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Sonipat News: अंतिम प्रयास में डॉ. नीतेश दहिया ने यूपीएससी में पाई सफलता

Wed, 17 Apr 2024 10:21 PM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत Updated Wed, 17 Apr 2024 10:21 PM IST
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In the last attempt, Dr. Nitish Dahiya got success in UPSC.
फोटो 04- डॉ. नीतेश कुमार दहिया।
सोनीपत। लक्ष्य तय कर अथक परिश्रम किया जाए तो सफलता जरूर मिलती है। जरूरत है अपने लक्ष्य पर अडिग रहने की। कुछ ऐसा ही कर दिखाया है खरखौदा के गांव रोहणा फिलहाल सेक्टर-23 निवासी डॉ. नितेश कुमार दहिया ने। इन्होंने छठे व अंतिम प्रयास में यूपीएससी की परीक्षा में सफलता प्राप्त की। उनको 425वीं रैंक मिली है।
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नेवी से सेवानिवृत्त पिता राजवीर सिंह दहिया ने बताया कि उनकी ड्यूटी महाराष्ट्र के मुंबई में थी। परिवार भी साथ ही रहता था। इसलिए नीतेश ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा के साथ ही बीडीएस व एमडीएस मुंबई से ही की। अब वहीं पर सहायक प्रोफेसर के पद पर कार्यरत हैं। उन्होंने बताया कि नीतेश बचपन से ही पढ़ाई में बेहद होनहार रहे है। उसने जो सोचा उसे करके दिखाया है। पढ़ाई के दौरान ही उसने प्रशासनिक सेवा में जाने का लक्ष्य निर्धारित कर लिया था। संघ लोक सेवा आयोग की परीक्षा को उत्तीर्ण करने के लिए शुरुआत में कोचिंग ली, उसके बाद स्वयं पढ़ाई करते रहे। लक्ष्य निर्धारित कर उसे पाने के लिए की गई मेहनत का ही परिणाम है कि आज नीतेश का सपना पूरा हुआ है। यह परिवार के लिए गौरव ककापल है।
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दो बार साक्षात्कार तक पहुंचे
डॉ. नीतेश कुमार दहिया के बड़े भाई नवीन दहिया ने बताया कि नीतेश इससे पहले भी यूपीएससी की परीक्षा उत्तीर्ण कर साक्षात्कार तक पहुंचे थे, लेकिन वह अपनी रैंक में सुधार करना चाहते थे, इसके लिए लगातार प्रयास करते रहे। अपने अंतिम छठे प्रयास में रैंक सुधार कर देश भर में 425वीं रैंक हासिल कर अपना सपना पूरा किया है।
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एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर किया खुशी का इजहार
डॉ. नीतेश कुमार दहिया की मां सुनीता रानी अपने बेटे की सफलता से बेहद उत्साहित हैं। उन्होंने बताया कि नीतेश के पिता के सेवानिवृत्त होने के बाद वह सेक्टर-23 में आकर रहने लगे थे। नीतेश नौकरी के चलते महाराष्ट्र में ही अपनी पत्नी एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. आशिमा जाखड़ के साथ रहते हैं। बेटे ने जो सोचा, उसे पूरा कर दिखाया है। लाडले की सफलता पर परिजनों को बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है। सभी ने एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर अपनी खुशी का इजहार किया।
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