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Sonipat News: चिकित्सकों की कमी से लड़खड़ाईं स्वास्थ्य सेवाएं
Wed, 20 Aug 2025 02:04 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
Updated Wed, 20 Aug 2025 02:04 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
सोनीपत। सरकार की ओर से सरकारी अस्पतालों में मरीजों को बेहतर सुविधा देने के दावे किए जा रहे हैं लेकिन हकीकत यह है कि सरकारी अस्पतालों में चिकित्सकों की कमी है स्वास्थ्य सेवाएं लड़खड़ा गईं हैं। जिले के चार पीएचसी तो ऐसे हैं जहां दो-दो चिकित्सकों के पद स्वीकृत हैं लेकिन वहां कोई डॉक्टर नहीं है।
ग्रामीण क्षेत्र के पीएचसी व सीएचसी में चिकित्सकों के पद लंबे समय से खाली हैं। हालांकि सरकार की ओर से जिला अस्पताल में चिकित्सकों के रिक्त पद भरे जा रहे हैं लेकिन सीएचसी व पीएचसी में लंबे समय से चल रही चिकित्सकों की कमी को दूर नहीं किया जा रहा है।
जिला अस्पताल में दो दिन पहले ही दो चिकित्सकों की नियुक्ति के आदेश जारी हुए हैं। इनमें डॉ. सुमन्यु चौहान व डॉ. जतिन दुआ हैं, लेकिन अभी तक किसी ने ज्वाइन नहीं किया है। जिले में चिकित्सकों के 207 पद स्वीकृत हैं जिनमें 57 पद खाली होने से मरीजों को इलाज कराने में परेशानी हो रही है।
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वर्तमान में 150 चिकित्सकों के भरोसे अस्पतालों की स्वास्थ्य सेवाएं चलाई जा रही हैं। जिला अस्पताल से उपमंडल नागरिक अस्पताल, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र व पीएचसी में गंभीर अवस्था में पहुंचने वाले मरीजों को विशेषज्ञ चिकित्सकों के अभाव में रेफर कर दिया जाता है। चिकित्सकों की कमी के कारण मरीज निजी अस्पतालों में इलाज कराने को विवश हैं।
चार पीएचसी में चिकित्सक नहीं
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) मोहाना, भटगांव, दुभेटा और बेगा में वर्तमान में कोई डॉक्टर नहीं है। इसके कारण यहां पर इलाज की दरकार है। सरकार ने पीएचसी में दो-दो पद स्वीकृत कर रखे हैं लेकिन चार पीएचसी पर एक भी चिकित्सक न होने के कारण मरीजों को दूसरे अस्पतालों में जाना पड़ रहा है।
अस्पताल डॉक्टरों के स्वीकृत पद रिक्त पद
जिला अस्पताल 55 3
उपमंडल अस्पताल गोहाना 11 3
उपमंडल अस्पताल खरखौदा 11 7
उपमंडल अस्पताल गन्नाैर 11 1
सीएचसी पुरखास 7 3
सीएचसी हलालपुर 7 3
सीएचसी मुंडलाना 7 3
सीएचसी भैंसवाल कलां 7 3
सीएचसी फिरोजपुर बांगर 7 3
सीएचसी बढ़खालसा 7 1
अर्बन हेल्थ सेंटर कालूपुर 2 1
अर्बन हेल्थ सेंटर जाट धर्मशाला 2 1
पीएचसी मदीना 2 1
पीएचसी खेवड़ा 2 1
पीएचसी नाहरी 2 1
पीएचसी जाखौली 2 1
पीएचसी शामड़ी 2 1
पीएचसी जागसी 2 1
पीएचसी माहरा 2 1
पीएचसी रूखी 2 1
पीएचसी लाठ 2 1
पीएचसी दातौली 2 1
पीएचसी भटाना जाफराबाद 2 1
पीएचसी मुरथल 2 1
पीएचसी राजलूगढ़ी 2 1
पीएचसी फरमाणा 2 1
पीएचसी सिसाना 2 1
पीएचसी बिधलान 2 1
पीएचसी खांडा 2 1
इन पीएचसी में कोई चिकित्सक नहीं
अस्पताल स्वीकृत पद रिक्त पद
पीएचसी मोहाना 2 2
पीएचसी भटगांव 2 2
पीएचसी दुभेटा 2 2
पीएचसी बेगा 2 2
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चिकित्सकों की कमी को लेकर सरकार को डिमांड भेजी गई है। सरकार लगातार चिकित्सकों की नियुक्ति कर रही है। जिला अस्पताल में दो नए चिकित्सक मिले हैं। सीएचसी व पीएचसी में भी जल्द खाली पदों पर चिकित्सकों की तैनाती की जाएगी।-डॉ. ज्योत्सना, सिविल सर्जन।
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सोनीपत। सरकार की ओर से सरकारी अस्पतालों में मरीजों को बेहतर सुविधा देने के दावे किए जा रहे हैं लेकिन हकीकत यह है कि सरकारी अस्पतालों में चिकित्सकों की कमी है स्वास्थ्य सेवाएं लड़खड़ा गईं हैं। जिले के चार पीएचसी तो ऐसे हैं जहां दो-दो चिकित्सकों के पद स्वीकृत हैं लेकिन वहां कोई डॉक्टर नहीं है।
ग्रामीण क्षेत्र के पीएचसी व सीएचसी में चिकित्सकों के पद लंबे समय से खाली हैं। हालांकि सरकार की ओर से जिला अस्पताल में चिकित्सकों के रिक्त पद भरे जा रहे हैं लेकिन सीएचसी व पीएचसी में लंबे समय से चल रही चिकित्सकों की कमी को दूर नहीं किया जा रहा है।
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जिला अस्पताल में दो दिन पहले ही दो चिकित्सकों की नियुक्ति के आदेश जारी हुए हैं। इनमें डॉ. सुमन्यु चौहान व डॉ. जतिन दुआ हैं, लेकिन अभी तक किसी ने ज्वाइन नहीं किया है। जिले में चिकित्सकों के 207 पद स्वीकृत हैं जिनमें 57 पद खाली होने से मरीजों को इलाज कराने में परेशानी हो रही है।
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वर्तमान में 150 चिकित्सकों के भरोसे अस्पतालों की स्वास्थ्य सेवाएं चलाई जा रही हैं। जिला अस्पताल से उपमंडल नागरिक अस्पताल, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र व पीएचसी में गंभीर अवस्था में पहुंचने वाले मरीजों को विशेषज्ञ चिकित्सकों के अभाव में रेफर कर दिया जाता है। चिकित्सकों की कमी के कारण मरीज निजी अस्पतालों में इलाज कराने को विवश हैं।
चार पीएचसी में चिकित्सक नहीं
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) मोहाना, भटगांव, दुभेटा और बेगा में वर्तमान में कोई डॉक्टर नहीं है। इसके कारण यहां पर इलाज की दरकार है। सरकार ने पीएचसी में दो-दो पद स्वीकृत कर रखे हैं लेकिन चार पीएचसी पर एक भी चिकित्सक न होने के कारण मरीजों को दूसरे अस्पतालों में जाना पड़ रहा है।
अस्पताल डॉक्टरों के स्वीकृत पद रिक्त पद
जिला अस्पताल 55 3
उपमंडल अस्पताल गोहाना 11 3
उपमंडल अस्पताल खरखौदा 11 7
उपमंडल अस्पताल गन्नाैर 11 1
सीएचसी पुरखास 7 3
सीएचसी हलालपुर 7 3
सीएचसी मुंडलाना 7 3
सीएचसी भैंसवाल कलां 7 3
सीएचसी फिरोजपुर बांगर 7 3
सीएचसी बढ़खालसा 7 1
अर्बन हेल्थ सेंटर कालूपुर 2 1
अर्बन हेल्थ सेंटर जाट धर्मशाला 2 1
पीएचसी मदीना 2 1
पीएचसी खेवड़ा 2 1
पीएचसी नाहरी 2 1
पीएचसी जाखौली 2 1
पीएचसी शामड़ी 2 1
पीएचसी जागसी 2 1
पीएचसी माहरा 2 1
पीएचसी रूखी 2 1
पीएचसी लाठ 2 1
पीएचसी दातौली 2 1
पीएचसी भटाना जाफराबाद 2 1
पीएचसी मुरथल 2 1
पीएचसी राजलूगढ़ी 2 1
पीएचसी फरमाणा 2 1
पीएचसी सिसाना 2 1
पीएचसी बिधलान 2 1
पीएचसी खांडा 2 1
इन पीएचसी में कोई चिकित्सक नहीं
अस्पताल स्वीकृत पद रिक्त पद
पीएचसी मोहाना 2 2
पीएचसी भटगांव 2 2
पीएचसी दुभेटा 2 2
पीएचसी बेगा 2 2
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चिकित्सकों की कमी को लेकर सरकार को डिमांड भेजी गई है। सरकार लगातार चिकित्सकों की नियुक्ति कर रही है। जिला अस्पताल में दो नए चिकित्सक मिले हैं। सीएचसी व पीएचसी में भी जल्द खाली पदों पर चिकित्सकों की तैनाती की जाएगी।-डॉ. ज्योत्सना, सिविल सर्जन।