फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Sonipat News ›   Farmers jammed the zero point of KGP-KMP, vehicles stuck in many states

किसानों ने केजीपी-केएमपी के जीरो प्वाइंट पर लगाया जाम, कई राज्यों के फंसे वाहन

Sun, 29 Aug 2021 01:12 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Sun, 29 Aug 2021 01:12 AM IST
विज्ञापन
Farmers jammed the zero point of KGP-KMP, vehicles stuck in many states
जीटी रोड पर जाम लगाकर खड़े किसान। संवाद - फोटो : Sonipat
करनाल के बसताड़ा में किसानों पर किए गए लाठीचार्ज के विरोध में कुंडली बॉर्डर पर धरनारत किसानों के कई जत्थों ने जाम लगा दिया। किसानों ने पहले नेशनल हाईवे-44 और बाद में कुंडली-मानेसर-पलवल (केएमपी) और कुंडली-गाजियाबाद-पलवल (केजीपी) एक्सप्रेस-वे के जीरो प्वाइंट पर यातायात अवरुद्ध कर दिया।
विज्ञापन

इस दौरान किसानों ने एंबुलेंस से लेकर दोपहिया वाहन चालकों तक को नहीं निकलने दिया। किसानों व वाहन चालकों के बीच बहस भी हुई, लेकिन किसान जाम लगाकर अड़े रहे। जाम में फंसीं महिलाओं व बच्चों को भी परेशानी उठानी पड़ी और घंटों गर्मी के बीच सड़क पर खड़े रहकर इंतजार करना पड़ा। केजीपी व केएमपी पर जाम के कारण वाहनों की लंबी कतार लग गई। देर शाम पुलिस द्वारा किसानों को रिहा किए जाने की सूचना मिलने के बाद जाम खोल दिया गया। हालांकि इसके बाद भी यातायात को सुचारु करने में कई घंटे लग गए।
विज्ञापन

किसान नेताओं ने वीडियो जारी कर की जाम लगाने की अपील
बसताड़ा में किसानों पर लाठीचार्ज की जानकारी मिलते ही संयुक्त किसान मोर्चा के वरिष्ठ सदस्य डॉ. दर्शन पाल व गुरनाम सिंह चढूनी ने बयान जारी किया कि किसान जिस किसी भी रोड या टोल के पास है तो वे वहां जाकर जाम लगा दें। रोड जाम शाम 5 बजे तक करना है। आगे के लिए संयुक्त किसान मोर्चा बैठक कर फैसला लेगा। चढूनी ने भी वीडियो जारी कर किसानों से तुरंत अपने नजदीकी हाईवे और टोल पर पहुंचकर जाम लगाने की अपील की। इसके बाद किसान सड़कों पर उतर आए। किसानों ने तीन बजे एनएच-44 पर प्रीतमपुरा गांव के के पास जाम लगा दिया। यहां पर सवा घंट जाम लगाने के बाद काफी संख्या में किसान केजीपी-केएमपी के जीरो प्वाइंट पर आकर बैठ गए। उसके बाद केजीपी-केपीएम पर लंबा जाम लग गया। इतना ही नहीं काफी संख्या में किसान केएमपी के बिंदरौली के पास टोल पर पहुंचे और वहां भी जाम लगा दिया। इससे केएमपी, केजीपी और एनएच-44 पर छह किलोमीटर तक जाम लग गया। शाम होते-होते कई एनएच-44 और केजीपी-केएमपी पर कई राज्यों के वाहन फंस गए।
विज्ञापन
विज्ञापन

पुलिस को करना पड़ा रूट डायवर्ट
वाहनों की लंबी कतार लगने के बाद पुलिस ने रूट डायवर्ट कर दिए। केएमपी के वाहनों को पीपली टोल पर ही रोककर नीचे उतार दिया और उसे खरखौदा होते हुए आगे के लिए रवाना कर दिया। इसी तरह केजीपी पर चढ़ने वालों के लिए भी रास्ता खाली देखकर यातायात को सुचारु कर दिया। जाम बढ़ने पर बहालगढ़ से यातायात को बागपत होते निकाला गया।
किसानों के रिहा किए जाने का पता लगने पर खोला जाम
करीब 7 बजे केजीपी-केएमपी के जीरो प्वाइंट और पहले टोल पर बैठे किसानों के पास करनाल पुलिस द्वारा पकड़े गए किसानों को रिहा करने की सूचना आई। इसके बाद शाम करीब 7:15 बजे किसानों ने जाम खोल दिया। उसके बाद केजीपी-केएमपी और एनएच-44 पर यातायात बहाल हो गया। मगर वाहनों की लंबी कतारों के चलते अगले कई घंटे तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा।

संयुक्त किसान मोर्चा ने कहा, किसानों से क्रूरता अस्वीकार्य
संयुक्त किसान मोर्चा के नेताओं ने कहा कि वह सीएम मनोहर लाल के विधानसभा क्षेत्र करनाल में प्रदर्शन कर रहे किसानों पर पुलिस की बर्बरता की कड़ी निंदा करते हैं। उन्होंने किसानों का सिर फोड़ने का आदेश देने वाले एसडीएम को तत्काल बर्खास्त करने की मांग की। उन्होंने कहा कि एक कार्यक्रम के संदर्भ में स्थानीय किसानों द्वारा काले झंडे से विरोध किया जा रहा था। सरकार की क्रूरता अस्वीकार्य है। पीएम मोदी जब जलियांवाला बाग पर वर्चुअल रैली कर रहे थे, वहीं करनाल में हुआ घटनाक्रम दोगुना शर्मनाक है।

जीटी रोड पर लगाए गए जाम के दौरान किसानों से निकलने की गुहार लगाती महिला। संवाद

जीटी रोड पर लगाए गए जाम के दौरान किसानों से निकलने की गुहार लगाती महिला। संवाद- फोटो : Sonipat

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed