फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Yamuna Nagar News ›   तेजी से बढ़ रहे हैं मलेरिया रोगी, अब तक 177 बीमार

तेजी से बढ़ रहे हैं मलेरिया रोगी, अब तक 177 बीमार

Sat, 19 Aug 2017 01:52 AM IST
Updated Sat, 19 Aug 2017 01:52 AM IST
विज्ञापन
तेजी से बढ़ रहे हैं मलेरिया रोगी, अब तक 177 बीमार
मलेरिया का कहर, अब तक 177 बीमार
विज्ञापन

अमर उजाला ब्यूरो
यमुनानगर। जिले में मलेरिया तेजी से पांव पसार रहा है। अब तक मलेरिया के 177 केस सामने आ चुके हैं, जिनमें 26 अगस्त माह के है। मलेरिया का सबसे अधिक प्रकोप खिजराबाद क्षेत्र के यमुना नदी से नजदीक गांवों में है। अगले दो महीनों में मलेरिया रोगियों की संख्या बढ़ने की पूरी उम्मीद है। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग पूरी सतर्कता बरत रहा है। स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक इन दिनों मलेरिया रोगियों की संख्या में इजाफा हो रहा है। अब तक सामने आए 177 मलेरिया पीड़ितों में 100 खिजराबाद सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में मिले हैं। मलेरिया के लारवा ठहरे हुए पानी मेें पनपते हैं। इन दिनों यमुना नदी में पानी आया हुआ है। यमुना नदी के किनारों पर गड्ढों में जमा पानी में मलेरिया के लारवा पनप रहे हैं। इन लारवा से तैयार हुए मच्छरों के काटने से लोग मलेरियाग्रस्त हो रहे हैं।
इन गावों में मिले मलेरिया रोगी
खिजराबाद कस्बे में 10, फैजुपर में आठ, ताजेवाला में सात बांबेपुर में पांच, टिब्बड़िया, बाकरवाला व अराइयांवाला में चार-चार, कलेसर, नागल पट्टी, चांदपुर, देवधर में तीन-तीन, कांसली, चूहड़पुर, बल्लेवाला, खारवन व चूहड़पुर कलां में दो-दो तथा भगवानपुर, जाटावाला सहित अन्य गांवों में एक-एक मलेरिया पीड़ित सामने आ चुके हैं।
विज्ञापन

खाली प्लाटों में जमा पानी में पल रहे लारवा
यमुनानगर व जगाधरी शहर में भी खाली प्लाटों व लोगाें के घरों के भीतर कही न कही पानी जमा रहता है। इस पानी में मलेरिया के साथ डेंगू के लारवा भी पनप रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग की ओर से फोगिंग करवाई जा रही है ताकि मलेरिया व डेंगू के लारवा खत्म हो सके। स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक हर साल जुलाई से अक्टूबर माह तक मलेरिया के केस बड़ी संख्या में सामने आते हैं। स्वास्थ्य विभाग का मानना है कि बिना लोगों के सहयोग से वह मलेरिया व डेंगू से नहीं निपट सकता। जब तक घरों में पनप रहे लारवा को खत्म नहीं किया जाता, तब तक मलेरिया व डेंगू का खतरा बना रहेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

वर्जन-
मानसून सीजन के बाद हर साल मलेरिया केस बढते हैं। इस साल भी अब तक 177 मलेरिया रोगी सामने आ चुके हैं। जहां-जहां मलेरिया केस मिल रहे हैं, उन इलाकों में फोगिंग करवाई जा रही है। यदि लोग जागरूक हो और अपने घरों मेें जमा पानी में मच्छरों के लारवा न पनपनें दो तो मलेरिया से निपटा जा सकता है।
-डॉ. वीके जैन, जिला मलेरिया अधिकारी



इस तरह बचें मच्छर जनित रोगों से
प्रत्येक रविवार को अपने घर में ड्राई डे मनाएं। इस दिन सभी पानी के बर्तनों, कूलर, टंकी, फ्रिज ट्रे व गमले आदि को खाली करके सुखाएं।
- घरों के आसपास पानी एकत्रित ना होने दें।
- सोते समय मच्छर दानी का प्रयोग करें।
- घरों में रखे कूलर टंकी का पानी कम से कम 7 दिन में बदले तथा कपड़े से साफ करें या सुखाकर रखें ।
- पानी की टंकी को ढक कर रखें।
- यदि घरों के आसपास पानी इकट्ठा है और निकलना संभव ना हो तो मिटी का तेल या ट्रैक्टर का जला हुआ काला तेल डालें।
- छतों और कबाड़ में रखे टायर, डब्बे, टूटे गिलास, टूटे मटकों को हटाए या उल्टा कर रखें।
- पूरी बाजू की शर्ट पहनें।
- चाय वाले प्लास्टिक के कप या गिलास का प्रयोग बंद करें या उसे तोड़ कर फेंकें।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed