्री कर्णदेव कांबोज, श्रम एवं रोजगार मंत्री नायब सिंह सैनी और राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ की अखिल भारतीय कार्यकारिणी के सदस्य इंद्रेश कुमार विशिष्ट अतिथि होंगे।
इनके अलावा अंबाला के सांसद रतन लाल कटारिया, सढौरा के विधायक बलवंत सिंह, यमुनानगर के विधायक घनश्याम दास अरोड़ा, रादौर के विधायक श्याम सिंह राणा, पंचकूला के विधायक ज्ञानचंद गुप्ता, कालका की विधायक लतिका शर्मा, हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग के अध्यक्ष भारत भूषण भारती, हरियाणा सरस्वती धरोहर विकास बोर्ड के उप प्रधान प्रशांत भारद्वाज व सदस्य दर्शनलाल जैन भी महोत्सव में पहुंच रहे हैं।
विज्ञापन


इनसर्ट
ढाई सालों में कागजों से बाहर नहीं निकली सरस्वती प्रोजेक्ट की घोषणाएं
-नहीं बन पाया सोम नदी पर पुल व डैम, 400 एकड़ की झील व अंतराष्ट्रीय स्तर का पर्यटक स्थल

यमुनानगर। आदिबद्री में अंतराष्ट्रीय सरस्वती महोत्सव के आगाज से एक बार फिर इलाके के लोगों को यहां सरस्वती नदी के साथ-साथ विकास की गंगा बहने की उम्मीद जगी है। केंद्र और प्रदेश में भाजपा सरकार बनने के बाद सरस्वती नदी को लेकर दोनों सरकारों की ओर से दिखाई गई गहरी दिलचस्पी के बाद से घाड़ क्षेत्र के लोग यहां विकास का पहिया तेजी से घूमने का इंतजार कर रहे हैं। हालांकि अभी तक सरस्वती प्रोजेक्ट के तहत हुई अधिकतर घोेषणाएं कागजों से बाहर नहीं निकल पाई हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

हरियाणा विधानसभा के अध्यक्ष चौधरी कंवरपाल ने 21 अप्रैल 2015 को बिलासपुर के गांव रोलाहेड़ी में विधिवत भूमि पूजन एवं हवन कर 50 करोड़ रुपये की लागत वाली सरस्वती नदी पुनरुत्थान परियोजना का उद्घाटन और खुदाई कार्य की शुरुआत कराई थी। परियोजना के तहत छलौर और मुगलवाली गांव के बीच चार सौ एकड़ भूमि में झील का निर्माण किया जाना था। इसके बाद 28 जून 2015 को मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने गांव मुगलवाली में सरस्वती नदी पुनरुत्थान परियोजना के अवलोकन के दौरान सोम नदी पर पुल एवं डैम बनाने और बिलासपुर-आदिबद्री मार्ग को 21 फीट चौड़ा करने की घोषणा की थी। उस समय मुख्यमंत्री ने आदिबद्री क्षेत्र को अंतराष्ट्रीय स्तर के पर्यटक स्थल के रूप में विकसित करने की बात कही थी। कार्यक्रम में आए पर्यटन, सांस्कृतिक एवं नागरिक विमानन केंद्रीय राज्य मंत्री डॉ. महेश शर्मा ने इस क्षेत्र में हवाई अड्डे के निर्माण की बात कही थी। फिलहाल बिलासपुर-आदिबद्री मार्ग को 21 फीट चौड़ा करने का कार्य चल रहा है। छलौर व मुगलवाली के बीच झील तथा सोम नदी पर पुल एवं डैम बनाने की दिशा में अब तक कोई काम नहीं हुआ है। वहीं हवाई अड्डे के निर्माण को लेकर भी अब तक कोई प्रगति नहीं हुई है।
इनसर्ट-
सरस्वती महोत्सव में सीएम सहित केंद्रीय मंत्री के आने से फिर जगी घाड़ क्षेत्र के लोगों की उम्मीदें
-अस्पताल, बस स्टैंड, लड़कियों के कॉलेज सहित कई मांगे सालों से नहीं हो रही पूरी
बिलासपुर। घाड़ क्षेत्र के लोग पिछले कई सालों से यहां सामुदायिक अस्पताल, सरकारी गर्ल्स कॉलेज और स्थायी बस स्टैंड बनवाने की मांग कर रहे हैं। मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री के आने से उनकी आस एक बार फिर जगी है। ग्रामीणों का कहना है लगभग डेढ़ दशक पूर्व केंद्र सरकार ने चंडीगढ़, काला आंब, आदिबद्री, लोहगढ़, पौंटा साहिब होते हुए देहरादून तक रेल लाइन बिछाने का सर्वे कराया था लेकिन आज तक वह योजना सिरे नहीं चढ़ सकी है। केंद्रीय मंत्री के आगमन व इस क्षेत्र के को लेकर केंद्र व प्रदेश सरकार की गहरी दिलचस्पी से लोगों को इस रेल लाइन के कागजों से बाहर आने की भी उम्मीद जगी है। कार्यक्रम में हिमाचल प्रदेश के विधानसभा अध्यक्ष के आने से घाड़ क्षेत्र के लोग इस क्षेत्र के लोग हिमाचल प्रदेश तक सड़क निर्माण की भी उम्मीद कर रहे हैं। लोगों की मांग है कि कि आदिब्रदी से नाहन तक सड़क निर्माण व केदारनाथ मंदिर से आदिबद्री मंदिर तक रोप वे बनाया जाए। केंद्र व प्रदेश सरकार द्वारा इस क्षेत्र को पयर्टक स्थल के रूप में विकसित करने की घोषणा से स्थानीय लोगों को इलाके के विकास की उम्मीद कर रहे हैं। लोगाें का कहना है कि घाड़ क्षेत्र में बिजली की भारी किल्लत है। पर्यटक स्थल बनने से यहां बिजली सप्लाई में सुधार होगा। साथ ही सड़कों की हालत भी सुधरेगी।

बाक्स-
पर्यटन की दृष्टि से नहीं, धार्मिक स्थल के रूप में हो विकसित : घाड़ संघर्ष समिति
घाड़ विकास संघर्ष समिति के चेयरमैन सुल्तान सिंह का कहना है कि आदिबद्री हजारों वर्ष प्राचीन पौराणिक धार्मिक स्थल है। प्रदेश सरकार इसके विकास के लिए तो प्रयास करें, लेकिन इसको पर्यटन की दृष्टि से न विकसित किया जाए। ऐसा करने से इस क्षेत्र की धार्मिक महत्ता पर विपरीत प्रभाव पड़ेगा। समिति की ओर से मुख्यमंत्री से मांग की जाएगी कि इस क्षेत्र में बस सेवा को सुचारू किया जाए।
फोटो-24 से 27
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed