{"_id":"68ffc9c1243310990d0d438d","slug":"chhath-festival-is-a-confluence-of-penance-restraint-and-devotion-sonipat-news-c-197-1-snp1008-144379-2025-10-28","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sonipat News: छठ पर्व तप, संयम, भक्ति का संगम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sonipat News: छठ पर्व तप, संयम, भक्ति का संगम
Tue, 28 Oct 2025 01:06 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत
Updated Tue, 28 Oct 2025 01:06 AM IST
विज्ञापन
फोटो 44- सोनीपत के खरखौदा में छठ पर्व मनाने के लिए घाट पर जाते श्रद्धालु। स्रोत : पाठक
खरखौदा। छठ पर्व पर पूर्वांचल के लोगों के पूजन व सूर्य को अर्घ्य देकर परिवार की सुख-समृद्धि व आरोग्य की कामना की। दिल्ली मार्ग से गुजरने वाली पाई माइनर श्रद्धा का केंद्र बनी रही।
महिलाओं ने पारंपरिक गीत गाए, पुरुषों ने घाट की व्यवस्था में सहयोग किया। पूर्वांचल के लोगों ने बताया कि छठ पर्व पर तप, संयम, भक्ति का संगम देखने के लिए मिलता है।
बिहार निवासी मंगलेश, शिवा, धर्मेंद्र ने बताया कि छठ के प्रसाद में ठेकुआ, चावल के लड्डू (लड़ुआ), सांचा, मौसमी फल प्रमुख रूप से शामिल होते हैं। महिलाएं पारंपरिक वेशभूषा में घाट पर सूप में सजाए अर्घ्य के साथ सूर्यदेव की आराधना करती हैं। संवाद
विज्ञापन
विज्ञापन
महिलाओं ने पारंपरिक गीत गाए, पुरुषों ने घाट की व्यवस्था में सहयोग किया। पूर्वांचल के लोगों ने बताया कि छठ पर्व पर तप, संयम, भक्ति का संगम देखने के लिए मिलता है।
विज्ञापन
बिहार निवासी मंगलेश, शिवा, धर्मेंद्र ने बताया कि छठ के प्रसाद में ठेकुआ, चावल के लड्डू (लड़ुआ), सांचा, मौसमी फल प्रमुख रूप से शामिल होते हैं। महिलाएं पारंपरिक वेशभूषा में घाट पर सूप में सजाए अर्घ्य के साथ सूर्यदेव की आराधना करती हैं। संवाद
विज्ञापन